मंगलवार, 29 सितंबर 2026

जिलाधिकारी की पहल से दिव्यांग मुकेश को तत्काल राहत, पेंशन समस्या का समाधान और व्हीलचेयर प्रदान की गई


मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । जिलाधिकारी गाजियाबाद रविन्द्र कुमार माँदड़ की संवेदनशील एवं जनहितपरक कार्यशैली का एक और उदाहरण जनता दर्शन के दौरान देखने को मिला। ग्राम दोसा बंजारपुर निवासी दिव्यांगजन मुकेश कुमार अपने बड़े भाई के साथ दिव्यांग पेंशन संबंधी समस्या लेकर जनता दर्शन में जिलाधिकारी के समक्ष पहुंचे थे। चलने-फिरने में कठिनाई के कारण उन्हें व्हीलचेयर की भी आवश्यकता थी।

जिलाधिकारी ने मुकेश कुमार की समस्या को गंभीरता से सुनते हुए उनकी दिव्यांग पेंशन संबंधी शिकायत का तत्काल निस्तारण कराया। साथ ही उनकी शारीरिक स्थिति एवं आवश्यकता को देखते हुए मौके पर ही व्हीलचेयर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी के निर्देश पर दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग, गाजियाबाद द्वारा तत्काल व्हीलचेयर की व्यवस्था कराई गई, जिसे जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार माँदड़ द्वारा मुकेश कुमार को मौके पर ही प्रदान किया गया। तत्काल मिली सहायता पर मुकेश कुमार एवं उनके बड़े भाई ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी एवं जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया।

इस अवसर पर जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी, गाजियाबाद अंशुल चौहान भी उपस्थित रहे। उन्होंने मुकेश कुमार को दिव्यांगजनों के कल्याण एवं सशक्तीकरण हेतु संचालित विभिन्न शासकीय योजनाओं एवं उनसे मिलने वाले लाभों के संबंध में जानकारी दी।

जिलाधिकारी द्वारा जनता दर्शन में आने वाले जरूरतमंद एवं आर्थिक रूप से कमजोर व्यक्तियों की समस्याओं को प्राथमिकता से सुनते हुए संबंधित विभागों के माध्यम से उनके त्वरित निस्तारण पर विशेष जोर दिया जा रहा है। विशेष रूप से ऐसे जरूरतमंद दिव्यांगजन, जो आर्थिक अथवा अन्य परिस्थितियों के कारण आवश्यक सहायक उपकरण स्वयं प्राप्त करने में सक्षम नहीं हैं, उन्हें पात्रता एवं आवश्यकता के अनुरूप विभागीय योजनाओं से जोड़कर सहायता उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं।

मुकेश कुमार की पेंशन संबंधी समस्या का तत्काल समाधान तथा मौके पर व्हीलचेयर उपलब्ध कराया जाना जिला प्रशासन की संवेदनशील एवं त्वरित कार्यशैली का एक उदाहरण है।

अनुमान समिति के अध्ययन दौरे के अंतर्गत सांसदों का परमार्थ निकेतन आगमन

 







संवाददाता

विश्व विख्यात परमार्थ गंगा आरती में सांसदों की गरिमामयी उपस्थिति

परमार्थ पीठाधीश्वर, पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी एवं डॉ. साध्वी भगवती सरस्वती जी के सान्निध्य में सनातन संस्कृति, भारतीय संस्कार, विकास और विरासत पर संवाद

पूज्य स्वामी जी ने सांसदों को रूद्राक्ष का पौधा भेंट कर हरित विकास का कराया संकल्प

ऋषिकेश, 29 सितम्बर 2026। भारत की संसद की अनुमान समिति (कमिटी ऑन एस्टिमेट्स) के अध्यक्ष एवं सदस्यगण तथा भारत सरकार के वरिष्ठ अधिकारीगणकृमाननीय सांसद  एम. के. राघवन, श्रीमती प्रतिमा मंडल, चंदन चौहान, जॉइंट सेक्रेटरी जूबी अमर, अंडर सेक्रेटरी, शीतल कपूर, सुमति शर्मा जी, एचआर, बीएचईएल के प्रतिनिधिगण...पांच दिवसीय उत्तराखंड अध्ययन दौरे के अंतर्गत ऋषिकेश स्थित परमार्थ निकेतन पहुँचे। माँ गंगा के पावन तट पर स्थित परमार्थ निकेतन में माननीय सांसदों का अभिनन्दन भारतीय संस्कृति, सनातन परम्परा और आध्यात्मिक चेतना की गरिमामयी भावना के साथ किया।

इस अवसर पर सांसदों ने परमार्थ पीठाधीश्वर, पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी एवं डॉ. साध्वी भगवती सरस्वती जी के पावन सान्निध्य में विश्व विख्यात परमार्थ गंगा आरती एवं यज्ञ में सहभाग किया।

परमार्थ निकेतन की गंगा आरती एक दिव्य धार्मिक अनुष्ठान है, जो प्रकृति,     संस्कृति और मानवता के बीच सामंजस्य का संदेश देने वाली एक जीवंत परम्परा है। आरती के माध्यम से पूज्य स्वामी जी संदेश देते है नदियाँ केवल जल की धाराएँ नहीं, बल्कि भारत की सभ्यता, संस्कृति, आस्था और जीवन की आधारशिला हैं।

 सांसदों ने परमार्थ निकेतन की आध्यात्मिक एवं सामाजिक गतिविधियों, योग, पर्यावरण संरक्षण, गंगा संरक्षण तथा भारतीय संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन से जुड़े विभिन्न प्रयासों की जानकारी भी प्राप्त की।

इस अवसर पर पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि भारत की वास्तविक शक्ति उसकी भौतिक उपलब्धियों के साथ-साथ उसकी संस्कृति, संस्कार, आध्यात्मिक विरासत और प्रकृति के प्रति श्रद्धा में निहित है। हमारी विकास यात्रा तभी सार्थक हो सकती है, जब विकास के साथ हमारी नदियाँ, पर्यावरण, संस्कृति और आने वाली पीढ़ियाँ भी सुरक्षित रहें।

उन्होंने कहा कि मां गंगा भारत की जीवनधारा ही नहीं, बल्कि भारत की        सांस्कृतिक चेतना की धारा भी हैं। हिमालय से सागर तक बहती माँ गंगा भारत की एकता, आस्था और विरासत को जोड़ती हैं। गंगा के प्रति श्रद्धा को स्वच्छता, संरक्षण और संवर्धन के संकल्प में परिवर्तित करना आज समय की आवश्यकता है।

डॉ. साध्वी भगवती सरस्वती जी ने भी माननीय सांसदों के साथ समसामयिक विषयों पर संवाद करते हुए भारतीय ज्ञान परम्परा, योग, पर्यावरण चेतना, नदी संरक्षण तथा वैश्विक स्तर पर भारत की आध्यात्मिक विरासत की भूमिका पर विचार साझा किए। 

आज जब विश्व पर्यावरण, जलवायु परिवर्तन, मानसिक तनाव और सतत विकास जैसी चुनौतियों का सामना कर रहा है, तब भारत की प्राचीन जीवन-दृष्टि और प्रकृति के साथ संतुलित जीवन का संदेश अत्यंत प्रासंगिक है।

 सांसदों और पूज्य स्वामी जी के बीच हुए संवाद में विकास और विरासत, पर्यावरण संरक्षण, नदियों का महत्व, भारतीय संस्कृति एवं संस्कार, आध्यात्मिक पर्यटन, योग तथा प्रकृति के संरक्षण जैसे समसामयिक विषयों पर भी चर्चा हुई।

अनुमान समिति का यह अध्ययन दौरा विभिन्न संस्थानों की कार्यप्रणाली, व्यवस्थाओं, गतिविधियों एवं विकास से जुड़े पहलुओं के प्रत्यक्ष अध्ययन की दृष्टि से महत्वपूर्ण है। उत्तराखंड की यात्रा के दौरान परमार्थ निकेतन का यह प्रवास भारतीय संस्कृति और आधुनिक विकास के बीच संवाद का भी एक सुंदर अवसर है

माँ गंगा की धारा की तरह भारत की संस्कृति भी अनादि काल से निरंतर प्रवाहित है, और यही प्रवाह भारत की पहचान, चेतना और विश्व को देने वाले संदेश का आधार है।

सांसद अतुल गर्ग, शहर विधायक संजीव शर्मा और सीडीओ कुमार सौरव ने महामाया स्टेडियम में 30 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का निरीक्षण किया से किया,खिलाड़ियों से किया सीधा संवाद

 






                             .मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । सांसद अतुल गर्ग, शहर विधायक संजीव शर्मा जी एवं मुख्य विकास अधिकारी कुमार सौरव ने मंगलवार को  महामाया स्टेडियम का निरीक्षण किया। इस दौरान जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने स्टेडियम में चल रहे विकास कार्यों की प्रगति का जायजा लिया तथा खिलाड़ियों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं और आवश्यकताओं को सुना।

महामाया स्टेडियम में लगभग 30 करोड़ रुपये की लागत से विभिन्न विकास कार्य कराए जा रहे हैं। निरीक्षण के दौरान खिलाड़ियों ने खेल सुविधाओं, प्रशिक्षण एवं अन्य आवश्यकताओं से संबंधित अपनी समस्याएं एवं सुझाव जनप्रतिनिधियों के समक्ष रखे। अधिकारियों को खिलाड़ियों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।


सांसद अतुल गर्ग  ने कहा कि गाजियाबाद में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। महामाया स्टेडियम को आधुनिक एवं बेहतर खेल सुविधाओं से सुसज्जित करने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। हमारा प्रयास है कि यहां के खिलाड़ियों को अभ्यास और प्रशिक्षण के लिए बेहतर वातावरण मिले तथा गाजियाबाद के खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर जिले का नाम रोशन करें।

उन्होंने कहा कि भविष्य में होने वाली बड़ी खेल प्रतियोगिताओं में गाजियाबाद का मजबूत प्रतिनिधित्व हो, इस उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए स्टेडियम की सुविधाओं को और बेहतर बनाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है

शहर विधायक संजीव शर्मा ने कहा कि खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना हमारी प्राथमिकता है। महामाया स्टेडियम में हो रहे विकास कार्यों से खिलाड़ियों को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी और उन्हें अपनी प्रतिभा को निखारने का बेहतर अवसर मिलेगा।


शहर विधायक संजीव शर्मा ने कहा कि ओलंपिक में शामिल 31 खेलों में से 24 खेल महामाया स्टेडियम में खेले जाते हैं, जो गाजियाबाद के लिए गौरव की बात है। हमारा प्रयास है कि आने वाले समय में गाजियाबाद के खिलाड़ी बड़े राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी पहचान बनाएं और भविष्य की बड़ी खेल प्रतियोगिताओं में गाजियाबाद का प्रतिनिधित्व मजबूती के साथ हो।

शहर विधायक ने कहा कि खिलाड़ियों की समस्याओं को सुनकर उनके समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। खेल सुविधाओं के विकास के साथ-साथ खिलाड़ियों की आवश्यकताओं का भी विशेष ध्यान रखा जाएगा।

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने स्टेडियम में चल रहे विकास कार्यों की जानकारी जनप्रतिनिधियों को दी तथा कार्यों को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समयसीमा में पूर्ण कराने पर जोर दिया गया।

 इस अवसर पर जिला खेल अधिकारी राममिलन,मधु अवस्थी,ऋचा सूद,अरुण  चौधरी भुल्लन , मुनेंद्र, धर्मेंद्र चौधरी आशुतोष शर्मा अंकित गुप्ता, संदीप शर्मा, मनोज कांगड़ा सहित अनेक कोच,खिलाड़ी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे



दिनेश गोयल को भाजपा ने पुनःविधान परिषद प्रत्याशीघोषणा किया,जन्म दिन पर दिया टिकट का उपहार

मुकेश गुप्ता

दिनेश गोयल को दोहरी बधाई देने वालों का लगा तांता

गौतमबुद्ध नगर से सहारनपुर तक के कार्यकर्ताओं में खुशी की लहर

गाजियाबाद। विधान परिषद सदस्य एवं शिक्षाविद दिनेश कुमार गोयल पर पार्टी ने दोबारा भरोसा जताया है आज पार्टी ने दोबारा विधान परिषद स्रनातक का प्रत्याशी घोषित किया है। उनके समर्थकों के लिए खुशियां लेकर आया। आज ही उनका जन्म दिन था और आज ही भारतीय जनता पार्टी ने उन्हें दूसरी बार विधान परिषद की मेरठ सहारनपुर स्नातक सीट से प्रत्याशी घोषित कर दिया।

शिक्षाविद दिनेश कुमार गोयल भाजपा के समर्पित कार्यकर्ता होने के साथ ही समाजसेवी भी है। वे अनेकों धार्मिक, शिक्षण एवं सामाजिक संगठनों से जुड़े हुए हैं।

- वेतन को खर्च करते हैं गरीब बच्चों की शिक्षा पर

दिनेश कुमार गोयल जब पहली बार विधान परिषद सदस्य बनें थे उसके बाद ही उन्होंने घोषणा की थी कि वे एमएलसी के रूप में मिलने वाले वेतन में से कोई पैसा नहीं लेंगे और वेतन को गरीब बच्चों की शिक्षा पर खर्च करें।

दूर दराज से आने वाले कार्यकर्ताओं के भोजन और ठहरने का करते हैं प्रबंध

दिनेश कुमार गोयल के पास समस्या लेकर दूर दराज के जिलों से कार्यकर्ता आते हैं, उनके लिए भोजन और रात होने पर रुकने का प्रबंध भी वे करते हैं। आने वालों को पहले भोजन करवाते हैं उसके बाद उनकी समस्या पूछते हैं।

- पिछले एक वर्ष से कर रहे हैं चुनाव की तैयारी

श्री गोयल पिछले एक वर्ष से चुनाव की तैयारी में जुटे हैं। उन्होंने अपने कॉलेज में वार रुम बनाया हुआ है जहां 50 से ज्यादा कर्मचारी और कार्यकर्ता लगातार मतदाताओं के सम्पर्क में रहते हैं।

गोयल के अलावा अन्य भी थे दावेदार

विधान परिषद सीट के लिए भाजपा में कई अन्य दावेदार भी थे। इनमें पूर्व राज्यसभा सांसद अनिल अग्रवाल, पूर्व क्षेत्रीय महामंत्री विकास अग्रवाल, वरुण गोयल आदि के नाम शामिल थे।

सरदार बलप्रीत सिंह बने एडवोकेट मिला प्रमाण पत्र

 



मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद। विजय नगर निवासी एवम रोज़बेल पब्लिक स्कूल के चेयरमैन सरदार जोगेंद्र सिंह के पुत्र बलप्रीत सिंह का नाम उत्तर प्रदेश बार काउंसिल के अधिवक्ता रोल में दर्ज किया गया है। उन्हें अधिवक्ता अधिनियम, 1961 की धारा 17 के अंतर्गत नामांकन प्रमाण-पत्र जारी किया गया है।

बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश द्वारा 17 अगस्त 2026 को जारी प्रमाण-पत्र के अनुसार बलप्रीत सिंह का नामांकन संख्या UP20773/26 है। उन्हें दो वर्ष के लिए वैध अस्थायी अधिवक्ता पंजीकरण प्रमाण-पत्र प्रदान किया गया है। बलप्रीत सिंह मौजुदा समय में भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के महानगर अध्यक्ष हैं। अधिवक्ता बनने पर उनके समर्थकों परिजनों आदि ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।

स्वर्गीय अशोक सिंघल की जन्म शताब्दी पर श्रीराम स्तंभ का अनावरण, डॉ. उपासना अरोड़ा ने हिंदू समाज के लिए बताया स्वर्णिम दिन

  




मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । राम जन्मभूमि आंदोलन के प्रमुख चेहरा रहे स्वर्गीय श्री अशोक सिंघल के जन्म शताब्दी समारोह में श्री राम स्तंभ की प्रतिकृति का अनावरण किया गया। इसके साथ ही मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम के दिव्यपदचिन्ह पुस्तक का विमोचन और श्री अशोक सिंघल जी के जीवन एवं राम जन्मभूमि आंदोलन में उनकी भूमिका पर आधारित प्रदर्शनी भी लगाई गई।


समारोह में यशोदा ग्रुप ऑफ हॉस्पिटल्स की मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. उपासना अरोड़ा ने केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले, विश्व हिंदू परिषद (VHP) के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष आलोक कुमार, महामंडलेश्वर स्वामी परमानंद गिरि जी महाराज और अशोक सिंघल फाउंडेशन के ट्रस्टी एवं संयोजक महेश भगचंदका जैसे  कई गणमान्य व्यक्तियों के साथ मंच साझा किया और और युवाओं को श्री राम के आदर्शों से प्रेरणा लेना का सन्देश दिया।

डॉ. अरोड़ा ने इस कार्यक्रम में कहा कि श्री राम स्तम्भ का अनावरण राम जन्मभूमि आंदोलन और भगवान श्रीराम से जुड़ी स्मृतियों को आगे की पीढ़ियों तक पहुंचाने का माध्यम बनेंगे। ऐसी स्मृतियों को संजोकर रखना जरूरी है, ताकि आने वाली पीढ़ियां देश और समाज के महत्वपूर्ण अध्यायों से जुड़ी रहें। उन्होंने युवाओं से श्री अशोक सिंघल जी के जीवन और उनके योगदान से प्रेरणा लेने की बात कही।

उन्होंने ये भी कहा, “आज मेरे लिए ही नहीं, बल्कि पूरे हिंदू समाज के लिए यह बहुत ही स्वर्णिम दिन है। अशोक सिंघल जी जैसे व्यक्तित्व बहुत कम देखने को मिलते हैं। वे अपने आप में एक अलग व्यक्तित्व थे और आज उन्हें याद करने का अवसर मिला है।”

सोमवार, 28 सितंबर 2026

परमार्थ निकेतन में योग टीचर ट्रेनिंग कोर्स के नए बैच का शुभारंभ,भारत की धरती से योगमय जीवन जीने की कला लेकर जाएँ- स्वामी चिदानन्द सरस्वती

 





संवाददाता

योग के साथ सनातन संस्कृति, सेवा, साधना और प्रकृति से जुड़ने का संदेश

शहीद भगतसिंह जी की जयंती पर परमार्थ निकेेतन से भावभीनी श्रद्धाजंलि

ऋषिकेश, 28 सितम्बर। पावन गंगा तट पर स्थित परमार्थ निकेतन में आज योग टीचर ट्रेनिंग कोर्स के नए बैच का शुभारंभ परमार्थ पीठाधीश्वर पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी एवं डॉ. साध्वी भगवती सरस्वती जी की पावन सान्निध्य में हुआ। विश्व के विभिन्न देशों से आए योग साधकों ने इस अवसर पर योग, ध्यान, प्राणायाम और भारतीय जीवन-दर्शन की उस समृद्ध परंपरा से जुड़ने का संकल्प लिया, जिसने हजारों वर्षों से मानवता को शरीर, मन और आत्मा के संतुलन का मार्ग दिखाया है।

इस अवसर पर पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि भारत केवल योग सीखने की भूमि नहीं है, बल्कि योग को जीने की भूमि है। भारत की धरती से जब कोई साधक योग का ज्ञान लेकर लौटे, तो उसके साथ केवल कुछ आसन और प्राणायाम की तकनीकें ही न हो, बल्कि भारत की सनातन जीवन-दृष्टि, करुणा, सेवा, शांति, प्रकृति के प्रति सम्मान और ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ का भाव भी हो।

उन्होंने कहा कि योग का वास्तविक अर्थ केवल शरीर को मोड़ना या आसनों का अभ्यास करना नहीं है। योग अर्थात् अपने भीतर से जुड़ना, प्रकृति से जुड़ना और समस्त सृष्टि से अपने संबंध को अनुभव करना। योग हमें संदेश देता है कि जीवन केवल ‘मैं’ तक सीमित नहीं है; जीवन में ‘हम’ का विस्तार ही भारतीय संस्कृति की सुंदरता है।

योग भारत की प्राचीन धरोहर होते हुए भी पूरी मानवता की साझा विरासत है। भारत ने योग को कभी केवल अपने लिए सीमित नहीं रखा; ‘सर्वे भवन्तु सुखिनः’ की भावना के साथ योग का ज्ञान समस्त मानवता के कल्याण के लिए समर्पित किया है, इसी भावना के साथ इस साधना को आगे बढ़ाते रहें।

डॉ. साध्वी भगवती सरस्वती जी ने कहा कि योग हमें स्वयं के साथ एक गहरे और सुंदर संबंध की ओर ले जाता है। योग की यात्रा बाहर से भीतर और भीतर से पूरे अस्तित्व की ओर जाने की यात्रा है। उन्होंने कहा कि भारत आने वाले साधकों के लिए यह अवसर केवल योग सीखने का नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति के उस अनुभव को समझने का है जिसमें आध्यात्मिकता और दैनिक जीवन अलग-अलग नहीं हैं।

उन्होंने कहा कि भारत की प्राचीन परंपरा हमें सिखाती है कि जीवन में स्वास्थ्य के साथ शांति, सफलता के साथ संतुलन और ज्ञान के साथ करुणा भी आवश्यक है। योग इन सभी को जोड़ने वाला एक सुंदर सेतु है।

योग टीचर ट्रेनिंग कोर्स के इस प्रशिक्षण में देश-विदेश से आए साधक योगासन, प्राणायाम, ध्यान, योग दर्शन, शरीर-विज्ञान और शिक्षण पद्धतियों का अध्ययन करने के साथ-साथ भारतीय आध्यात्मिक परंपराओं को भी निकट से अनुभव कर रहे हैं। विश्व विख्यात माँ गंगा जी की आरती, यज्ञ, प्रार्थना, ध्यान, सत्संग, सेवा और    प्रकृति के सान्निध्य के माध्यम से वे योग को केवल एक विषय के रूप में नहीं, बल्कि जीवन-पद्धति के रूप में समझने का प्रयास कर रहे हैं।


गंगा के पावन तट पर गूँजते मंत्रों, प्रार्थनाओं और योग की साधना के बीच योग टीचर ट्रेनिंग कोर्स के नए बैच का यह शुभारंभ एक ऐसे संकल्प के साथ हुआ कि योग केवल कक्षाओं तक सीमित न रहे, बल्कि जीवन का हिस्सा बने और भारत की सनातन ज्ञान-परंपरा से निकला यह प्रकाश पूरे विश्व को शांति, स्वास्थ्य और सद्भाव से प्रकाशित करे। 


योग टीचर ट्रेनिंग कोर्स के विद्यार्थियों को योगाचार्य साध्वी आभा सरस्वती जी, योगाचार्य, गंगा नंदिनी जी, डॉ. इंदु शर्मा जी, योगाचार्य गायत्री जी, आचार्य मयंक जी, डॉ. राठौर जी, डॉ. श्री एवं श्रीमती लेले जी (आयुर्वेद), डॉ. गेरी आदि प्रशिक्षण प्रदान कर रहे हैं।

एमिली लू वेरामेसा, रायन किंग, प्रशांत आनंद, नादिया मोंटेसीनोस, अमेरिका, सोनल वर्मा, संजना सोनी, अर्चना रविचंद्रन, संजुक्ता पांडे, भारत, माइकेला वित्नेरोवा, चेक गणराज्य, ब्रैंडन रोड्रिगो जेरेज़ ग्वाटेमाला, तेतियाना मारुश्चक, स्वीडन, डेविड आर्तुरो हर्नांडेज़ लेयवा, मेक्सिको, संतोशिनी मासाइपेता, डेनिएला रेयेस आंद्रादे, मेक्सिको, प्रकाश खनाल, नेपाल, मिरेया कैबरेरा ओर्तेगा, मेक्सिको, सैमुअल जेम्स, आयरलैंड, माइकेला चाहोवा, चेक गणराज्य आदि योग जिज्ञासु प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं।

शहीद भगत सिंह को उनकी जयंती पर आज की परमार्थ निकेतन गंगा जी की आरती उन्हें समर्पित की। जिन्होंने अपने अदम्य साहस और शौर्य से आजादी के आंदोलन को नई धार दी। राष्ट्र के सम्मान के लिए सर्वस्व न्योछावर करने का उनका जज्बा भारत के नौजवानों की हिम्मत और हौसले का प्रतीक है।

हरित क्रांति के जनक एवं किसान कल्याण के लिए समर्पित, प्रतिष्ठित कृषि वैज्ञानिक, भारत रत्न डॉ. एम. एस. स्वामीनाथन जी की पुण्यतिथि पर उन्हें भावभीनी श्रद्धाजंलि।

