रविवार, 23 नवंबर 2025

समाजवादी विचारक, शिक्षाविद रामदुलार यादव के नेतृत्व में मुलायम सिंह यादव का जन्मदिन समारोह “सांप्रदायिक सद्भाव दिवस” के रूप में मनाया



     




            .                मुकेश गुप्ता

 साहिबाबाद/गाजियाबाद / । समाजवादी पार्टी शिविर कार्यालय साहिबाबाद, गाजियाबाद के प्रांगण में समाजवादी पार्टी के संस्थापक, पूर्व मुख्यमंत्री, पूर्व रक्षामंत्री भारत सरकार मुलायम सिंह यादव का जन्मदिन समारोह “सांप्रदायिक सद्भाव दिवस” के रूप में आयोजित किया गया। समाजवादी विचारक, शिक्षाविद रामदुलार यादव के नेतृत्व में कार्यक्रम का आयोजन हुआ, अध्यक्षता समाजसेवी जगन्नाथ प्रसाद ने, आयोजन इंजीनियर धीरेंद्र यादव ने, संचालन श्रमिक नेता अनिल मिश्रा ने किया। सभी साथियों ने पद्मविभूषण सम्मान से सम्मानित श्रद्धेय मुलायम सिंह यादव के चित्र पर पुष्प अर्पित करते हुए उन्हें स्मरण किया तथा उनके संघर्ष से प्रेरणा ले, देश, समाज में प्रेम, सहयोग बढ़ाने का संकल्प लिया, कार्यक्रम को राम प्यारे यादव, सैनिक जगदीश सिंह ने भी संबोधित किया, पंडित विनोद त्रिपाठी ने ज्ञानपीठ संदेश प्रस्तुत किया। हुकुम सिंह, राजेंद्र सिंह ने देश प्रेम के गीत सुना सभी साथियों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

        कार्यक्रम को संबोधित करते हुए समाजवादी विचारक रामदुलार यादव ने कहा कि महात्मा गांधी, डॉ राम मनोहर लोहिया और चौधरी चरण सिंह के दर्शन और व्यक्तित्व से प्रभावित मुलायम सिंह यादव जी ने अथक परिश्रम कर समाजवादी पार्टी का गठन किया, पार्टी का उद्देश्य देश, समाज में समता, संपन्नता के लिए लगातार काम कर व्यक्ति को खुशहाल बनाना है, वह विभिन्न धर्मो, जातियों को समान दृष्टि से देखते हुए हिंदी भाषा के प्रबल पक्षधर, सांप्रदायिक सद्भाव की मिसाल रहे, उन्होंने संविधान की रक्षा के लिए मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश की कुर्सी कुर्बान कर दी, वह अनेकता में एकता, गांव, गरीब, किसान, मजदूर के जीवन में समृद्धि आए, जीवन भर काम करते रहे, वह सांप्रदायिक वर्चस्ववादी, सामंतवादी ताकतों से लगातार लड़ते रहे, तथा कमजोर वर्गों की हमेशा सेवा में लगे रहे, आज उसी लड़ाई को समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश यादव लड़ रहे हैं, देश में प्रेम, सहयोग, सद्भाव, भाईचारा कायम हो, नफरत और अहंकार की दीवार ध्वस्त हो प्रयासरत है। हमें आज उनके संघर्ष का साथी बन कार्य करना चाहिए तभी संविधान और लोकतंत्र की रक्षा हो सकती है, धर्मनिरपेक्ष, समावेशी समाज बन सकता है ।

          कार्यक्रम में शामिल साथियों ने नेताजी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें स्मरण कर श्रद्धांजलि अर्पित की, प्रमुख रहे, राम दुलार यादव, विजय भाटी एडवोकेट, अनिल मिश्रा, जगन्नाथ प्रसाद, एस0एन0 जायसवाल, मुनीव यादव, राम प्यारे यादव, रामेश्वर, हुकुम सिंह, प्रदीप तिवारी, जगदीश सिंह, फूलचंद वर्मा, ओम प्रकाश अरोड़ा, विनोद त्रिपाठी, राजेंद्र सिंह, हरिकृष्ण, प्रेमचंद पटेल, अमृतलाल चौरसिया, बब्बन यादव आदि ने श्रद्धांजलि दी।




राजनगर आरडब्ल्यूए व भारतीय वैश्य ग्लोबल फाउंडेशन ने निशुल्क चिकित्सा शिविर व रक्तदान शिविर लगाया

 






