उद्घाटन के साथ वयस्क टीकाकरण के महत्व को रेखांकित किया गया, जो बीमारियों की रोकथाम और स्वस्थ जीवन को समर्थन देता है।
गाजियाबाद । दिल्ली-एनसीआर, 6 फरवरी 2026: दिल्ली-एनसीआर के प्रमुख अस्पतालों में से एक, यशोदा मेडिसिटी ने अपने एडल्ट वैक्सीनेशन क्लिनिक के शुभारंभ के साथ निवारक स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को और मजबूत किया है। यह समर्पित केंद्र वयस्क टीकाकरण के प्रति जागरूकता बढ़ाने और टीकाकरण सेवाओं तक व्यवस्थित पहुंच उपलब्ध कराने का उद्देश्य रखता है, जिससे दीर्घकालिक रोगों की रोकथाम और समुदायों में स्वस्थ उम्र बढ़ने को समर्थन मिल सके।
इस क्लिनिक का उद्घाटन उत्तर प्रदेश सरकार के आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स मंत्री सुनील कुमार शर्मा द्वारा किया गया। इस अवसर पर यशोदा मेडिसिटी के वरिष्ठ नेतृत्व और चिकित्सा विशेषज्ञ उपस्थित रहे। यह पहल उस लंबे समय से चली आ रही धारणा को दूर करने का प्रयास है कि टीकाकरण केवल बचपन तक ही सीमित है। बदलती जीवनशैली, बढ़ती आयु प्रत्याशा और दीर्घकालिक बीमारियों की बढ़ती व्यापकता के कारण वयस्कों में इन्फ्लुएंजा, निमोनिया, हेपेटाइटिस, टिटनेस और शिंगल्स जैसे संक्रमणों का खतरा बढ़ रहा है।
इस क्लिनिकल पहल के प्रभाव को और मजबूत करने के लिए, यशोदा मेडिसिटी ‘वैक्सीनेशन जरूरी है’ नामक जागरूकता अभियान भी चला रहा है, जिसका उद्देश्य वयस्क टीकाकरण को बढ़ावा देना है। यह कार्यक्रम वरिष्ठ नागरिकों, उच्च जोखिम वाले व्यक्तियों, यात्रियों और कार्यरत पेशेवरों को समय पर टीकाकरण के महत्व के प्रति जागरूक करने पर केंद्रित है। क्लिनिक में उपलब्ध सेवाओं के साथ-साथ अस्पताल इस पहल को सामुदायिक जागरूकता कार्यक्रमों और डिजिटल अभियानों के माध्यम से भी आगे बढ़ाएगा, जिससे लोग अपने स्वास्थ्य से जुड़े निर्णय बेहतर ढंग से ले सकें।
निवारक स्वास्थ्य सेवाओं की बढ़ती आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए, यह पहल भारत की व्यापक सार्वजनिक स्वास्थ्य प्राथमिकताओं के अनुरूप है। राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र के अनुसार, केवल इन्फ्लुएंजा ही हर वर्ष लगभग 5–10 प्रतिशत वयस्कों को प्रभावित करता है। हालांकि बचपन के टीकाकरण में उल्लेखनीय प्रगति हुई है, लेकिन सीमित जागरूकता और संरचित निवारक व्यवस्था के अभाव में वयस्क टीकाकरण अभी भी पर्याप्त रूप से उपयोग में नहीं आ पा रहा है। इसी संदर्भ में, सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) और एसोसिएशन ऑफ फिजिशियंस ऑफ इंडिया (API) सहित राष्ट्रीय और वैश्विक टीकाकरण दिशानिर्देश सभी वयस्कों के लिए नियमित और जोखिम-आधारित टीकाकरण पर जोर देते हैं। एडल्ट वैक्सीनेशन क्लिनिक का उद्देश्य प्रमाण-आधारित टीकाकरण परामर्श उपलब्ध कराकर इस महत्वपूर्ण अंतर को पाटना और समन्वित बहु-विषयक देखभाल को सक्षम बनाना है, जिससे रोके जा सकने वाले संक्रमणों और दीर्घकालिक स्वास्थ्य जटिलताओं को कम किया जा सके।
शुभांग अरोड़ा, कार्यकारी निदेशक, यशोदा ग्रुप ऑफ हॉस्पिटल्स, ने कहा, “स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए निवारक स्वास्थ्य सेवाओं को प्राथमिकता देना आवश्यक है। वयस्क टीकाकरण बीमारियों की रोकथाम का एक प्रभावी लेकिन कम उपयोग किया जाने वाला साधन है। इस क्लिनिक के माध्यम से हमारा लक्ष्य वयस्क टीकाकरण को अधिक सुलभ और स्वीकार्य बनाना है।”
डॉ. छवि गुप्ता, सीनियर कंसल्टेंट, इंफेक्शियस डिज़ीज़, एडल्ट इम्यूनाइज़ेशन एंड ट्रैवल मेडिसिन, ने कहा, “कई वयस्क यह नहीं जानते कि टीकाकरण बचपन के बाद भी उतना ही महत्वपूर्ण है। समय पर टीकाकरण गंभीर संक्रमण और जटिलताओं के खतरे को काफी हद तक कम कर सकता है, खासकर अधिक जोखिम वाले समूहों में। यह क्लिनिक जागरूकता बढ़ाने और निवारक स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने का एक महत्वपूर्ण मंच बनेगा।”
यह उद्घाटन जागरूकता, समय पर उपचार और चिकित्सा उत्कृष्टता के माध्यम से निवारक और रोगी-केंद्रित स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए यशोदा मेडिसिटी की प्रतिबद्धता को और मजबूत करता है।



कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें