शुक्रवार, 7 अगस्त 2026

भारत के मस्तक पर साहित्य, संस्कृति और स्वाभिमान का स्वर्णिम मुकुट सजाने वाले गुरुदेव रबीन्द्रनाथ टैगोर की पुण्यतिथि पर परमार्थ निकेतन में भावपूर्ण श्रद्धांजलि

 

मुकेश गुप्ता

गुरुदेव रबीन्द्रनाथ टैगोर जी की लेखनी में भारत की संस्कृति, आध्यात्मिक चेतना, प्रकृति प्रेम, मानवता और विश्व बंधुत्व की दिव्य अभिव्यक्ति-स्वामी चिदानन्द सरस्वती

ऋषिकेश, 7 अगस्त। भारत के मस्तक पर साहित्य, संस्कृति और स्वाभिमान का स्वर्णिम मुकुट सजाने वाले, राष्ट्रगान ‘जन गण मन’ के अमर रचयिता, विश्वविख्यात साहित्यकार और नोबेल पुरस्कार से सम्मानित गुरुदेव रबीन्द्रनाथ ठाकुर जी की पुण्यतिथि पर परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष, परमार्थ पीठाधीश्वर, पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।

पूज्य स्वामी जी ने कहा कि गुरुदेव रबीन्द्रनाथ ठाकुर जी एक महान कवि, साहित्यकार और दार्शनिक के साथ वे भारत की आत्मा के स्वर थे। उनकी लेखनी में भारत की संस्कृति, आध्यात्मिक चेतना, प्रकृति प्रेम, मानवता और विश्व बंधुत्व की दिव्य अभिव्यक्ति होती थी। उन्होंने अपने साहित्य साधना के माध्यम से भारत को विश्व पटल पर एक नई पहचान प्रदान की।

पूज्य स्वामी जी ने कहा कि गुरुदेव जी की रचनाओं में शब्दों के साथ संवेदनाओं की गंगा प्रवाहित होती है, जो हमें भीतर से जागृत करती है जो प्रेम, करुणा तथा सेवा के मार्ग पर आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है।

पूज्य स्वामी जी ने कहा कि गुरुदेव रबीन्द्रनाथ ठाकुर ने साहित्य को समाज के जागरण, आत्मबोध और राष्ट्र चेतना का सशक्त माध्यम बनाया। उनकी अमर       कृतियाँ गीतांजलि और अन्य कविताएँ एवं रचनाएँ भारतीय साहित्य की गौरवशाली विरासत हैं, जो आने वाली पीढ़ियों को सदैव प्रेरणा देती रहेंगी।

उन्होंने कहा कि गुरुदेव ने शिक्षा के क्षेत्र में भी अद्वितीय योगदान दिया। शांतिनिकेतन की स्थापना के माध्यम से उन्होंने ऐसी शिक्षा व्यवस्था का स्वप्न देखा जिसमें प्रकृति, संस्कृति, कला और आध्यात्मिकता का सुंदर समन्वय हो। उनका मानना था कि शिक्षा केवल पुस्तकों तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि वह जीवन को श्रेष्ठ बनाने वाली साधना होनी चाहिए।

पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि आज जब विश्व अनेक चुनौतियों का सामना कर रहा है, तब गुरुदेव का मानवतावादी दर्शन और भी अधिक प्रासंगिक हो गया है। उनका संदेश हमें याद दिलाता है कि विकास के साथ संवेदना, प्रगति के साथ प्रकृति संरक्षण और ज्ञान के साथ विनम्रता आवश्यक है।

उन्होंने कहा कि गुरुदेव का जीवन हमें सिखाता है कि एक व्यक्ति अपनी प्रतिभा, विचारों और कर्मों से पूरे विश्व को प्रभावित कर सकता है। उन्होंने भारत की सांस्कृतिक चेतना को विश्व मंच पर प्रतिष्ठित किया और यह सिद्ध किया कि भारतीय संस्कृति में सम्पूर्ण मानवता के कल्याण का भाव निहित है।

पूज्य स्वामी जी ने कहा कि गुरूदेव की अमर रचनाएँ युगों-युगों तक मानवता का मार्गदर्शन करती रहेंगी। उनकी लेखनी की सुगंध, विचारों की गहराई और जीवन दर्शन की दिव्यता सदैव भारत और विश्व को प्रेरित करती रहेगी।

पूज्य स्वामी जी ने युवाओं का आह्वान करते हुये कहा कि गुरुदेव के विचारों को अपने जीवन में आत्मसात करें, साहित्य और संस्कृति का सम्मान करें तथा प्रेम, करुणा, सेवा और समरसता के मूल्यों को आगे बढ़ाकर एक श्रेष्ठ समाज के निर्माण में योगदान दें।

आज की परमार्थ गंगा आरती गुरुदेव रबीन्द्रनाथ ठाकुर जी की साहित्य साधना को समर्पित की। उनकी अमर वाणी और दिव्य विचार सदैव मानवता का पथ आलोकित करते रहें।

गाजियाबाद नगर निगम द्वारा आयोजित कावड़ शिविर में पहुंचे जिलाधिकारी, देखी व्यवस्था, कांवड़ियों को किया प्रसाद वितरण

 





मुकेश गुप्ता

निगम द्वारा आयोजित कावड़ शिविर में स्टील के बर्तनों का उपयोग तथा विशाल भोजन और विश्राम की व्यवस्था सराहनीय-डी एम

गाजियाबाद । नगर निगम द्वारा कावड़ मार्ग पर व्यवस्था को बनाया जा रहा है कावड़ के निर्धारित रूट पर लगातार साफ सफाई, पीने के पानी की व्यवस्था, प्रकाश व्यवस्था की गई है इसके अलावा कांवड़ियों हेतु आयोजित शिविरों में भी गाजियाबाद नगर निगम साफ सफाई की व्यवस्था के साथ-साथ फॉगिंग का कार्य, एंटी लारवा छिड़काव करने का कार्य भी कर रहा है नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के निर्देश अनुसार सभी विभाग व्यवस्था में डेट दिखाई दे रहे हैं इसी क्रम में गाजियाबाद नगर निगम द्वारा कावड़ यात्रियों के लिए भव्य कावड़ शिविर का आयोजन भी किया गया है जिसमें जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार मांदड़ (आई.ए.एस.) द्वारा पहुंचकर व्यवस्थाओं को देखा गया साथ ही वहां उपस्थित कावड़ यात्रियों से वार्ता की गई उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली गई, डीएम नगर आयुक्त तथा मुख्य विकास अधिकारी द्वारा कावड़ यात्रियों को भोजन वितरित किया, भव्य रूप से कावड़ महोत्सव को सफलतापूर्वक संपन्न करने के लिए टीम को शुभकामनाएं भी दी गई।



जिलाधिकारी द्वारा बताया गया गाजियाबाद नगर निगम जहां कावड़ यात्रा महोत्सव के लिए कावड़ मार्ग पर व्यवस्था संभाल रहा है वही कावड़ यात्रियों के लिए शिविर का आयोजन भी कर रहा है इतने बड़े भव्य शिविर का आयोजन सराहनीय है जिसमें भोजन पानी की व्यवस्था, विश्राम की व्यवस्था, साफ सफाई की व्यवस्था, शौचालय स्नान घर की व्यवस्था, प्रकाश व्यवस्था बहुत ही सराहनीय है कावड़ यात्री 24 घंटे गाजियाबाद नगर निगम के कावड़ शिविर में भोजन तथा विश्राम कर सकते हैं गाजियाबाद नगर निगम की अधिकारी तथा टीम कावड़ शिविर में लगातार मॉनीटरिंग कर रहे हैं मौके पर रसोई घर का जायजा भी लिया गया जिसमें शुद्धता के साथ कावड़ यात्रियों श्रद्धालुओं के लिए भोजन बन रहा है कावड़ यात्रियों के साथ प्रसाद भी ग्रहण किया गया *कावड़ यात्रा गाजियाबाद के लिए एक बहुत ही सुंदर और अद्भुत उल्लास का प्रतीक बन रहा है।

गाजियाबाद नगर निगम द्वारा आयोजित कावड़ शिविर में जिलाधिकारी के पहुंचने पर अन्य विभागों के अधिकारी भी उपस्थित हुए दर अन्य क्षेत्रों से आए हुए कावड़ यात्रियों से वार्ता करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया गया उनके खान-पान की व्यवस्था के बारे में भी जानकारी ली गई, अन्य *आयोजित कावड़ शिविर भी प्रतिबंधित प्लास्टिक का उपयोग न करें सफाई व्यवस्था को बनाए रखने में सहयोग करें जिला प्रशासन तथा गाजियाबाद नगर निगम द्वारा संयुक्त रूप से अपील की गई* मौके पर नगर निगम जिला प्रशासन तथा पुलिस विभाग की आधिकारि भी उपस्थित रहे।