भारत रत्न स्वर साम्राज्ञी लता मंगेशकर जी को उनकी जयंती पर श्रद्धाजंलि अर्पित करते हुये पूज्य स्वामी जी ने कहा कि उनका स्वर भारतीय संगीत की आत्मा बनकर सदा हमारे बीच गूंजता रहेगा।

स्वर कोकिला लता मंगेशकर जी की अप्रतिम और अद्वितीय आवाज सदियों तक भारत और दुनिया भर के संगीत प्रेमियों के दिलों में बसी रहेगी। उनके सुरों ने संगीत जगत को नए प्राण देकर समृद्ध किया।

"सादगी एवं ईमानदारी" दिवस के रूप में मनाया पूर्व प्रधानमंत्री डा० मनमोहन सिंह का जन्मदिन-रामदुलार यादव

 




मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद। लोक शिक्षण अभियान ट्रस्ट द्वारा ज्ञानपीठ केन्द्र 1, स्वरुप पार्क जी० टी० रोड साहिबाबाद के प्रांगण में शनिवार को भारत के यशस्वी पूर्व प्रधानमंत्री ईमानदारी, नैतिकता की प्रतिमूर्ति, विश्व के महान अर्थशास्त्री, विलक्षण प्रतिभावान, सादगी, सरलता की बेजोड़ मिसाल डा० मनमोहन सिंह का जन्म दिन सार्वजनिक जीवन में "सादगी एवं ईमानदारी" दिवस के रूप में मनाया गया, समाजवादी चिन्तक राम दुलार यादव शिक्षाविद कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में शामिल रहे। अध्यक्षता सरदार जगतार सिंह भट्टी ने, आयोजन इंजी० धीरेन्द्र यादव ने, संचालन श्रमिक नेता अनिल मिश्र ने किया, कार्यक्रम में शामिल सभी साथियों ने डा० साहब के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें स्मरण किया, तथा उनके व्यक्तित्व और कृतित्व की भूरि-भूरि प्रसंशा की तथा उनके सम्मान में जोरदार नारे लगाये, राजेन्द्र सिंह ने भजन तथा हुकुम सिंह ने देश प्रेम से सराबोर गीत प्रस्तुत कर सभी को आत्मविभोर कर दिया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए समाजवादी चिन्तक राम दुलार यादव शिक्षाविद ने कहा कि जब भारत गंभीर आर्थिक संकट में था, तब 1991 में तत्कालीन प्रधानमंत्री के आग्रह पर आपने वित्तमंत्री का पद ग्रहण कर उदारीकरण, निजीकरण, वैश्वीकरण की व्यवस्था लागू कर विदेशी कंपनियों को भारत में व्यापार करने के लिए आमंत्रित किया, तथा देश को आर्थिक रूप से मजबूत किया। आप ने 2004 से 2014 तक भारत के प्रधानमंत्री पद को सुशोभित किया, आप की ईमानदारी, सादगी, नैतिकता और समर्पण भाव का लोहा पूरा विश्व मानता है, आप काम में विश्वास रखते थे, देश को आज आप जैसे कर्तव्यपरायण नेता की आवश्यकता है, हम आपको स्मरण करते हुए गौरव अनुभव करते है, इसलिए कि अमेरिका में विश्व के 50 ईमानदार व्यक्तियों की सूची में आप का नाम पहले स्थान पर है, आपके ही कार्यकाल में देश में महात्मा गाँधी ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम और शिक्षा का अधिकार अधिनियम लागू हुआ, जिससे आर्थिक दृष्टि से कमजोर लोगों को उनके गाँव में ही काम मिला, लेकिन आज मंहगाई, बेरोजगारी से जनता अपने को ठगा महसूस कर रहा है, छात्र, नवजवान, व्यापारी, किस्नान, मजदूर बदहाल, परेशान है, लोकतंत्र, संविधान, संवैधानिक संस्थाओं को प्रभावित किया जा रहा है, मीडिया, गोदी मीडिया बन गया है, आज जो आपने भविष्यवाणी की थी वह सच साबित हो रही है, देश आप का ऋणी है, हम सभी आपको श्रद्धा-सुमन अर्पित करते हुए गौरवान्वित हो रहे है।

कार्यक्रम में शामिल रहे, राम दुलार यादव, सरदार जगतार सिंह भट्टी, ओम प्रकाश अरोड़ा, सम्राट सिंह, जगन्नाथ प्रसाद, अनिल मिश्र, विजय मिश्र, मुनीव यादव, इंजी० धीरेन्द्र यादव, शिशिर यादव, हरिकृष्ण यादव, विक्रम सिंह, सुभाष यादव, राजेन्द्र सिंह, हुकुम सिंह आदि

शहीद-ए-आजम भगत सिंह का 119वां जन्मदिवस धूम-धाम से बनाया

 


मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद 27 सितम्बर 2026। सुभाषवादी भारतीय समाजवादी पार्टी (सुभास पार्टी) ने अपने कार्यालय f10 जगदीश नगर, गाजियाबाद पर रविवार को शहीद-ए-आजम भगत सिंह का 119वां जन्मदिवस बड़ी धूम-धाम से मनाया

 पार्टी के अध्यक्ष सतेन्द्र यादव  ने शहीद भगतसिंह के चित्र पर पुष्प  चढ़ाकर  जन्मदिवस कार्यक्रम का शुभारंभ किया इसके बाद शहीद-ए-आजम भगत सिंह के जीवन पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने बताया कि शहीदे-ए-आजम भगत सिंह का जन्म 27-28 सितम्बर मध्य रात्रि में 1907 में लायलपुर जिले के बंगा गांव में जो अब पाकिस्तान में है, हुआ था। इस कारण भगत सिंह का परिवार उनका जन्मदिन 28 सितम्बर को मनाते है। भगत सिंह का पूरा परिवार क्रान्तिकारी था। उन्होंने जेल में 116 दिन की भूख हड़ताल की भगतसिंह की फाँसी को रोकने के लिए पूरी दुनिया के लोगों ने कोशिश की ब्रिटिश सांसदो तक ने फाँसी रोकने की कोशिश की। लाखों लोगों ने इस बारे में पत्र लिखे जिसमे से कुछ तो खून से लिखे गये थे। भारत में नेताजी सुभाष चन्द्र बोस व मौहम्मद अली जिन्ना ने पुरजोर कोशिश की लेकिन अंग्रेजों ने किसी की न मानी। महज 23 साल 5 महीने 25 दिन की आयु में 23 मार्च 1931 की शाम 7ः33 उन्हें फाँसी दी गई। इनके पिता किशन सिंह व माता विद्यावती ने बचपन से ही भगत सिंह को देशभक्ति व अन्याय के खिलाफ लड़ने के शिक्षा दी।


 क्रम में आगे बोलते हुए  पार्टी के पूर्व विधानसभा प्रत्याशी मनोज कुमार शर्मा  होदिया ने कहा, खुद में देशभक्ति के जज्बे को भरने के लिए शहीद भगत सिंह का नाम ही काफी है उनमें देश के प्रति इतना प्रेम था कि वह हँसते-हँसते फांसी के फंदे पर झूल गये। समाज में फैली शोषण व अमीरी गरीबी की खाई को भगत सिंह के रास्ते पर चलकर ही मिटाया जा सकता है। 

सुभास पार्टी के महानगर अध्यक्ष पवन सक्सेना ने कहा कि स्कूली शिक्षा से ही वह वह भारत की आजादी के सपने देखने लगे और गांधी जी के असहयोग आन्दोलन में भाग लिया। जब माता-पिता ने शादी करनी चाही तो घर से भाग गये और अपने पीछे एक खत छोड़ गये उसमें उन्होंने लिखा की उन्होंने अपना जीवन देश को आजाद कराने के लिए समर्पित कर दिया है। लाहौर षडयंत्र केस में राजगुरू, सुखदेव के साथ भगत सिंह को भी फांसी की सजा सुनायी गयी। 

इसके बाद पार्टी के पूर्व विधानसभा प्रत्याशी सुजीत तिवारी ने शहीद भगत सिंह के गए कुछ कथन बताएं उन्होंने बताया कि भगत सिंह जी कहते थे प्रेमी, पागल और कवि एक ही चीज के बने होते हैं, और देशभक्त को अक्सर सभी लोग पागल समझते हैं।”“बम और पिस्तौल से क्रांति नहीं आती। क्रांति की तलवार विचारों की सान पर तेज होती है।”जिंदगी तो अपने दम पर जी जाती है, दूसरों के कंधों पर तो जनाजे उठाए जाते हैं।”

कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए प्रभारी (उत्तर प्रदेश - बिहार) अनिल सिन्हा  ने भी अपने विचार रखें उन्होंने कहा कि अगर क्रांति को परिभाषित करना है तो उसमें भगत सिंह का नाम अव्वल नंबर पर लिया जाएगा उन्होंने मात्र 23 वर्ष की आयु में देश के लिए अपना बलिदान दे दिया और इतिहास में अमर हो गए गांधी जी ने जहां स्वतंत्रता के लिए अहिंसा का रास्ता अपनाया वही भगत सिंह ने सशस्त्र क्रांति की घोषणा की और मरते दम तक क्रांति की मशाल को जलाए रखा

इस अवसर पर अनिल मिश्रा सहित अन्य वक्ताओं ने भी अपने विचार व्यक्त किये 

इस अवसर पर राजेंद्र यादव अनुपम अग्रवाल राजेंद्र गौतम  नरेंद्र कुमार उमेश पांडे पंडित अशोक भारतीय राम गणेश सिंह राम नरेश ठाकुर सुजीत तिवारी अनिल सिन्हा राजकुमारी यादव हरीश शमी संजय कुमार कमल यादव विनोद अकेला मुकेश शर्मा महेश पांडे पवन सक्सेना महेश पांडे ललन आरपी शुक्ला गिरीश मिश्रा दीपक वर्मा गोपाल सिंह अनिल मिश्रा प्रदीप कुमार प्रवीण कुमार चेतना पवार आस्था पवार अनिल दुबे राजेश कुमार श्रीवास्तव तेजेंद्र कुमार हरिशंकर वर्मा शेखर वीरेंद्र कुमार कंडेरा विनोद गुप्ता विकासआदि मुख्य रूप से शामिल रहे। मंच का सफल संचालन विनोद अकेला ने किया

नुक्कड सभा बनेगी लोनी मे बदलाव का आधार" :- मनोज धामा





मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद 27 सितंबर 2026 । राष्ट्रीय लोकदल के नेता व पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष मनोज धामा ने रविवार को वार्ड 29 राम पार्क एक्सटेंशन मे कालोनी वासियों ने नुक्कड़ सभा का आयोजन किया जिसमे पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष मनोज धामा ने मुख्य अतिथि के रूप मे शिरकत की ।

इस अवसर पर कालोनीवासियों ने लोनी नगरपालिका अध्यक्ष मनोज धामा का ढोल-नगाडों के साथ फूल-माला पहनाकर जोरदार स्वागत किया । 

 कार्यक्रम मे मनोज धामा ने सभी कालोनीवासियों को संबोधित करते हुये कहा कि आप सभी के बीच पंहुचकर मुझे बेहद अच्छा लग रहा है आप लोगों के दूारा जिस प्रकार से मेरे व मेरे परिवार के प्रति इतना सम्मान व प्यार दिया है उसके लिये मै आप सभी क्षेत्रवासियों का आभार प्रकट करता हूं एवं आप सभी की जो भी समस्या आपके दूारा मेरे सामने रखी गयी है जल्द ही उन सभी का निदान मेरे दूारा कराया जायेगा एवं जल्द ही वार्ड मे पहले से भी अधिक तीव्र गति से विकास कार्य कराये जायेंगे  ।

लोनी नगरपालिका अध्यक्ष ने लोगों को जागरूक करते हुये कहा कि आने वाला समय चुनावी समय है आप सभी क्षेत्र वासियों को अपने मत करने का जो अधिकार मिला है उसको इस्तेमाल करने का मौका मिलने जा रहा है और आप सभी जानते हैं कि किस प्रकार से लोनी की राजनीति को बदलने का समय आ गया है इस तरह की छोटी-छोटी नुक्कड़ सभाओं के माध्यम से हम सभी लोग एक बडी ताकत बनने का काम करेंगे और आने वाले समय मे लोनी की राजनीति की दशा और दिशा को बदलने का काम करेंगे ।

इस अवसर पर जय भगवान, अनिल त्यागी, बिजेन्द्र कौशिक, विजेन्द्र भारदूाज, बालेश्वर, पप्पू भगतजी, नीरज, सुनील, प्रदीप कुमार, प्रीतम गिरि, धर्मराज सैनी, सुशील पंडित, जया देवी,रेखा चौधरी, नीतू चौधरी, राजरानी देवी सहित सैकड़ों की संख्या मे कालोनी वासी उपस्थित रहे ।

खुद को बदलेंगे, देश को बदलेंगे' : सिल्वर लाइन प्रेस्टीज स्कूल में गूंजी विकसित भारत की गूंज

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अपनी प्रतिभा, रचनात्मकता और विचारों से बच्चों ने विकसित भारत की अवधारणा को दिया साकार रूप 

                      विशेष संवाददाता 

  गाजियाबाद। सिल्वर लाइन प्रेस्टीज स्कूल में 'विकसित भारत-2047' के संकल्प को केंद्र में रखते हुए भाषण, कला प्रतियोगिता व कला प्रदर्शनी का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा, रचनात्मकता और विचारों के माध्यम से विकसित भारत की अवधारणा को जीवंत रूप प्रदान किया। बच्चों की प्रस्तुतियां और कला कृतियों ने उपस्थित अतिथियों का ध्यान आकर्षित किया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि भाजपा कवि नगर मंडल की महामंत्री डॉ. रिता देओल ने कहा कि सिल्वर लाइन प्रेस्टीज स्कूल के विद्यार्थियों की जागरूकता और सजगता इस बात का प्रमाण है कि यह बच्चे भविष्य के भारत के प्रति सकारात्मक और प्रतिबद्ध नजरिया रखते हैं। डॉ. देओल ने विद्यार्थियों की भाषा, प्रयास एवं कलाकृतियों की सराहना करते हुए कहा कि बच्चों की प्रतिभा इस बात का सुबूत हैं कि यह बच्चे शिक्षा के साथ-साथ सामाजिक और सामयिक सरोकारों के प्रति भी जागरूक हैं। 

  नेहरू नगर स्थित सिल्वर लाइन प्रेस्टीज स्कूल की शाखा का औचक निरीक्षण करने पहुंची डॉ. देओल ने विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि विकसित भारत का सपना केवल सरकार या किसी एक व्यक्ति के प्रयास से नहीं अपितु समाज के प्रत्येक व्यक्ति के सकारात्मक योगदान से संभव है। उन्होंने बच्चों का आह्वान किया कि वह दूसरों से स्पर्धा करने के बजाए स्वयं से स्पर्धा करें। इसके अलावा अपने कल को आज से बेहतर करने का निरंतर अभ्यास करते रहना चाहिए।

  उन्होंने कहा कि खुद में परिवर्तन, स्वयं से स्पर्धा और आज से बेहतर कल ही तरक्की का महामंत्र है। बच्चों की एक छोटी सी सकारात्मक पहल भविष्य के सशक्त व विकसित भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। बिना पूर्व सूचना के विद्यार्थियों ने अचानक प्रदान किए गए अवसर में अपने बेबाक उद्बोधन, चित्रों एवं कलाकृतियों के माध्यम से वर्ष 2047 के विकसित भारत की कल्पना को साकार कर दिखाया। उनमें से किसी ने आधुनिक भारत की तस्वीर उकेरी तो किसी ने शिक्षा, तकनीक, स्वास्थ्य , आत्मनिर्भरता और राष्ट्र निर्माण से जुड़े अपने विचारों को रचनात्मक रूप में प्रस्तुत किया। डॉ. देओल ने स्कूल की संस्थापक व निदेशक डॉ. माला कपूर व शैक्षिक विभाग की सराहना करते हुए कहा कि पूर्व निर्धारित कार्यक्रम न होने के बावजूद जिस आत्मविश्वास के साथ बच्चों ने अचानक दिए गए लक्ष्य को हासिल किया वह उनकी विद्वता, जागरूकता व विषय के प्रति गंभीर आत्मबोध का प्रमाण है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए समय -समय पर ऐसा मंच उपलब्ध किया जाना सकारात्मक पहल है। ऐसे आयोजन बच्चों में आत्मविश्वास, रचनात्मक सोच और अभिव्यक्त करने की क्षमता विकसित करने के साथ राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करते हैं। 


रविवार, 27 सितंबर 2026

दिल्ली सहारनपुर मार्ग के दोनों तरफ लगभग 11 करोड रूपये की लागत से हो विकास कार्यों का मनोज धामा ने किया निरीक्षण


मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद 27 सितंबर।  लोनी नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष मनोज धामा ने दिल्ली सहारनपुर मार्ग के दोनों तरफ लगभग 11 करोड रूपये की लागत से इंटरलाकिंग टाइल्स लगाने का जो कार्य नगर पालिका लोनी के द्वारा किया जा रहा है उनका रविवार को निरीक्षण किया एवं आम जनता से बातचीत की तथा किसी भी प्रकार की समस्या के लिये अवगत कराने के लिये कहा तथा संबंधित अधिकारियों को भी समय-समय पर विकास कार्यों की गुणवत्ता को परखने के लिये औचक निरीक्षण करते रहने को कहा जिससे विकास कार्य अधिक गुणवत्ता पूर्ण हो। 

मनोज धामा ने  बताया कि लगभग 10 करोड रूपये से दिल्ली सहारनपुर मार्ग बार्डर बस डिपो से लेकर राशिद अली गेट पर दोनों तरफ इटंरलाकिंग टाइल्स लगायी जायेगीं एवं लगभग 11 करोड रूपये की लागत से नाले बनाये जा रहे हैं तथा लगभग 2 करोड 80 लाख रूपये की लागत से नालों को कवर करने के लिये लोहे के जाल लगवाने का कार्य लोनी नगरपालिका के दूारा कराया जा रहा है जिससे कि आने वाले दिनों मे लोनी की आम जन -मानस को चलने मे सहूलियत होगी तथा जल- भराव नही होगा ।

परमार्थ स्कूल ऑफ योग एवं द योग इंस्टीट्यूट, मुंबई के संयुक्त 200-आवर योग शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम की 2027 से होगी शुरुआत

 






संवाददाता

*💥योग की ज्ञान-परंपरा का गंगा-सागर संगम*

*🌸मुंबई में ज्ञान, साधना, सत्संग और सेवा से ओत-प्रोत हुई प्रेरणादायी संध्या*

*💦विश्व नदी दिवस पर पूज्य स्वामी जी का संदेश, नदियाँ हैं तो दुनिया है-जल नहीं तो जीवन नहीं*

*🌿विश्व पर्यटन दिवस पर परमार्थ निकेतन से आह्वान- भारत का पर्यटन केवल देखने का नहीं, जानने, समझने और जीने का अवसर है*

*🌺हिन्दुत्व जागरण के प्रखर सूत्रधार, श्रद्धेय श्री अशोक सिंघल जी की जयंती पर भावभीनी श्रद्धांजलि*

मुंबई, 27 सितम्बर।  भारत की सनातन संस्कृति में योग केवल शरीर को स्वस्थ रखने की साधना नहीं, बल्कि मन, प्राण, चेतना और आत्मा को परम सत्य से जोड़ने वाली जीवन-पद्धति है। इसी शाश्वत योग परंपरा, गुरु-शिष्य परंपरा और सेवा के पावन भाव को आगे बढ़ाने की दिशा में मुंबई में एक अत्यंत प्रेरणादायी एवं भावपूर्ण संध्या का आयोजन हुआ, जहाँ परमार्थ पीठाधीश्वर पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी, पूज्य माँ हंसाजी एवं पूज्य साध्वी भगवती सरस्वती जी एवं का पावन सान्निध्य प्राप्त हुआ।

मुंबई स्थित द योग इंस्टीट्यूट में आयोजित यह संध्या ज्ञान, सत्संग, साधना, संस्कार और सेवा की ऐसी सुंदर अभिव्यक्ति बनी, जहाँ योग की प्राचीन भारतीय ज्ञानधारा ने आधुनिक विश्व के लिए एक नई दिशा का संदेश दिया।

परमार्थ पीठाधीश्वर पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने अपना आशीर्वचन प्रदान किए। पूज्य स्वामी जी ने योग को भारत की विश्व को दी गई महानतम आध्यात्मिक विरासतों में से एक बताते हुए कहा कि योग का संदेश केवल स्वस्थ शरीर का संदेश नहीं, बल्कि एकता, समरसता, शांति, करुणा और आत्म-जागरण का संदेश है।

उन्होंने कहा कि आज जब विश्व अनेक चुनौतियों का सामना कर रहा है, तब योग हमें स्वयं से, प्रकृति से और समस्त सृष्टि से पुनः जोड़ने का मार्ग दिखाता है। योग हमें अपने भीतर शांति खोजने की प्रेरणा देता है।

पूज्य स्वामी जी ने कहा कि भारत की योग परंपरा का मूल भाव ‘मैं’ से ‘हम’ और ‘हम’ से ‘वसुधैव कुटुम्बकम्’ की यात्रा है। योग तभी पूर्ण है जब उसकी साधना सेवा में और सेवा करुणा में परिणत हो।

पूज्य माँ हंसाजी ने योगमय एवं आनंदपूर्ण जीवन के तीन अत्यंत सरल, किंतु गहरे सूत्र-मुस्कान, सम्मान और योगदान, साझा किए। उन्होंने कहा कि योग केवल आसन और प्राणायाम तक सीमित नहीं है; योग का वास्तविक उद्देश्य हमारे व्यवहार, विचार और जीवन में दिखाई देना है। जब जीवन में मुस्कान आती है तो वातावरण में आनंद आता है, जब सम्मान आता है तो संबंधों में माधुर्य आता है और जब योगदान की भावना आती है तो जीवन सेवा का माध्यम बन जाता है।

पूज्य साध्वी भगवती सरस्वती जी ने अष्टांग योग की गहन आध्यात्मिक यात्रा के विषय पर प्रेरणादायी उद्बोधन दिया। उन्होंने यम, नियम, आसन, प्राणायाम, प्रत्याहार, धारणा, ध्यान और समाधि के माध्यम से योग को केवल अभ्यास नहीं, बल्कि आंतरिक स्वतंत्रता की यात्रा के रूप में समझाया।

उन्होंने कहा कि अष्टांग योग का प्रत्येक अंग साधक के भीतर चेतना के नए द्वार खोलता है। यम और नियम जीवन में शुद्धता और अनुशासन लाते हैं, आसन शरीर को साधना का माध्यम बनाता है, प्राणायाम प्राणशक्ति को संतुलित करता है और ध्यान एवं समाधि साधक को उसके वास्तविक स्वरूप की ओर ले जाते हैं।

उन्होंने कहा कि योग की यात्रा बाहर से भीतर की ओर जाने की यात्रा है, शरीर से श्वास तक, श्वास से मन तक, मन से चेतना तक और चेतना से आत्मबोध तक की दिव्य यात्रा है।

इस पावन अवसर पर पूज्य स्वामी जी ने योग के क्षेत्र में पूज्य माँ हंसाजी के दीर्घकालीन एवं अतुलनीय योगदान के लिये उन्हें रुद्राक्ष का पौधा एवं शॉल भेंट कर सम्मानित किया। माँ हंसाजी के सुपुत्र ऋषि जी एवं पुत्रवधू प्राणी जी को भी शॉल भेंट कर आशीर्वाद प्रदान किया गया।

आज विश्व नदी दिवस पर पूज्य स्वामी जी ने नदियाँ हैं तो दुनिया है का संदेश दिया। हिन्दुत्व जागरण के प्रखर सूत्रधार, श्रद्धेय श्री अशोक सिंघल जी की जयंती पर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने उन्हें स्मरण करते हुये कहा कि श्री अशोक सिंघल जी के साथ उनकी अनेक आत्मीय और प्रेरणादायी स्मृतियाँ जुड़ी हैं। जब परमार्थ निकेतन की ओर से वाराणसी में भव्य गंगा आरती का आयोजन किया गया, तब श्रद्धेय अशोक सिंघल जी का पावन सान्निध्य प्राप्त हुआ। उस अवसर पर मां गंगा के तट पर भारतीय संस्कृति, अध्यात्म और राष्ट्र चेतना का एक अद्भुत संगम देखने को मिला।

पूज्य स्वामी जी ने श्रद्धेय अशोक सिंघल जी के योगदान को स्मरण करते हुए कहा कि उनका जीवन सनातन संस्कृति, राष्ट्र चेतना और समाज जागरण के प्रति समर्पित रहा। उनके विचार, तप, त्याग और संकल्प आने वाली पीढ़ियों को सदैव प्रेरणा देते रहेंगे।