                        रिपोर्ट- मुकेश गुप्ता

रामलीला मैदान में राजनगर में लगे शिविर में सैकडों लोगों ने निशुल्क चिकित्सा शिविर का लाभ उठाया

सैकडों लोगों ने दूसरों के जीवन को बचाने के लिए रक्तदान किया

गाजियाबादःभारतीय वैश्य ग्लोबल फाउंडेशन व राजनगर आरडब्ल्यूए द्वारा रविवार को रामलीला मैदान, राजनगर में निशुल्क चिकित्सा शिविर व रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया।  यतंती केयर फाउंडेशन व पीजीआई नोएडा के सहयोग से आयोजित निशुल्क चिकित्सा शिविर व रक्तदान शिविर में सैकडों लोगों ने अपनी निशुलक जांच कराई। वहीं सैकडों लोगों ने रक्तदान किया। शिविर का उदघाटन मुख्य अतिथि एसीपी सूर्यबलि मोर्या व निगम कार्यकारिणी उपाध्यक्ष पार्षद प्रवीण चौधरी ने किया।  राजनगर आरडब्ल्यूए के अध्यक्ष सीए डी के गोयल व भारतीय वैश्य ग्लोबल फाउंडेशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सीए विनय मित्तल ने बताया कि निशुल्क चिकित्सा शिविर में जनरल फिजिशियन, कार्डियोलॉजिस्ट, डायटिशियन, दंतए नेत्र रोग आदि के विशेषज्ञ डॉक्टरों ने अपनी सेवा दी। मैक्स वैशाली के आर्थाेपेडिक विशेषज्ञ डॉ निकुंज अग्रवाल, सर्जन डॉ सुनील धर, मैक्स वैशाली के फिजियोथरेपी विशेषज्ञ डॉ संजय सिरोही, त्वचा एवं योन रोग विशेषज्ञ डॉ हर्षवर्धन, स्त्री रोग विशषज्ञ डॉ सुचित्रा वर्मा, डॉ शीतला प्रसाद,डॉ गौरव मिनोचा ने आदि रोगियों की जांच करने के साथ उन्हें विभिन्न रोगों से बचाव के टिप्स भी दिए। शिविर में बीएमडी, ईसीजी, ब्लड प्रेशर टेस्ट, शुगर टेस्ट, कोलेस्ट्रॉल आदि जांच निशुल्क की गई। रक्तदान शिविर पीजीआई नोएडा के विशेषज्ञ चिकित्सकों की देखरेख में लगाया गया। शिविर से एकत्रित रक्त का उपयोग पीजीआई नोएडा द्वारा कैंसर पीडित बच्चों को नया जीवनदान देने के लिए किया जाएगा। चिकित्सों के सुझाव पर ईआरडी केयर फाउंडेशन के सहयोग से 10 वॉकिंग स्टिक एवं 2 व्हीलचेयर का वितरण भी किया गया। उन्होंने बताया कि राजनगर आरडब्ल्यूए व भारतीय वैश्य ग्लोबल फाउंडेशन स्वस्थ समाज व स्वस्थ देश अभियान के तहत लोगों को अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने का अभियान चला रहे हैं। उसी कडी में रविवार को निशुल्क चिकित्सा शिविर व रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। 

शिविर में राजनगर आरडब्ल्यूए के महामंत्री अमरीश कुमार त्यागी, कोषाध्यक्ष प्रभाकर त्यागी, उपाध्यक्ष डॉ एस एस पुरी, मीडिया प्रभारी सुनील दत्त, पंकज भारद्वाज, गोल्डी सहगल, ओमप्रकाश भोला, सौरभ गर्ग, राजनगर रामलीला समिति के अध्यक्ष जय कुमार गुप्ता, दीपक कांत गुप्ता, जीपी अग्रवाल, सिमरन रंधावा,  भारतीय वैश्य ग्लोबल फाउंडेशन के राष्ट्रीय महामंत्री अखिलेंद्र गर्ग, जितेंद्र गर्ग, अंजू मित्तल, अजय गोयल, पीयूष गोयल, अंकित सिंघल आदि ने सहयोग दिया।

शनिवार, 22 नवंबर 2025

नागरिक सुरक्षा वार्डनों हेतु कैपेसिटी बिल्डिंग कोर्स में अग्निशमन की दी जानकारी, चीफ वार्डन ललित जायसवाल ने प्रशिक्षार्थियों को मॉड्यूल किट प्रदान की

 