कांवड़ यात्रियों की सेवा में समर्पित भाजयुमो का पाँचवाँ कांवड़ सेवा शिविर का महंत वैभव शर्मा ने किया उद्घाटन

 




मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद। भारतय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो), गाजियाबाद द्वारा मोहन नगर (ऑटो स्टैंड, निकट डी.सी.पी. कार्यालय) पर आयोजित 'पाँचवाँ कांवड़ सेवा शिविर' का भव्य उद्घाटन संपन्न हुआ। शिविर का शुभारंभ सचिन डेढ़ा  (महानगर उपाध्यक्ष, भाजयुमो) के संयोजन में मरघट वाले हनुमान मंदिर (ISBT, दिल्ली) के महंत वैभव शर्मा  के शुभ कर-कमलों द्वारा किया गया। इस अवसर पर एसीपी सूर्य बली मोर्य भी उपस्थित रहे।

इस अवसर पर एसीपी लोनी सूर्यबली तथा निवर्तमान महानगर महामंत्री पप्पू पहलवान  विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। सचिन डेढ़ा जी द्वारा हर साल आयोजित किया जाने वाला यह कांवड़ शिविर भोले के भक्तों को निरंतर भोजन, विश्राम और स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराता रहा है।

कार्यक्रम के दौरान सचिन डेढ़ा, बलप्रीत सिंह  महानगर अध्यक्ष, अल्पसंख्यक मोर्चा, भारतीय जनता पार्टी, गाजियाबाद को  स्मृति चिह्न भेंट कर  सम्मानित किया गया।

 उपस्थित सभी गणमान्य लोगों ने शिवभक्तों की निःस्वार्थ सेवा के इस पुनीत कार्य की भूरि-भूरि प्रशंसा की।

कांवड़ यात्रा की निगरानी हेतु एकीकृत नियंत्रण कक्ष का डीएम ने किया औपचारिक शुभारंभ, प्रशासन ने सुरक्षा एवं सुविधाओं के किए व्यापक प्रबंध










मुकेश गुप्ता

2000 कैमरों से हो रही निगरानी, सभी विभागों की हेल्पलाइन सेवाएं एक मंच पर उपलब्ध

जनपद गाजियाबाद में नंबर वन व्यवस्थाएं हैं: कावड़िये

गाजियाबाद । सावन कांवड़ यात्रा-2026 को सकुशल, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से मेरठ रोड तिराहे पर जिला प्रशासन एवं सिविल डिफेंस के संयुक्त एकीकृत नियंत्रण कक्ष का औपचारिक शुभारंभ जिलाधिकारी  रविन्द्र कुमार मॉंदड़, पुलिस उपायुक्त धवल जायसवाल एवं नगर आयुक्त  विक्रमादित्य सिंह मलिक, मुख्य विकास अधिकारी  कुमार सौरभ द्वारा किया गया।

इस अवसर पर जिलाधिकारी ने कहा कि कांवड़ यात्रा पश्चिमी उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी धार्मिक यात्राओं में से एक है, जिसमें लाखों की संख्या में शिवभक्त जनपद गाजियाबाद से होकर गुजरते हैं। उन्होंने कहा कि यात्रा के सफल संचालन के लिए सभी विभागों, स्वयंसेवी संगठनों, आम नागरिकों तथा मीडिया का सहयोग महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि नियंत्रण कक्ष के माध्यम से पूरे कांवड़ मार्ग की सतत निगरानी की जा रही है तथा विभिन्न विभागों की हेल्पलाइन सेवाएं भी यहीं से संचालित की जा रही हैं, जिससे किसी भी आपात स्थिति में त्वरित सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद में स्थापित लगभग 2000 सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से कांवड़ मार्ग, मुरादनगर गंगनहर क्षेत्र, राष्ट्रीय राजमार्ग-58 तथा श्री दूधेश्वरनाथ मंदिर सहित प्रमुख स्थलों की निगरानी की जा रही है। नियंत्रण कक्ष से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर आवश्यकतानुसार त्वरित निर्णय भी लिए जा रहे हैं।




उन्होंने अपने संयुक्त संबोधन में कहा कि कांवड़ यात्रा को शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित वातावरण में संपन्न कराने के लिए पुलिस बल पूर्ण सतर्कता के साथ तैनात है। संवेदनशील स्थलों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है तथा असामाजिक तत्वों पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित किया जा रहा है।


स्वास्थ्य सुविधाओं के संबंध में जिलाधिकारी ने बताया कि कांवड़ यात्रियों की सुविधा हेतु 65 एम्बुलेंस तैनात की गई हैं। इसके अतिरिक्त 25 से अधिक स्वास्थ्य शिविर स्थापित किए गए हैं तथा 200 से अधिक शैय्याएं आरक्षित रखी गई हैं। चिकित्सा शिविरों में प्राथमिक उपचार, मरहम-पट्टी एवं आवश्यक चिकित्सकीय सेवाओं की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।

कांवड़ मार्ग पर चौबीसों घंटे सफाई कर्मियों की तैनाती की गई है। जलभराव वाले क्षेत्रों में जेट पंपों के माध्यम से तत्काल जल निकासी की जा रही है ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने बताया कि संपूर्ण कांवड़ मार्ग को प्लास्टिक मुक्त बनाए रखने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है तथा भंडारों में पर्यावरण अनुकूल सामग्री के उपयोग को प्रोत्साहित किया जा रहा है।

उन्होंने यह भी बताया कि नगर निगम द्वारा संचालित सेवा शिविरों में श्रद्धालुओं के लिए भोजन एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। जिलाधिकारी ने नगर निगम द्वारा लगाए गए कांवड़ शिविर की व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर कांवड़ यात्रियों से संवाद स्थापित किया गया। श्रद्धालुओं ने प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं पर संतोष व्यक्त करते हुए सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि जनपद गाजियाबाद में कावड़ियों के लिए नंबर वन व्यवस्थाएं हैं। जिलाधिकारी ने इस दौरान अपने हाथों से कावड़ यात्रियों को भोजन प्रदान किया। इस मौके पर नगर आयुक्त एवं मुख्य विकास अधिकारी भी उपस्थित रहे।

जिलाधिकारी ने बताया कि 10 अगस्त को जनपद के पांच प्रमुख स्थलों पर कांवड़ यात्रियों के स्वागत हेतु पुष्प वर्षा कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जी के निर्देशों के अनुरूप कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, सुगम एवं श्रद्धापूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है।

इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी (नगर)  विकास कश्यप, नगर मजिस्ट्रेट सतीश चंद्र त्रिपाठी, सिविल डिफेंस से अनिल अग्रवाल, दिव्यांशु सिंघल, दीपक अग्रवाल राजेन्द्र शर्मा सहित नगर निगम, पुलिस एवं प्रशासन के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।




राज कुमार गोयल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में "भारतीय ज्ञान प्रणाली : मानविकी एवं विज्ञान" विषय पर पाँच दिवसीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम का हुआ सफल आयोजन




मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP-2020) के उद्देश्यों एवं भारतीय ज्ञान परंपरा के प्रभावी क्रियान्वयन को ध्यान में रखते हुए राज कुमार गोयल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, गाजियाबाद में 03 अगस्त से 07 अगस्त तक "भारतीय ज्ञान प्रणाली : मानविकी एवं विज्ञान" विषय पर पाँच दिवसीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम का सफल आयोजन किया गया।

इस कार्यक्रम का उद्देश्य शिक्षकों को भारतीय ज्ञान प्रणाली के मूल विचारों, उसके वैज्ञानिक और मानवीय पहलुओं तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुसार उच्च शिक्षा में उसके महत्व से परिचित कराना था। कार्यक्रम के मुख्य वक्ताओं में डॉ. अशोक कुमार, एसोसिएट प्रोफेसर तथा डॉ. पंकज शर्मा, प्रोफेसर, (एन. आई. टी. टी. टी. आर. चंडीगढ़) शामिल रहे। इस कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने भारतीय ज्ञान परंपरा, शिक्षा में भारतीय मूल्यों की उपयोगिता, अनुसंधान, नवाचार और समग्र शिक्षा पर सरल एवं प्रेरणादायक व्याख्यान दिए। उन्होंने बताया कि भारतीय ज्ञान प्रणाली को आधुनिक विज्ञान और प्रौद्योगिकी के साथ जोड़कर विद्यार्थियों में नैतिक मूल्य, नवाचार, तार्किक सोच और राष्ट्र निर्माण की भावना को और मजबूत बनाया जा सकता है। कार्यक्रम का सफल  आयोजन डॉ. राजेश मिश्रा, संयोजक (विभागाध्यक्ष - ए. एस. एच.) तथा डॉ. विकास कटोच, सह-संयोजक द्वारा किया गया।