विश्व पर्यटन दिवस पर पूज्य स्वामी जी ने कहा, भारत का पर्यटन केवल देखने का नहीं, जानने, समझने और जीने का अवसर है। भारत में यात्रा केवल पर्यटन नहीं, बल्कि तीर्थाटन है; यह हमें प्रकृति, संस्कृति, आध्यात्मिकता और अपनी जड़ों से जोड़ते हुए भीतर की यात्रा पर भी ले जाती है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पत्रकारों से बातचीत में कांग्रेस व अन्य विपक्षी दलों को सुनाई खूब खरी-खरी एसआईआर को लेकर भ्रम फैला रहे कांग्रेस व उसके साथी विपक्षी दलः सीएम योगी



विशेष संवाददाता

 राजनीतिक स्वार्थ के लिए लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर करने की साजिश कर रही कांग्रेसः मुख्यमंत्री

गैरजिम्मेदाराना हरकतों को कंट्रोल करें कांग्रेस व सहयोगी दल, जनता से मांगें माफीः मुख्यमंत्री

भ्रष्टाचार, आर्थिक कदाचार, कुनीति, अराजकतापूर्ण कार्यों के कारण सपा, कांग्रेस, राजद को खारिज करती है जनताः मुख्यमंत्री

लखनऊ, 27 सितंबरः मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस समेत सभी विपक्षी दलों को खूब खरी-खरी सुनाई। अपने सरकारी आवास पर रविवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यह लोग भारत की संवैधानिक संस्थाओं को नुकसान पहुंचाने, राजनीतिक स्वार्थ के लिए लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर करने की हर साजिश का हिस्सा रहे हैं। सीएम ने कहा कि देश का मुख्य विपक्षी दल व यूपीए गठबंधन से जुड़े अन्य दलों की हरकतें-बयानबाजी गैरजिम्मेदाराना हैं व लोकतांत्रिक मूल्यों को नुकसान पहुंचाने जैसी हैं। इन्होंने एसआईआर को लेकर भ्रम फैलाया है। एसआईआर पहली बार नहीं हुआ है। देश में इससे पहले वर्ष 1952, 1957, 1961, 1965-66, 2003 समेत अनेक बार एसआईआर हुआ है। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार की एसआईआर की कार्रवाई को लेकर कांग्रेस, सपा, राजद समेत अन्य दलों ने जो हायतौबा मचाई है, वह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। देश में सर्वाधिक समय तक शासन करने वाली कांग्रेस लगातार चुनाव आयोग को कठघरे में खड़ा कर रही है। उन्होंने तंज किया कि सपा, कांग्रेस, राजद आदि विपक्षी दल यदि चुनाव जीतें तो इनका पुरुषार्थ है परंतु भ्रष्टाचार, आर्थिक कदाचार, कुनीति, अराजकतापूर्ण कार्यों के कारण यदि जनता इन्हें खारिज करे तो इसके लिए चुनाव आयोग और ईवीएम दोषी है। इन दलों को अपने बचकाने बयानों को लेकर चिंतन व आत्मावलोकन करना चाहिए। 

राहुल गांधी ने न्यायपालिका की निष्पक्षता पर कैंब्रिज में उठाया था सवाल

मुख्यमंत्री ने कहा कि इन लोगों द्वारा हर संवैधानिक संस्था को लगातार कटघरे में खड़ा किया जाता है। यह लोग चुनाव आयोग पर लगातार हमलावर हैं। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष व नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कैंब्रिज में भारत की न्यायपालिका की निष्पक्षता पर प्रश्न खड़ा किया था। 2019 में कैग ने राफेल के मुद्दे पर अपना आब्जर्वेशन दिया था, इस पर भी कांग्रेस ने सवाल खड़े किए थे। ईवीएम से हुए चुनाव में केंद्र व कई राज्यों में कांग्रेस की सरकार बनी, उस ईवीएम को ब्लैक बॉक्स कहकर भारत की चुनाव प्रणाली व दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र पर सवाल खड़ा करना दुर्भाग्यपूर्ण है। 

कांग्रेस का संवैधानिक व लोकतांत्रिक मूल्यों पर विश्वास नहीं

मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि इनका संवैधानिक व लोकतांत्रिक मूल्यों पर विश्वास नहीं है। 25 जून 1975 को कांग्रेस ने जब देश के संविधान का गला घोंटने का पाप किया था, तब उनके नेतृत्व की सरकारों ने विपक्षी दलों की चुनी गई तमाम सरकारों को अनैतिक तरीके से गिराने का पाप किया था। अपनी भ्रष्ट कार्यप्रणाली, आर्थिक कदाचार के कारण देश की आंतरिक-वाह्य सुरक्षा के साथ लगातार खिलवाड़ किया। बालाकोट की एयर स्ट्राइक, ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत के बहादुर जवानों के शौर्य-पराक्रम पर इनके द्वारा सवाल खड़ा करना देशभक्ति नहीं है। वर्तमान में ऐसी ही गैरजिम्मेदाराना हरकतें कांग्रेस व उनके सहयोगी दल कर रहे हैं। 

गैरजिम्मेदाराना हरकतों को कंट्रोल करे कांग्रेस

मुख्यमंत्री ने कहा कि एसआईआर के बारे में पहले से ही निर्देश दिए गए थे कि छूटे हुए मतदाताओं को फॉर्म भरने की पूरी छूट है। फॉर्म-6 को लेकर उच्चतम न्यायालय ने चुनाव आयोग की कार्रवाई को उचित ठहराया, फिर भी चुनाव आयोग, मुख्य निर्वाचन आयुक्त व हर संवैधानिक संस्थाओं को कटघरे में खड़ा करके भारत की बदनामी कराना और सबसे बड़े लोकतंत्र को कमजोर करने की चेष्टा करने वाली कांग्रेस व उनके सहयोगी दलों का यह कृत्य अत्यंत हैरान करने वाला है। कांग्रेस अपनी गैरजिम्मेदाराना हरकतों को कंट्रोल करे। लोकतंत्र में हिंसा, तोड़फोड़ व दुष्प्रचार के लिए कोई जगह नहीं है। 

कांग्रेस व उसके सहयोगी दल जनता से मांगें माफी

सीएम ने कहाकि तीनों चुनाव आयुक्त ने मीडिया के सामने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली, छूटे मतदाताओं व फॉर्म-6 को लेकर स्थिति स्पष्ट की है। अब कोई प्रश्न खड़े नहीं होते, लेकिन कांग्रेस, सपा व सहयोगी दलों द्वारा बाल की खाल उधेड़ने जैसी स्थिति दुर्भाग्यपूर्ण है। लोकतांत्रिक मूल्यों व संस्थाओं को कमजोर करने की साजिश हो रही है। भारत ने हर वयस्क मतदाता को पहले दिन से जाति, क्षेत्र, भाषा, लिंग समेत बिना भेदभाव मतदान करने की स्वतंत्रता और चुनाव के एक दिन पहले तक मतदाता सूची में नाम बढ़ाने का अधिकार दिया है। पूरी पारदर्शी प्रक्रिया पर प्रश्नचिह्न उठाना लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर करने जैसा है। कांग्रेस व सहयोगी दलों को अपने कृत्य के लिए आमजन व देश की संवैधानिक संस्थाओं से माफी मांगनी चाहिए।

बिराज फाउंडेशन और बस्ता फाउंडेशन ने तिरंगा पार्क में प्रोजेक्ट कामाख्या के तहत मासिक धर्म स्वास्थ्य पर आयोजित किया कार्यक्रम





मुकेश गुप्ता

 जरूरतमंद महिलाओं-किशोरियों को बांटे सैनिटरी पैड

गाजियाबाद। महिलाओं और किशोरियों को मासिक धर्म स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं व्यक्तिगत देखभाल के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से बिराज फाउंडेशन और बस्ता फाउंडेशन की ओर से संयुक्त रूप से प्रोजेक्ट कामाख्या के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। अवंतिका स्थित तिरंगा पार्क में हुए कार्यक्रम में महिलाओं और किशोरियों को मासिक धर्म के दौरान स्वच्छता एवं स्वास्थ्य संबंधी जरूरी जानकारी दी गई।

जागरूकता सत्र के दौरान प्रतिभागियों को मासिक धर्म स्वच्छता, व्यक्तिगत स्वास्थ्य, सही हाइजीन प्रथाओं और इस दौरान बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में बताया गया। साथ ही मासिक धर्म को लेकर समाज में व्याप्त झिझक और भ्रांतियों को दूर करने तथा स्वस्थ आदतों को अपनाने के लिए भी जागरूक किया गया।