कार्यक्रम के समापन अवसर पर संस्थान के वाइस चेयरमैन  अक्षत गोयल, ग्रुप एडवाइज़र डॉ. लक्ष्मण प्रसाद, एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर डॉ. डी. के. चौहान, डायरेक्टर डॉ. बी. सी. शर्मा, डीन एकेडमिक्स डॉ. आर. के. यादव तथा डीन स्टूडेंट्स वेलफेयर . एच जी. गर्ग ने सभी वक्ताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुरूप भारतीय ज्ञान प्रणाली को उच्च शिक्षा का हिस्सा बनाना समय की आवश्यकता है और ऐसे कार्यक्रम शिक्षकों के ज्ञान और शिक्षण कौशल को और बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

गुरुवार, 6 अगस्त 2026

विधानसभा में गूंजी एमएलसी दिनेश कुमार गोयल की आवाज, जनता से जुड़े तीन महत्वपूर्ण मुद्दे रखे

 

प्रदीप अग्रवाल

लखनऊ ।  उत्तर प्रदेश विधान परिषद के सदस्य दिनेश कुमार गोयल ने जनहित से जुड़े तीन महत्वपूर्ण विषयों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करते हुए विधान परिषद में नियम-110 एवं नियम-111 के अंतर्गत सूचनाएं प्रस्तुत कीं। उन्होंने प्रदेश के सरकारी भवनों की जर्जर स्थिति, सार्वजनिक उपयोग की सरकारी भूमि पर हो रहे अवैध कब्जों तथा मेरठ महानगर की वर्षों से लंबित सीवर लाइन परियोजना को तत्काल प्राथमिकता के आधार पर समाधान कराने की मांग की।

 श्री गोयल ने कहा कि मेरठ महानगर के जोन-6, पार्ट-1 में लगभग तीन वर्ष पूर्व तैयार की गई सीवर लाइन को आज तक चालू न किए जाने का मुद्दा उठाते हुए उन्होंने कहा कि लगभग 112 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित यह परियोजना शुरू होने से लगभग 20 लाख लोगों को जल निकासी की समस्या से राहत मिलेगी। उन्होंने सरकार से इस परियोजना को तत्काल संचालित कराने की मांग की।

एमएलसी दिनेश गोयल ने कहा कि प्रदेश के अनेक सरकारी कार्यालय, पंचायत भवन, स्वास्थ्य केंद्र, आंगनबाड़ी केंद्र एवं अन्य सार्वजनिक भवन जर्जर अवस्था में हैं, जिससे कर्मचारियों और आम नागरिकों की सुरक्षा पर गंभीर खतरा बना हुआ है। उन्होंने सरकार से सभी जर्जर भवनों का तकनीकी सर्वे कराकर आवश्यकतानुसार मरम्मत, पुनर्निर्माण तथा दोषी अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की।

इसके अतिरिक्त विषय में उन्होंने प्रदेशभर में चारागाह, नदी, तालाब एवं अन्य सार्वजनिक उपयोग की सरकारी भूमि पर हो रहे अवैध कब्जों और अनियमित आवंटनों पर चिंता व्यक्त करते हुए निष्पक्ष जांच, अवैध कब्जों को हटाने तथा दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक संपत्तियों का संरक्षण जनहित और पर्यावरण संरक्षण के लिए अत्यंत आवश्यक है।

एमएलसी दिनेश कुमार गोयल ने विश्वास व्यक्त किया कि सरकार इन जनहित के मुद्दों पर गंभीरता पर विचार कर शीघ्र प्रभावी कार्रवाई करेगी, जिससे प्रदेश के नागरिकों को राहत मिलेगी तथा सरकारी संसाधनों का संरक्षण सुनिश्चित हो सकेगा।

परमार्थ निकेतन पहुँचे पूज्य स्वामी वेदविद्यानन्द सरस्वती,पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती ने किया भव्य स्वागत


संवाददाता

परमार्थ पीठाधीश्वर, पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने उन्हें वेद विद्यालयों की स्थापना, विशुद्ध वैदिक स्वर परम्परा के संरक्षण एवं गुरूकुलों में शास्त्रार्थ   संस्कृति के पुनर्जागरण हेतु किया प्रेरित

ऋषिकेश, 6 अगस्त। स्वामी वेदविद्यानन्द सरस्वती परमार्थ निकेतन आये। उन्होंने परमार्थ पीठाधीश्वर, पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज से भेंट की। दोनों पूज्य संतों के बीच वेदों के संरक्षण, संवर्धन और नवयुगीन पुनर्जागरण को लेकर व्यापक एवं दूरदर्शी चर्चा हुई। विशेष रूप से वेद विद्यालयों की स्थापना, विशुद्ध वैदिक स्वर, उच्चारण एवं मंत्रोच्चार की प्रामाणिक परम्परा के संरक्षण, तथा गुरूकुलों के विद्यार्थियों को शुद्ध वेद मंत्रों का नियमित अभ्यास एवं प्रशिक्षण प्रदान करने की आवश्यकता पर विचार-विमर्श किया गया।

पूज्य स्वामी जी ने कहा कि वेद, भारत की चेतना, संस्कृति और आध्यात्मिक विज्ञान के जीवंत स्रोत हैं। यदि उनकी मौखिक परम्परा, स्वर-विन्यास, ऋषि-परम्परा और शास्त्रीय अनुशासन सुरक्षित रहेंगे, तभी आने वाली पीढ़ियाँ उनके वास्तविक स्वरूप का अनुभव कर सकेंगी। वेदों का संरक्षण, शुद्ध कण्ठ, अनुशासित साधना और गुरु-शिष्य परम्परा के माध्यम से ही सम्भव है।

पूज्य संतों ने इस बात पर विशेष बल दिया कि वर्तमान समय में जहाँ आधुनिक शिक्षण संस्थानों में डिबेट, शोध और बौद्धिक विमर्श विद्यार्थियों की प्रतिभा को निखारते हैं, वहीं उसी प्रकार गुरूकुलों में भी वेद, उपनिषद, दर्शन, व्याकरण, मीमांसा, न्याय एवं शास्त्रों पर शास्त्रार्थ, वैदिक संवाद, मंत्रोच्चारण प्रतियोगिताएँ तथा श्लोक-पाठ प्रतियोगिताएँ नियमित रूप से आयोजित की जाने की आवश्यकता है। 

पूज्य स्वामी जी ने कहा कि भारत की प्राचीन शास्त्रार्थ परम्परा सत्य की खोज का श्रेष्ठतम माध्यम थी। शास्त्रार्थ का उद्देश्य पराजय या विजय नहीं, बल्कि ज्ञान का विस्तार, चिंतन की परिष्कृति और सत्य की प्रतिष्ठा है। आज आवश्यकता है उसी महान परम्परा को आधुनिक संदर्भों में पुनर्जीवित किया जाए, जिससे युवा पीढ़ी वेदों और शास्त्रों को केवल पढ़े ही नहीं, बल्कि उनके गूढ़ अर्थों को समझे, आत्मसात करे और जीवन में उतारे।

पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि भारत का भविष्य तकनीकी प्रगति के साथ अपनी आध्यात्मिक और सांस्कृतिक जड़ों से जुड़े ज्ञान के पुनर्जागरण से उज्ज्वल होगा। वेद मानवता के लिए शाश्वत प्रकाश हैं। उनमें प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता, मानव जीवन के उच्चतम मूल्य, समरसता, यज्ञभाव, पर्यावरण संरक्षण, आत्मानुशासन और विश्वकल्याण का दिव्य संदेश समाहित है। यदि नई पीढ़ी वेदों से जुड़ेगी तो उनका व्यक्तित्व केवल विद्वान ही नहीं, बल्कि मूल्यवान भी बनेगा।

पूज्य स्वामी वेदविद्यानन्द सरस्वती जी ने कहा कि वैदिक परम्परा को जीवित रखना सम्पूर्ण समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। वेदों का संरक्षण तभी सम्भव होगा जब अधिक से अधिक बालक-बालिकाएँ वैदिक अध्ययन की ओर प्रेरित हों, गुरूकुलों को सशक्त बनाया जाए, योग्य आचार्यों का सम्मान हो तथा वैदिक स्वर परम्परा की शुद्धता को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि पूज्य स्वामी जी ने संगम तट प्रयागराज में परमार्थ त्रिवेणी पुष्प और अरैल घाट पर ऋषिकन्याओं द्वारा वेदमंत्रों से गंगा आरती शुरू कर समाज में विलक्षण किया। युवाओं को नई दिशा प्रदान की।

उन्होंने कहा कि समय की आवश्यकता के अनुरूप ऐसे राष्ट्रीय स्तर के आयोजन किए जाएँ, जिनमें विभिन्न गुरूकुलों के विद्यार्थी एक मंच पर आकर वैदिक मंत्रोच्चारण, शास्त्रार्थ, श्लोक-पाठ, वैदिक ज्ञान-विमर्श एवं संस्कृत वाङ्मय पर आधारित प्रतियोगिताओं में सहभागिता करें। ऐसे आयोजन केवल प्रतिभा का सम्मान नहीं करेंगे, बल्कि भारत की ज्ञान परम्परा को नई पीढ़ी के बीच पुनः प्रतिष्ठित करेंगे।

यह चर्चा वैदिक मंत्रों की दिव्य अनुगूँज, गुरु-परम्परा के प्रति श्रद्धा और भारत की ज्ञान-संस्कृति के पुनर्जागरण के संकल्प से ओतप्रोत रही। यदि वेदों की वाणी पुनः जन-जन तक पहुँचेगी, यदि गुरूकुलों में शास्त्रार्थ की परम्परा पुनर्जीवित होगी और यदि युवाओं को अपने सनातन ज्ञान-विज्ञान से जोड़ने का सतत प्रयास होगा, तो भारत पुनः विश्व को ज्ञान, संस्कृति, करुणा और आध्यात्मिक नेतृत्व प्रदान करने में सक्षम होगा।

पूज्य स्वामी जी ने स्वामी वेदविद्यानन्द सरस्वती जी  को श्रावण की दिव्य भेंट रूद्राक्ष का पौधा भेंट किया।

देवी अहिल्याबाई होल्कर शिव कांवड़ सेवा समिति का 22वें विशाल शिव कांवड़ शिविर का भाजपा नेता गोपाल अग्रवाल ने किया उदघाटन, भण्डारा शुरू




मुकेश गुप्ता

मुरादनगर, गाजियाबाद । देवी अहिल्याबाई होल्कर शिव कांवड़ सेवा समिति द्वारा विगत 21 वर्षों की परंपरा को कायम रखते हुए 22वें विशाल शिव कांवड़ भण्डारे का शुभारंभ किया गया। 

यह भण्डारा पिलर नंबर 853, पकवान रेस्टोरेंट के सामने, राधेश्याम विहार फेस-1, गेट नंबर-2, मुरादनगर में आयोजित किया गया है।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व महामंत्री महानगर भाजपा गाजियाबाद श्री गोपाल अग्रवाल रहे। उन्होंने आयोजकों की सराहना करते हुए कहा कि समिति पिछले 21 वर्षों से निरंतर सेवा कर रही है। उन्होंने हर वर्ष इस तरह के आयोजन में हर संभव मदद का आश्वासन भी दिया।

इस अवसर पर सभासद भूपेंद्र पाल ने बताया कि हम 11 वर्ष तक स्वयं कांवड़ लाते रहे हैं और पिछले 21 वर्षों से इसी स्थान पर भण्डारे का आयोजन कर शिवभक्तों की सेवा कर रहे हैं।

इस मौके पर माज़ुद् सभासद विनोद धनगर, अजीत पाल, विजेंद्र पाल, श्रीपाल, चंद्रभान, रविंद्र, जगदीश पाल सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे।

माफिया, सासंद अतीक अहमद के बेटे अबान की सड़क हादसे में हुई दर्दनाक मौत


प्रदीप अग्रवाल

लखनऊ । कानपुर से झांसी जाते समय एक सड़क हादसे में अतीक अहमद सांसद और माफिया के छोटे बेटे अबान की दर्दनाक मौत हो गई है. बताया जा रहा है कि तेज रफ्तार कार सवार लोग कानपुर से झांसी जेल में बंद अतीक के दूसरे बेटे अली अहमद से मुलाकात करने जा रहे थे, तभी मौत बनकर आए इस हादसे ने उनके परखच्चे उड़ा दिए।

 मिली जानकारी के मुताबिक अबान अहमद अपने भाई अली अहमद से मिलने झांसी जेल जा रहा था. इसी दौरान झांसी-कानपुर हाईवे पर पूंछ थाना क्षेत्र के ग्राम खिल्ली के पास तेज रफ्तार क्रेटा कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई. 

ये सड़क हादसा इतना भीषण था कि अबान की कार के परखच्चे उड़ गए। दुर्घटना में अबान और उसके दोस्त सोनू की भी मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए है. दुर्घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाया. पुलिस ने जांच शुरू कर दी है.

इससे पहले अतीक के बेटे असद की झांसी में पुलिस मुठभेड़ में मौत हो चुकी थी, जबकि अली अहमद फिलहाल झांसी जेल में बंद है. उसकी मौत की जानकारी उसकी बुआ को दे दी गई है. परिवार और रिश्तेदार के लोग झांसी के लिए रवाना हो गए हैं. अबान का शव झांसी मेडिकल कॉलेज में रखा गया है. उसका पोस्टमार्टम झांसी में ही किया जाएगा और फिर उसके शव को परिजनों को सौंप दिया जाएगा. जानकारी मिल रही है कि अबान के शव को कसारी-मसारी स्थित कब्रिस्तान में दफनाया जाएगा।

बुधवार, 5 अगस्त 2026

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के पर्यावरण विभाग के राष्ट्रीय संयोजक गोपाल आर्य का परमार्थ निकेतन में हुआ भव्य स्वागत

 



संवाददाता

परमार्थ पीठाधीश्वर, पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी से दिव्य भेंटवार्ता एवं पर्यावरण संरक्षण पर गहन संवाद

पर्वों एवं परम्पराओं को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ने पर चिंतन-मंथन

धरती की भूख मिटानी है तो पेड़ लगाइए—स्वामी चिदानन्द सरस्वती

ऋषिकेश, 5 अगस्त। प्रकृति, पर्यावरण और मानवता के कल्याण के पावन संकल्प को लेकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के पर्यावरण विभाग के राष्ट्रीय संयोजक श्री गोपाल आर्य जी का परमार्थ निकेतन में आगमन हुआ। इस अवसर पर परमार्थ पीठाधीश्वर, पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी के साथ उनकी दिव्य भेंटवार्ता हुई। इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण, हरियाली संवर्धन, भारतीय संस्कृति में प्रकृति के महत्व और आने वाली पीढ़ियों के लिए हरित भविष्य के निर्माण पर गहन विचार-विमर्श हुआ।

पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज ने कहा कि प्रकृति केवल हमारे जीवन का आधार ही नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति का प्राण है। भारत ने सदैव पृथ्वी को माता माना है और नदियों, पर्वतों, वृक्षों तथा समस्त जीव-जगत में दिव्यता का दर्शन किया है। पर्यावरण संरक्षण, हमारी सनातन संस्कृति का मूल संस्कार है।

पूज्य स्वामी जी ने कहा कि धरती की भूख मिटानी है तो पेड़ लगाइए। जब धरती हरी-भरी होगी, तभी मानवता खुशहाल होगी। उन्होंने कहा कि श्रावण मास सृष्टि की सामूहिक साधना का अवसर है। यह वह पावन समय है जब सम्पूर्ण प्रकृति शिवमय हो उठती है। वर्षा की हर बूंद शिव का आशीर्वाद बनकर धरती को जीवन देती है, नदियों की हर धारा शिव की करुणा का संदेश देती है और वृक्षों की हरियाली सृष्टि के नवजीवन का उत्सव बन जाती है।

इस श्रावण अवसर पर आइए, हम अपने अंतर्मन में शिव की चेतना को जागृत करें, प्रकृति का सम्मान करें, जल, जंगल और जीवन की रक्षा का संकल्प लें तथा दुनिया में प्रेम, शांति और सद्भाव का प्रकाश प्रसारित करें।

 गोपाल आर्य जी ने पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में जनभागीदारी के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि पर्यावरण की रक्षा प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने भारतीय जीवन पद्धति में प्रकृति के साथ सामंजस्यपूर्ण संबंधों का उल्लेख करते हुए कहा कि हमारी परंपराओं में जल, जंगल और जमीन के प्रति सम्मान का भाव सदैव रहा है।

उन्होंने इस बात पर बल दिया कि पर्यावरण संरक्षण को जन-आंदोलन बनाना होगा। जब प्रत्येक परिवार, प्रत्येक युवा और समाज का प्रत्येक व्यक्ति प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनेगा, तभी वास्तविक परिवर्तन संभव होगा। उन्होंने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि वे जल संरक्षण, वृक्षारोपण, स्वच्छता और टिकाऊ व सतत जीवनशैली को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं।

 गोपाल आर्य और पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज ने इस अवसर पर यह संदेश दिया कि भारत की आध्यात्मिक चेतना और आधुनिक पर्यावरणीय प्रयासों का समन्वय ही विश्व को एक नई दिशा दे सकता है।

पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी महाराज ने गोपाल आर्य  को श्रावण मास के पावन उपहार स्वरूप परमार्थ निकेतन का सिग्नेचर उपहार, पवित्र रुद्राक्ष का पौधा भेंट किया।

देवेंद्र हितकारी को विश्व हिंदू परिषद का महानगर उपाध्यक्ष बनाए जाने पर अतुल जैन और रजनीश बंसल ने बधाई दी-

 

मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । वरिष्ठ समाजसेवी विभिन्न धार्मिक,सामाजिक, व्यापारिक और योग संस्थाओं से जुड़े हुए बड़े ही मृदुभाषी,परम स्नेही देवेंद्र हितकारी को विश्व हिंदू परिषद के महानगर उपाध्यक्ष बनाए जाने पर गाजियाबाद लोहा विक्रेता मंडल के अध्यक्ष एवं टेक्निकल इंस्टीट्यूशंस फाउंडेशन आफ उत्तर प्रदेश के महासचिव अतुल जैन, कपड़ा व्यापारी एसोसिएशन के महामंत्री रजनीश बंसल ने संयुक्त रूप से उनका स्वागत सम्मान करते हुए बधाई और शुभकामनाएं दी। 

और आशा व्यक्त की कि विश्व हिंदू परिषद की गतिविधियों में उनकी सक्रिय भूमिका से और गति मिलेगी। 

आंचल न्यास से मुकेश कुमार जी और वरिष्ठ व्यापारी जयवेंद्र गुप्ता भी उपस्थित रहे।

बढ़े हुए हाउस टैक्स के विरोध में व्यापारियों का बिगुल, 6 अगस्त से नवयुग मार्केट में अनिश्चितकालीन देगें धरना

  


मुकेश गुप्ता

बढ़ा हुआ हाउस टैक्स पूरे शहर का मुद्दा है, व्यापारियों की इस लड़ाई में आरडब्ल्यूए फेडरेशन उनके साथ मजबूती से खड़ा है; जल्द ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर भी यह मुद्दा उठाएंगे" : आर.के. गर्ग

गाजियाबाद। नगर निगम द्वारा बढ़ाए गए हाउस टैक्स के विरोध में शहर के व्यापारियों ने आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है। बुधवार को आयोजित व्यापारियों की बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 6 अगस्त से नवयुग मार्केट में शांतिपूर्ण अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। धरना प्रतिदिन प्रातः 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक आयोजित किया जाएगा।

बैठक में व्यापारियों ने कहा कि नगर निगम द्वारा बढ़ाया गया हाउस टैक्स पूरी तरह अव्यावहारिक है, जिससे व्यापारियों के साथ-साथ आम नागरिकों पर भी अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ा है। उन्होंने मांग की कि नगर निगम हाउस टैक्स वृद्धि को तत्काल वापस लिया जाए तथा कर निर्धारण प्रक्रिया की पुनः समीक्षा कर व्यापारियों और नागरिकों को राहत प्रदान की जाए। व्यापारियों ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।

बैठक में आरडब्ल्यूए फेडरेशन गाजियाबाद के चेयरमैन आर.के. गर्ग अपनी टीम के साथ मौजूद रहे। उन्होंने व्यापारियों के आंदोलन को पूर्ण समर्थन देते हुए कहा, बढ़ा हुआ हाउस टैक्स पूरे शहर का मुद्दा है। इसका असर केवल व्यापारियों पर नहीं, बल्कि हर नागरिक पर पड़ रहा है। आरडब्ल्यूए फेडरेशन इस जनहित की लड़ाई में व्यापारियों के साथ मजबूती से खड़ा है और उनकी जायज मांगों के समर्थन में हरसंभव सहयोग करेगा  शीघ्र ही हम व्यापारियों के प्रतिनिधिमंडल के साथ उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भी मुलाकात करेंगे और बढ़े हुए हाउस टैक्स सहित शहर की अन्य जनसमस्याओं को उनके समक्ष प्रमुखता से उठाकर समाधान की मांग करेंगे।

बैठक के संयोजक एवं सर्राफा एसोसिएशन के संरक्षक राज किशोर गुप्ता ने बताया कि 6 अगस्त से नवयुग मार्केट में शांतिपूर्ण अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जब तक नगर निगम बढ़े हुए हाउस टैक्स को वापस नहीं लेता अथवा इस संबंध में सकारात्मक निर्णय नहीं करता, तब तक धरना निरंतर जारी रहेगा। उन्होंने शहर के सभी व्यापारी संगठनों एवं नागरिकों से आंदोलन में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की।

इस अवसर पर गाजियाबाद RWA फेडरेशन के चेयरमैन आर के  गर्ग ,कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सतीश शर्मा, समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता अभिषेक गर्ग, प्रीतम लाल, सुभाष गुप्ता, सुभाष छावड़ा, मनवीर नागर, रजनीश बंसल, मुनेन्द्र आर्य, हरवीर गांधी, आर.के. आर्या, राज किशोर गुप्ता, गौरव बंसल, सुनील चाचा, राजू छावड़ा सहित सैकड़ों व्यापारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में बढ़े हुए हाउस टैक्स का विरोध करते हुए कहा कि यह केवल व्यापारियों का नहीं, बल्कि पूरे शहर के नागरिकों का मुद्दा है और जब तक हाउस टैक्स वृद्धि वापस नहीं ली जाती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

सपा ने सदन को नहीं, बल्कि दलितों-पिछड़ों, युवाओं, किसानों, महिलाओं व गरीबों के अवसर बाधित किए: मुख्यमंत्री

 


                               प्रदीप अग्रवाल

सदन में उजागर हुआ सपा का दलित-पिछड़ा, युवा, गरीब, किसान, महिला विरोधी चरित्रः मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित होने के उपरांत पत्रकारों से की वार्ता

सपा ने नकारात्मक रवैये के कारण अनुपूरक बजट की कल्याणकारी योजनाओं पर नहीं होने दी चर्चा: सीएम योगी

लखनऊ, 5 अगस्त। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि विधानसभा सत्र के दौरान सपा का असली चेहरा एक बार फिर देखने को मिला। सपा सदस्यों द्वारा विधानसभा सत्र को हंगामे के हवाले करना प्रदेश के युवाओं, किसानों, महिलाओं व गरीबों के साथ भारी अन्याय है। इन लोगों ने नकारात्मक रवैये के कारण अनुपूरक बजट की जन-कल्याणकारी योजनाओं पर चर्चा नहीं होने दी। सपा ने इस सदन को नहीं, बल्कि दलितों-पिछड़ों, युवाओं, किसानों, महिलाओं व गरीबों के अवसर बाधित करने का काम किया है। मुख्यमंत्री बुधवार को विपक्ष के भारी हंगामे के बाद उत्तर प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित होने के उपरांत विधान भवन में पत्रकारों से वार्ता कर रहे थे।

हर तबके के लिए निरंतर कार्य करेगी डबल इंजन सरकार

सीएम ने कहा कि सपा का असली चरित्र दलित, पिछड़ा, युवा, गरीब, किसान, महिला विरोधी है। सदन ने उसके इसी चेहरे को बेनकाब किया है। इन लोगों का चरित्र अलोकतांत्रिक, असंवैधानिक, शर्मनाक व इन सभी तबकों के साथ अनर्थ करने वाला रहा है। सदन में सपा के इस व्यवहार की हम निंदा करते हैं और प्रदेशवासियों को आश्वस्त करते हैं कि डबल इंजन सरकार ने पिछले सवा 9 वर्षों में जिस प्रतिबद्धता के साथ समाज के प्रत्येक वर्ग के हितों के लिए कार्य किया है, वह बिना रुके, डिगे, थके आगे बढ़ता रहेगा। 

हर वर्ग के उत्थान के लिए 59 हजार करोड़ से अधिक का अनुपूरक बजट

सीएम ने कहा कि सरकार की मंशा यही रही कि मानसून सत्र में युवाओं के रोजगार, स्किलिंग कार्यक्रम बढ़ें। किसानों, गरीबों के कल्याण के लिए नए कार्यक्रम और महिलाओं के सम्मान-स्वावलंबन के लिए अतिरिक्त प्रयास आगे बढ़ें। इसीलिए सरकार 59 हजार करोड़ से अधिक का अनुपूरक बजट लेकर आई और कई जन-कल्याणकरी योजनाओं व कार्यक्रमों के लिए धनराशि की व्यवस्था की। सरकार चाहती थी कि नई योजनाओं को घोषित करने के लिए विधानसभा सदन में सार्थक चर्चा हो। 

सपा का नकारात्मक रवैया बना जन-कल्याण में बाधा

मुख्यमंत्री ने दो-टूक कहा कि समाजवादी पार्टी ने अपने नकारात्मक रवैये के कारण युवाओं, अन्नदाता किसानों, महिलाओं के स्वावलंबन व गरीबों के लिए बनने वाली कल्याणकारी योजनाओं पर चर्चा नहीं होने दी। इनका आचरण असंवैधानिक होने के साथ ही युवा, किसान, महिला व गरीब विरोधी भी है। जन प्रतिनिधियों ने नई मांगों के साथ ही प्रदेश के इंफ्रास्ट्रक्चर को और मजबूत किए जाने तथा एक्सप्रेसवे नेटवर्क को और बेहतर बनाने के लिए जो मांगें रखी थीं, अनुपूरक बजट में उसके लिए भी धनराशि का प्रावधान किया गया है। 

प्रदेश के विकास में योगदान देने वालों के हित में कार्यरत सरकार

सीएम ने कहा कि आंगनवाड़ी, आशा वर्कर, रसोइए, ग्राम चौकीदार, कोटेदार आदि तमाम लोग प्रदेश के विकास के लिए मजबूती से काम कर रहे हैं। इन लोगों के साथ ही सरकार ने हर उस तबके के हित में काम करने का प्रयास किया था, जिनके मानदेय बढ़ने हैं। निराश्रित महिला पेंशन, वृद्धावस्था पेंशन, दिव्यांगजन पेंशन में वृद्धि और नए पात्र लोगों को जोड़ने के प्रावधानों पर सदन में चर्चा होती, लेकिन समाजवादी पार्टी का नकारात्मक रवैया इसमें बाधा बन गया। सदस्यों द्वारा कई महत्वपूर्ण मांगों को सदन में मजबूती से बढ़ाने का प्रयास किया जाता, लेकिन सपा सदस्यों का आचरण में रुकावट बन गया। इसके बावजूद विधानसभा ने अनुपूरक मांगों को पारित किया है।

आउटसोर्सिंग कमीशन का गठन किया गया

मुख्यमंत्री ने बताया कि उत्तर प्रदेश सरकार ने आउटसोर्सिंग कमीशन का गठन कर दिया है। हर आउटसोर्स कर्मी को न्यूतनम मानदेय और सामाजिक सुरक्षा की गारंटी प्राप्त हो, इसके लिए बजट में धनराशि की व्यवस्था कर दी गई है। आंगनवाड़ी, आशा कार्यकर्ता, ग्राम चौकीदार, रसोइया, कोटेदार आदि के इंसेंटिव, मानदेय को बढ़ाने के लिए भी बजट में धनराशि की व्यवस्था की गई है। विधानसभा से पारित होने के उपरांत बजट विधान परिषद से पारित होगा। इसके बाद अलग-अलग कार्यक्रमों के माध्यम से सरकार इसका लाभ हर तबके तक पहुंचाएगी।

कर्मठ तबके को अपमानित करने वाला है सपा का चरित्र

मुख्यमंत्री ने कहा कि समाजवादी पार्टी का यह चरित्र, अल्प मानदेय के बावजूद प्रदेश के विकास व 25 करोड़ जनता-जनार्दन की सेवा में जुटे तबके को अपमानित करने वाला है। इससे पहले भी इन लोगों ने शिक्षामित्रों के भविष्य से खिलवाड़ किया था। शिक्षामित्रों को पहले 3000 मानदेय मिलता था, लेकिन हमारी सरकार ने इसे बढ़ाकर पहले 10 हजार और फिर 18 हजार किया। अनुदेशकों का मानदेय 9 हजार से बढ़ाकर 17 हजार रुपये किया। साथ ही बेसिक, माध्यमिक व उच्च शिक्षा से जुड़े शिक्षकों को भी कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई। 

सामाजिक न्याय के लिए समर्पित महापुरुषों का भी अपमान

सीएम ने कहा कि अनुपूरक मांगों में हम अन्य तमाम तबकों के लिए बेहतरीन योजनाएं लेकर आए थे। सामाजिक न्याय के लिए जीवन समर्पित करने वाले महापुरुष बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर, महर्षि वाल्मीकि, संत शिरोमणि रविदास, संत ज्योतिबा फुले,  शाहूजी महाराज, लोकमाता अहिल्या बाई होल्कर आदि की मूर्तियों पर छाजन, पार्क, बाउंड्रीवाल के लिए हमने 407 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। यह बजट पास न हो, इसके लिए समाजवादी पार्टी ने सदन की कार्यवाही को बाधित किया और लगातार व्यवधान पैदा करने का प्रयास किया।  लेकिन, सपा के हंगामे के बावजूद विधानसभा से अनुपूरक मांगें पारित हुई हैं। विधानमंडल से पारित होने के उपरांत ये सभी कार्य तय सीमा के अंदर आगे बढ़ेंगे और सामाजिक न्याय के सभी पुरोधाओं को सम्मान मिलेगा। 

पत्रकार वार्ता में उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, कैबिनेट मंत्री सुरेश खन्ना, स्वतंत्र देव सिंह, विधायक फतेह बहादुर सिंह, नंदकिशोर गुर्जर, राजेश्वर सिंह, सुशील सिंह आदि मौजूद रहे।

सात दिवसीय कावड़ शिविर का नगर निगम ने किया आयोजन,महापौर तथा नगर आयुक्त सहित पार्षदों एवं निगम अधिकारियों ने किया शुभारंभ

 





मुकेश गुप्ता

निगम के कावड़ शिविर में नगर आयुक्त ने पहले किया शिवपूजन फिर श्रद्धालुओं तथा कावड़ यात्रियों को किया प्रसाद वितरण

गाजियाबाद नगर निगम का कावड़ शिविर पूर्ण रूप से होगा प्लास्टिक मुक्त-महापौर

7 दिन कांवड़ियों के लिए भोजन विश्राम की 24 घंटे व्यवस्था कर रहा है निगम-नगर आयुक्त

गाजियाबाद । गाजियाबाद नगर निगम के कावड़ शिविर का शुभारंभ हुआ जिसमें महापौर सुनीता दयाल, नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक द्वारा कांवड़ यात्रियों को भोजन और प्रसाद वितरण कर सात दिवसीय कावड़  शिविर का शुभारंभ किया गया, मौके पर नगर निगम के सभी अधिकारी गण उपस्थित रहे माननीय पार्षदों की उपस्थिति भी रही सभी ने संयुक्त रूप से श्रद्धालुओं तथा कावड़ यात्रियों को प्रसाद वितरण किया, नगर आयुक्त द्वारा कावड़ शिविर के शुभारंभ पर सबसे पहले भगवान शंकर महादेव जी का जल अभिषेक किया गया, पंचामृत से अभिषेक किया गया तथा मंत्र उच्चारण के साथ पूजन करते हुए भगवान को भोग लगाकर कावड़ शिविर की शुरुआत की गई।

महापौर सुनीता दयाल द्वारा सभी शिव भक्तों तथा कावड़ यात्रियों को कावड़ महोत्सव की शुभकामनाएं दी गई गाजियाबाद नगर निगम का कावड़ शिविर पूर्ण रूप से प्लास्टिक मुक्त रखा जा रहा है जिसमें स्टील के बर्तन का उपयोग भोजन के लिए किया जा रहा है श्रद्धालुओं तथा कावड़ यात्रियों से भी कावड़ शिविर को प्लास्टिक मुक्त बनाए रखने के लिए अपील की गई अन्य गाजियाबाद नगर निगम सीमा अंतर्गत लगने वाले कावड़ शिविर भी प्लास्टिक मुक्त रहे अपील की गई।

नगर आयुक्त द्वारा बताया गया कि गाजियाबाद नगर निगम जहां शहर में कावड़ यात्रियों के लिए बेहतर व्यवस्था कर रहा है वही लाखों की संख्या में पधारने वाले कावड़ यात्रियों के लिए कावड़ शिविर भी लग रहा है गाजियाबाद नगर निगम का कावड़ शिविर स्वच्छ और व्यवस्थित है, कांवड़ यात्रियों के लिए 7 दिन तक 5 अगस्त से 11 अगस्त तक 24 घंटे व्यवस्थाएं रहेगी जिसमें साफ सफाई की व्यवस्था, शौचालय की व्यवस्था, प्रकाश व्यवस्था, विश्राम की व्यवस्था, भोजन की व्यवस्था साईं उपवन में की गई है।

गाजियाबाद नगर निगम का कावड़ शिविर इस बार भी प्रत्येक वर्ष की भांति आयोजित किया गया है जिसको पूर्ण रूप से प्लास्टिक मुक्त बनाने की तैयारी चल रही है, मौके पर गाजियाबाद नगर निगम साइ सेवा ट्रस्ट के सभी पदाधिकारी भी उपस्थित रहे,  पार्षद गण तथा अधिकारी भी उपस्थित रहे।

मंगलवार, 4 अगस्त 2026

जीडीए उपाध्यक्ष ने हरनंदीपुरम के भू-उपयोग परिवर्तन से संबंधित प्रकरण की समीक्षा की, समिति को अगस्त माह की बोर्ड बैठक से पूर्व प्रस्ताव प्रस्तुत करने के दिए निर्देश


मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष द्वारा आज हरनंदीपुरम योजना के भू-उपयोग परिवर्तन हेतु गठित समिति के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में समिति के अध्यक्ष सचिव, अपर सचिव, विशेष कार्याधिकारी (प्रथम), प्रभारी मुख्य अभियंता, प्रभारी मुख्य नगर नियोजक, नगर नियोजक, सहायक अभियंता (मास्टर प्लान जोन-1), तहसीलदार (जीडीए) तथा सहायक नगर नियोजक सहित संबंधित अधिकारियों ने प्रतिभाग किया। बैठक में हरनंदीपुरम योजना के प्रथम चरण के भू-उपयोग परिवर्तन एवं लेआउट अनुमोदन से संबंधित प्रकरण पर विस्तृत समीक्षा की गई।