कार्यक्रम के दौरान जरूरतमंद महिलाओं और किशोरियों को सैनिटरी पैड वितरित किए गए। इसके अलावा व्यक्तिगत स्वच्छता और देखभाल को बढ़ावा देने के लिए फेसवॉश, बॉडी लोशन सहित अन्य आवश्यक सामग्री भी उपलब्ध कराई गई।  कार्यक्रम में बिराज फाउंडेशन के संस्थापक एवं सीईओ डॉ. बिराज सिंह मौजूद रहे। उनके साथ ट्रेनर परमजीत कौर, डॉ. पूजा, शिक्षा दास, निधि और शाइली सहित दोनों संस्थाओं की टीम के सदस्य एवं स्थानीय प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।

मासिक धर्म को लेकर झिझक दूर करने पर जोर

आयोजकों ने बताया कि प्रोजेक्ट कामाख्या का उद्देश्य महिलाओं और किशोरियों के बीच मासिक धर्म स्वास्थ्य एवं स्वच्छता को लेकर जागरूकता बढ़ाना, सही जानकारी उपलब्ध कराना और जरूरतमंदों तक आवश्यक स्वच्छता सामग्री पहुंचाना है।  कार्यक्रम में प्रतिभागियों को बताया गया कि मासिक धर्म एक प्राकृतिक शारीरिक प्रक्रिया है और इसके बारे में सही जानकारी एवं खुलकर संवाद स्वास्थ्य जागरूकता का महत्वपूर्ण हिस्सा है। प्रतिभागियों ने जागरूकता सत्र में सक्रिय रूप से भाग लिया और मासिक धर्म एवं व्यक्तिगत स्वास्थ्य से जुड़े सवालों की जानकारी प्राप्त की।

शनिवार, 26 सितंबर 2026

नगर आयुक्त व जीडीए वीसी ने किया नंदी पार्क काऔचक निरीक्षण, गौशाला की बढ़ायी जा रही है क्षमता

      


मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । नगर निगम द्वारा संचालित नंदी पार्क गौशाला का क्षमता को बढ़ाया जा रहा है जिसके लिए निर्माण विभाग की टीम कार्य कर रही है, नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक द्वारा औचक निरीक्षण किया गया । साथ में नंदकिशोर कलाल गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के वी सी भी उपस्थित रहे। मौके पर चल रहे कार्यों का जायजा लिया गया तथा तेजी से कार्य करने के निर्देश दिए गए, मौके पर मुख्य अभियंता निर्माण नरेंद्र कुमार चौधरी, उपमुख्य पशु चिकित्सा एवं कल्याण अधिकारी डॉ अनुज उपस्थित रहे l 


नगर आयुक्त ने बताया गया नंदी पार्क गौशाला में निराश्रित गोवंशों की संख्या लगभग 1900 से अधिक है इसके बाद भी निराश्रित गोवंश लगातार बढ़ रहे हैं जिसको देखते हुए गौशाला का क्षमता बढ़ाया जा रहा है ताकि निराश्रित गोवंशों का विशेष ध्यान रखा जा सके, निर्माण विभाग द्वारा बढ़े हुए 3000 स्क्वायर मीटर क्षमता पर टीन शेड का कार्य, चार दिवारी का कार्य, खोर बनाने का कार्य आवश्यक लाइटिंग का कार्य, इंटरलॉकिंग लगाने का कार्य चल रहा है, मौके पर उपस्थित निर्माण विभाग की टीम को तेजी से कार्य करने के निर्देश दिए गए।

नगर आयुक्त के साथ गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष ने नंदी पार्क गौशाला का निरीक्षण करने के उपरांत गोवंश को हरा चारा और गुड खिलाया गया, गोवंशों के लिए बेहतर व्यवस्था को देखकर उपाध्यक्ष जी डी ए ने नगर निगम की टीम का उत्साहवर्धन किया, उन्होंने कहा कि निराश्रित गोवंशों के लिए गाजियाबाद नगर निगम की गौशाला में बहुत ही सुंदर व्यवस्था है जो की सराहनीय है ।

‘’प्रवर्तन जोन-7 के अन्तर्गत गुलमोहर वाटिका-2 में अवैध निर्माण को जी0डी0ए0 ने किया ध्वस्त’’




मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । जीडीए उपाध्यक्ष नंदकिशोर कलाल के निर्देशों के अनुपालन में आज दिनांक 26 सितंबर को प्रभारी प्रवर्तन जोन-7 के नेतृत्व में पारस गुप्ता पुत्र सुशील गुप्ता,  के द्वारा गुलमोहर वाटिका-2  साहिबाबाद के भूखण्ड संख्या 14 व 15 पर स्वीकृत मानचित्र से विचलन कर सेडवेक में किये गये अवैध निर्माण वाद सं0 GDA/ANI/2026/0005021 व वाद सं0 GDA/ANI/2026/0005022 के क्रम में ध्वस्तीकरण की कार्यवाही की गई, ध्वस्तीकरण के समय प्रवर्तन जोन-7 में तैनात सहायक अभियन्ता, अवर अभियन्ता, प्रवर्तन जोन-7 का समस्त स्टाफ, प्राधिकरण पुलिस बल व स्थानीय पुलिस बल मौके पर उपस्थित रहा। 

युवाओं को सांस्कृतिक धरोहर से जोड़ने का अनूठा प्रयास: सपा प्रदेश सचिव अभिषेक गर्ग ने Gen-Z के साथ देखी फिल्म 'हनुमान अंश', फिल्म कलाकार गुलशन पांडेय भी रहे मौजूद











मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । युवा पीढ़ी को भारतीय संस्कृति, मूल्यों और प्रेरणादायी गाथाओं से रूबरू कराने के उद्देश्य से आज गाजियाबाद स्थित चौधरी मॉल में एक विशेष सिनेमा शो का आयोजन किया गया। इस खास अवसर पर समाजवादी पार्टी के प्रदेश सचिव अभिषेक गर्ग ने आज की नई पीढ़ी (Gen-Z) के युवाओं के साथ हाल ही में रिलीज़ हुई बहुचर्चित फिल्म 'हनुमान अंश' का विशेष शो देखा।

कार्यक्रम को और भी गरिमामय एवं स्मरणीय बनाने के लिए फिल्म में भूमिका निभाने वाले गुलशन पांडेय विशेष रूप से उपस्थित रहे। टॉकीज परिसर में पहुंचे युवाओं ने कलाकारों और सपा प्रदेश सचिव का जोरदार स्वागत किया।

शो के दौरान मीडिया से बातचीत करते हुए समाजवादी पार्टी के प्रदेश सचिव अभिषेक गर्ग ने कहा, "आज की डिजिटल दुनिया में हमारी Gen-Z पीढ़ी आधुनिकता की ओर तेज़ी से बढ़ रही है, जो सराहनीय है। आज का युवा और Gen-Z आधुनिक भारत का सपना देखता है ।इसके साथ - साथ ही युवाओं को अपनी जड़ों, सांस्कृतिक धरोहर और महान जीवन मूल्यों से जोड़े रखना भी उतना ही आवश्यक है। 'हनुमान अंश' फिल्म युवाओं में नैतिक मूल्यों, अदम्य साहस और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती हैं। इस प्रकार के सांस्कृतिक आयोजनों से युवाओं को अपनी समृद्ध विरासत पर गर्व करने की प्रेरणा मिलती है।"

फिल्म के कलाकार गुलशन पांडेय ने युवाओं के अपार प्रेम और उत्साह के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने सिनेमा हॉल में मौजूद युवाओं के साथ अपने अभिनय के अनुभव साझा किए और कहा कि जब आज की युवा पीढ़ी अपनी संस्कृति पर आधारित फिल्मों को इस तरह सराहती है, तो कलाकारों का मनोबल और बढ़ता है।

कार्यक्रम के दौरान पूरे परिसर में युवाओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। शो की समाप्ति के बाद युवाओं ने अभिषेक गर्ग और उपस्थित कलाकारों के साथ तस्वीरें खिंचवाईं और इस सफल आयोजन के लिए धन्यवाद दिया।

इस अवसर पर बड़ी संख्या में विधानसभा 56 गाज़ियाबाद के युवा Gen-Z और अनेक गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।