बैठक के दौरान उपाध्यक्ष ने समिति को निर्देशित किया कि हरनंदीपुरम योजना के प्रथम चरण के भू-उपयोग परिवर्तन तथा प्रथम चरण के लेआउट से संबंधित समस्त परीक्षण, अभिलेखों का परीक्षण एवं आवश्यक कार्यवाही प्राथमिकता के आधार पर तत्काल पूर्ण की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि समिति अपना अंतिम स्पष्ट अभिमत निर्धारित समय में उपलब्ध कराते हुए प्रकरण को आगामी अगस्त माह में प्रस्तावित गाजियाबाद विकास प्राधिकरण की बोर्ड बैठक से पूर्व अंतिम रूप दे।

उपाध्यक्ष ने कहा कि समिति की संस्तुति प्राप्त होने के उपरांत उक्त भू-उपयोग परिवर्तन एवं प्रथम चरण के लेआउट अनुमोदन का प्रस्ताव आगामी बोर्ड बैठक में अनुमोदन हेतु प्रस्तुत किया जाएगा तथा बोर्ड से स्वीकृति प्राप्त कर योजना के विकास कार्यों को शीघ्र गति प्रदान की जाएगी।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि इस महत्वपूर्ण परियोजना से संबंधित सभी औपचारिकताएं समयबद्ध रूप से पूर्ण की जाएं ताकि हरनंदीपुरम योजना के प्रथम चरण का विकास निर्धारित समयसीमा में प्रारंभ हो सके तथा आमजन को शीघ्र आवासीय सुविधाओं का लाभ मिल सके।

विधान परिषद सदस्य दिनेश कुमार गोयल ने महिला सुरक्षा एवं अवैध निर्माण जैसे जनहित के गंभीर मुद्दों को विधान परिषद में उठाया



                            प्रदीप अग्रवाल

लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधान परिषद के सदस्य दिनेश कुमार गोयल एवं  विजय बहादुर पाठक ने आज प्रदेश की जनता से जुड़े दो अत्यंत महत्वपूर्ण एवं जनहित के विषयों को सदन में प्रभावी ढंग से उठाते हुए सरकार का ध्यान आकृष्ट कराया।

पहले विषय में दिनेश कुमार गोयल ने राज्य परिवहन निगम की बसों में महिलाओं की सुरक्षा हेतु लगाए गए पैनिक बटन की बदहाल स्थिति का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि प्रदेशभर में लगभग 5,000 बसों में करोड़ों रुपये की लागत से पैनिक बटन लगाए गए थे, किन्तु रखरखाव के अभाव में अधिकांश बसों में ये उपकरण निष्क्रिय हो चुके हैं। केवल गाजियाबाद क्षेत्र में ही लगभग 680 बसों में लगाए गए पैनिक बटन के कार्य न करने की जानकारी सामने आई है। उन्होंने सरकार से तत्काल सभी बसों में पैनिक बटन की जांच कराकर उन्हें शीघ्र क्रियाशील बनाने तथा नियमित रखरखाव की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की, जिससे महिला यात्रियों की सुरक्षा को और अधिक सुदृढ़ किया जा सके।

इसके साथ ही दिनेश गोयल ने प्रदेशभर में अवैध निर्माणों की गंभीर समस्या को भी विधान परिषद में प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि विकास प्राधिकरणों, आवास विकास परिषद एवं औद्योगिक विकास प्राधिकरणों के क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर बिना स्वीकृत मानचित्र के बहुमंजिला भवन एवं व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स निर्मित हो रहे हैं, जिससे आमजन की सुरक्षा पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो गया है। उन्होंने कहा कि अनेक स्थानों पर न्यायालयों के आदेशों के बावजूद प्रभावी कार्रवाई नहीं हो पा रही है, जिसके कारण भविष्य में किसी बड़ी दुर्घटना की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता।

 दिनेश गोयल ने सरकार से मांग की कि प्रदेशभर में अवैध निर्माणों के विरुद्ध व्यापक अभियान चलाकर दोषियों पर कठोर कार्रवाई की जाए तथा ऐसी इमारतों की नियमित जांच एवं निगरानी की प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि नागरिकों के जीवन एवं संपत्ति की सुरक्षा बनी रहे।

 दिनेश कुमार गोयल ने कहा कि जनहित, महिला सुरक्षा एवं सुरक्षित शहरी विकास उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा जनता से जुड़े प्रत्येक महत्वपूर्ण विषय को वे निरंतर विधान परिषद में मजबूती से उठाते रहेंगे।

विधान परिषदसदस्य दिनेश कुमार गोयल ने स्कूली बसों को टोल टैक्स से मुक्त करने व फुटपाथों एवं सार्वजनिक मार्गों से अतिक्रमण हटाने की मांग


मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । उत्तर प्रदेश विधान परिषद के सदस्य दिनेश कुमार गोयल एवं विजय बहादुर पाठक ने आज विधान परिषद में नियम-110 के अंतर्गत दो महत्वपूर्ण जनहित के विषय उठाते हुए प्रदेश सरकार का ध्यान आम नागरिकों की सुविधा एवं विद्यार्थियों के हित से जुड़े मुद्दों की ओर आकर्षित किया।

पहले विषय में दोनों सदस्यों ने टोल प्लाजा के आसपास स्थित विद्यालयों में अध्ययनरत विद्यार्थियों को लाने-ले जाने वाली स्कूली बसों को टोल टैक्स से पूर्णतः मुक्त किए जाने की मांग की। उन्होंने कहा कि प्रतिदिन कई बार टोल प्लाजा से गुजरने के कारण स्कूल बसों पर अतिरिक्त आर्थिक भार पड़ता है, जिसका सीधा प्रभाव विद्यार्थियों के अभिभावकों पर पड़ता है।

उन्होंने बताया कि केवल टोल शुल्क के कारण ही प्रति विद्यार्थी लगभग ₹800 से ₹850 प्रतिमाह का अतिरिक्त व्यय आता है, जबकि डीजल, चालक-परिचालक के वेतन, वाहन रखरखाव एवं अन्य खर्चों को जोड़ने पर यह व्यय लगभग ₹2,000 प्रतिमाह या उससे अधिक हो जाता है। ग्रामीण एवं आर्थिक रूप से सामान्य परिवारों के लिए यह अतिरिक्त बोझ शिक्षा प्राप्त करने में बाधा बन रहा है। इसलिए अन्य राज्यों की भांति उत्तर प्रदेश में भी स्कूली बसों को टोल टैक्स से पूर्णतः मुक्त किया जाना चाहिए।

दोनों सदस्यों ने विश्वास व्यक्त किया कि सरकार इन दोनों महत्वपूर्ण जनहित के विषयों पर सकारात्मक निर्णय लेकर प्रदेशवासियों को राहत प्रदान करेगी। एक ओर अतिक्रमण मुक्त एवं सुरक्षित सार्वजनिक मार्ग उपलब्ध होंगे, वहीं दूसरी ओर विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों पर आर्थिक बोझ कम होगा तथा शिक्षा को और अधिक प्रोत्साहन मिलेगा।

दूसरे विषय में दोनों सदस्यों ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न नगरों, विशेषकर लखनऊ, गाजियाबाद, प्रयागराज, वाराणसी, आगरा, मेरठ, कानपुर सहित अन्य शहरों में फुटपाथों, सार्वजनिक मार्गों एवं सड़कों पर लगातार बढ़ते अतिक्रमण के कारण आम नागरिकों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। पैदल यात्रियों के लिए बने फुटपाथों पर अवैध पार्किंग, अस्थायी एवं स्थायी कब्जों तथा व्यावसायिक गतिविधियों के चलते महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों, दिव्यांगजनों एवं स्कूली बच्चों का सुरक्षित आवागमन प्रभावित हो रहा है।

उन्होंने कहा कि उच्चतम न्यायालय एवं उच्च न्यायालय समय-समय पर सार्वजनिक भूमि एवं फुटपाथों से अतिक्रमण हटाने के निर्देश दे चुके हैं, लेकिन अनेक स्थानों पर प्रभावी एवं स्थायी कार्रवाई का अभाव दिखाई देता है। इसलिए प्रदेशव्यापी विशेष अभियान चलाकर फुटपाथों एवं सार्वजनिक मार्गों को अतिक्रमण मुक्त कराया जाए, अवैध कब्जों के विरुद्ध नियमित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए तथा लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों की जवाबदेही तय कर कठोर विभागीय कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में पुनः अतिक्रमण न हो और नागरिकों को सुरक्षित एवं सुगम आवागमन की सुविधा मिल सके।

मधुबन बापूधाम आवासीय योजना के 350 आवासीय भूखण्डों की ई-लॉटरी ड्रा 19 एवं 20 अगस्त को होगा-नंदकिशोर कलाल




मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद। गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) द्वारा मधुबन बापूधाम आवासीय योजना संख्या के अंतर्गत 350 आवासीय भूखण्डों के आवंटन हेतु ई-लॉटरी प्रक्रिया का आयोजन किया जाएगा।

यह जानकारी जीडीए वीसी नंदकिशोर कलाल ने दी।उन्होंने बताया कि योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया जनहित पोर्टल के माध्यम से 11 मई 2026 से 4 जून 2026 तक संचालित की गई थी। प्राप्त आवेदनों के आधार पर पारदर्शी एवं निष्पक्ष आवंटन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से ई-लॉटरी आयोजित की जा रही है।

उपाध्यक्ष, गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के निर्देशानुसार गठित समिति की उपस्थिति में ई-लॉटरी का आयोजन हिंदी भवन, लोहिया नगर, गाजियाबाद में निम्नानुसार किया जाएगा।

19 अगस्त 2026 – को श्रेणी ए, बी, सी एवं डी के आवेदकों की ई-लॉटरी।

20 अगस्त 2026 – को श्रेणी एफ, जी, एच एवं आई के आवेदकों की ई-लॉटरी।

दोनों दिनों में ई-लॉटरी की प्रक्रिया प्रातः 11:30 बजे से प्रारंभ होगी।

ई-लॉटरी प्रक्रिया की पारदर्शिता एवं निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए अपर सचिव की अध्यक्षता में समिति गठित की गई है, जिसमें विद्युत विभाग, जिला प्रशासन, प्राधिकरण के मुख्य अभियंता, संबंधित जोन प्रभारी तथा मुख्य नगर नियोजक सहित विभिन्न अधिकारियों को सदस्य नामित किया गया है।

गाजियाबाद विकास प्राधिकरण ने संबंधित अधिकारियों को निर्धारित तिथि एवं समय पर उपस्थित रहकर ई-लॉटरी की संपूर्ण प्रक्रिया को सुचारु एवं पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने के निर्देश दिए हैं। साथ ही आयोजन स्थल पर विद्युत, ध्वनि व्यवस्था, वीडियो रिकॉर्डिंग, पेयजल तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के भी निर्देश जारी किए गए हैं।

गाजियाबाद विकास प्राधिकरण ने सभी आवेदकों से अपील की है कि वे ई-लॉटरी से संबंधित सूचना एवं परिणाम प्राधिकरण द्वारा जारी आधिकारिक माध्यमों से ही प्राप्त करें। ई-लॉटरी प्रक्रिया पूर्णतः कंप्यूटरीकृत, पारदर्शी एवं निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराई जाएगी, जिससे सभी पात्र आवेदकों को समान अवसर उपलब्ध हो सके।

सोमवार, 3 अगस्त 2026

डा.अतुल जैन ने साथियों के साथ आलोक गर्ग को विश्व हिंदू परिषद का प्रांतीय संपर्क प्रमुख बनाए जाने पर बधाई दी-

 



मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । विश्व हिंदू परिषद के गाजियाबाद महानगर के अध्यक्ष के रूप में काफी वर्षों तक उत्कृष्ट कार्य करने वाले आलोक गर्ग को अब एक बढी हुई नई जिम्मेदारी विश्व हिंदी परिषद द्वारा देते हुए 27 जनपदों का प्रांतीय संपर्क प्रमुख पद पर चयन किया गया है। और यह एक बहुत ही महत्वपूर्ण जिम्मेदारी उनको उनकी क्षमताओं को और सामाजिक कार्यों के आधार पर दी गई है। आशा ही नहीं पूर्ण विश्वास है कि आलोक गर्ग जी के नेतृत्व में संपूर्ण प्रांत में एक नई ऊर्जा के साथ और बेहतर कार्य किए जाएंगे। 

अतुल कुमार जैन ने गाजियाबाद लोहा विक्रेता मंडल की ओर से और अपनी सभी संस्थाओं की ओर से उनको बधाई देते हुए शुभकामनाएं प्रेषित की है इस अवसर पर कवि नगर जी ब्लॉक की रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन के महामंत्री नीरज शर्मा, कोषाध्यक्ष रतन गुप्ता जी, और आई ब्लॉक से अभय अग्रवाल भी उपस्थित रहे।

सावन का पहला सोमवार: दूधेश्वरनाथ में उमड़ रहा आस्था का सैलाब, दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की लगीं कतारें

 






मुकेश गुप्ता

आज गाजियाबाद स्थित सिद्धपीठ श्री दूधेश्वर नाथ मठ महादेव मंदिर में जलाभिषेक करने वाले देश भर के लाखों भक्तों के लिए सावन का पहला सोमवार यादगार बन गया

श्रद्धालु बोले, शानदार व्यवस्था के चलते इतनी भीड के बावजूद किसी भी श्रद्धालु को जलाभिषेक करने में कोई परेशानी नहीं हुई

सभी ने शानदार व्यवस्था के लिए मंदिर के पीठाधीश्वर श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज का आभार जताया

महाराजश्री ने शानदार व्यवस्था का श्रेय मुख्यमंत्री, प्रदेश मंत्री, शहर विधायक, डीएम,  पुलिस आयुक्त, महापौर व नगरायुक्त समेत सभी दूधेश्वर भक्तों को दिया 

गाजियाबादः सिद्धपीठ श्री दूधेश्वर नाथ मठ महादेव मंदिर में सावन के पहले सोमवार को भगवान दूधेश्वर का जलाभिषेक भव्य ढंग से किया गया। जलाभिषेक के लिए देश भर से लाखों श्रद्धालु पधारे, इसके बावजूद किसी भी श्रद्धालु को कोई दिक्कत नहीं हुई। इसके लिए श्रद्धालुओं ने मंदिर में की गई व्यवस्थाओं की सराहना की और कहा कि इतनी भीड के बावजूद जलाभिषेक करने में बहुत आनंद आया तो यह भगवान दूधेश्वरकी कृपा व मंदिर में की गई शानदार व्यवस्थाओं के चलते ही संभव हो पाया। सावन के पहले सोमवार को आम से लेकर खास तक भगवान दूधेश्वर के दरबार पहुंचे और भगवान दूधेश्वर की पूजा-अर्चना व जलाभिषेक किया। विधायक संजीव शर्मा, नगरायुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक, सुदर्शन न्यूज चैनल के चेयरमैन व एडिटर.इन.चीफ सुरेश के चव्हान, पूर्व विधायक सुरेंद्र कुमार मुन्नी व भक्तों ने भगवान का जलाभिषेक कर मंदिर के पीठाधीश्वर, जूना अखाड़ा के अंतर्राष्ट्रीय प्रवक्ताए दिल्ली संत महामंडल के अध्यक्ष जूना अखाड़ा की 13 मढ़ी के अध्यक्ष व हिंदू यूनाइटिड फ्रंट के अध्यक्ष श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज  से आशीर्वाद लिया। महाराजश्री ने कहा कि सावन के पहले सोमवार को दूधेश्वर नाथ मठ महादेव मंदिर में भगवान दूधेश्वर की पूजा-अर्चना व जलाभिषेक का बहुत अधिक महत्व है। इस दिन भगवान दूधेश्वर अपने भक्तों पर अपनी कृपा की वर्षा उसी प्रकार करते हैं, जिस प्रकार सावन में बादल वर्षा करके कृपा करते हैं। सावन के पहले सोमवार को श्रद्धालुओं का सैलाब उमडा और देश भर से आए श्रद्धालुओं ने बिना किसी परेशानी के जलाभिषेक किया, इसके लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सभी आभारी हैं कि उनके नेतृत्व में इतनी शानदार व्यवस्था हुई।

एस आर सुथार मीडिया प्रभारी ने बताया कि श्रृंगार सेवा समिति के सदस्यों ने भगवान का सुबह व सांय भव्य श्रृंगार कर सावन के सोमवार को यादगार बना दिया। देवी मंदिर दिल्ली गेट के महंत गिरिशानंद गिरि ने धूप व दीप आरती से भक्तों में जोश भर दिया। रात्रि 2 बजे मोहित व उनकी टीम भगवान दूधेश्वर का भव्य श्रृंगार किया। रात्रि 3.30 बजे प्राचीन देवी मंदिर दिल्ली गेट के महंत गिरिशानंद गिरि महाराज धूप आरती व दीप आरती कर भक्तों में जोशभर दिया। संध्याकाल में महंत महाराज धूप आरती व दीप आरती करेंगे। श्री दूधेश्वर श्रृंगार सेवा समिति के अध्यक्ष विजय मित्तल व उनके साथियों द्वारा भगवान दूधेश्वर का भव्य श्रृंगार किया जाएगा। आचार्य अमित कुमार शर्मा,  नित्यानंद आचार्य, आचार्य तोयराज उपाध्याय, रोहित त्रिपाठी सामवेदी, अजय दधीच, शंकर झा,  व मंदिर के 500 स्वयंसेवकों ने भी पूर्ण सहयोग दिया, जिससे सावन का पहला सोमवार इतना भव्य बना और इसके लिए महाराजश्री ने उन्हें बधाई दी।