                              मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद। 22 नवंबर 2025 को भारत सरकार द्वारा प्रायोजित नागरिक सुरक्षा गाजियाबाद के वार्डनों हेतु आयोजित कैपेसिटी बिल्डिंग प्रशिक्षण कार्यक्रम के दूसरे दिवस में अग्निशमन विभाग के वक्ताओं द्वारा अग्नि, अग्नि सुरक्षा, अग्नि के प्रकार, एवं शमन की वीडियो तथा विभिन्न प्रकार के एक्सटिंग्विशर के प्रयोग की विधि व किस किस आग पर किस तरह के एक्सटिंग्विशर का इस्तेमाल किया जा सकता है इस पर प्रकाश डाला गया अंत में अग्निशमन विभाग द्वारा किसी आकस्मिक अग्नि घटना होने पर कैसे फायर टेंडर के माध्यम से आग बुझाई जाती है इसका प्रदर्शन किया गया।

        अग्निशमन विभाग से गौरव कुमार, सहायक अग्निशमन अधिकारी लोनी गाजियाबाद, बलवंत यादव फायरमैन, तथा अन्य टीम के सदस्य द्वारा आज पर काबू पाया गया।

      आज कार्यक्रम में चीफ वार्डन ललित जायसवाल द्वारा प्रशिक्षण हेतु मॉड्यूल किट प्रशिक्षार्थियों को प्रदान की गई कार्यक्रम का संचालन गुलाम नबी सहायक उप नियंत्रक द्वारा किया गया तथा सहयोग श्रीमती विमलेश भंडार अधीक्षक प्रथम एवं दीपक अग्रवाल डिवीजनल वार्डन हर्ष वर्मा डिवीजनल वार्डन आरक्षित संजय गोयल डिप्टी डिवीजनल वार्डन  राजेंद्र शर्मा स्टाफ अधिकारी टू चीफ वार्डन (फायर) द्वारा किया गया।

परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती और माननीय पर्यटन, सांस्कृतिक और सिंचाई कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज की हुई भेंटवार्ता







उत्तराखंड के विकास, रुद्राक्ष टूरिज्म, पीस टूरिज्म, ईको-फ्रेंडली होम स्टे, योग व ध्यान टूरिज्म, टिहरी क्षेत्र की 54 किलोमीटर लंबी झील के आस-पास सौंदर्यीकरण, ऑर्गेनिक संवर्द्धन, रिजॉर्ट, रेजिडेंशियल स्कूलों के निर्माण, नारी सशक्तिकरण, युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराना,
पलायन को रोकना आदि के साथ विभिन्न पर्यावरण-अनुकूल पहलों पर हुई चर्चा

✨उत्तराखंड में व्याप्त अपार प्राकृतिक धरोहरों व विरासतों के संवर्द्धन पर विशेष चर्चा हुई

ऋषिकेश, 22 नवम्बर। परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष, स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी एवं उत्तराखंड सरकार के माननीय पर्यटन, संस्कृति एवं सिंचाई कैबिनेट मंत्री श्री सतपाल महाराज जी के बीच एक विशेष भेंटवार्ता सम्पन्न हुई। इस संवाद में उत्तराखंड के सर्वांगीण विकास, पर्यावरण संरक्षण, सांस्कृतिक विरासत के संवर्द्धन तथा राज्य में सतत व उत्तरदायी पर्यटन को बढ़ावा देने से जुड़े अनेक महत्त्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई।

दोनों पूज्य संतों ने कहा कि उत्तराखंड अपार प्राकृतिक सौंदर्य, सांस्कृतिक धरोहरों और आध्यात्मिक विरासत से समृद्ध राज्य है, जिसे वैश्विक स्तर पर शांति, योग, ध्यान और आध्यात्मिक पर्यटन के केन्द्र के रूप में विकसित किया जा सकता है। चर्चा के दौरान राज्य के ग्रामीण क्षेत्रों को मजबूत करने, नारियों एवं युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने तथा पर्यावरण-अनुकूल पहलों को बढ़ावा देने की प्राथमिकताओं पर जोर दिया गया।

स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने रुद्राक्ष टूरिज्म की अवधारणा पर विस्तृत चर्चा करते हुये कहा कि रुद्राक्ष की पवित्रता, उसकी पौराणिक महत्ता तथा उत्तराखंड के पहाड़ी क्षेत्रों में इसके प्राकृतिक स्रोतों को ध्यान में रखते हुए ऐसे टूरिज्म मॉडल विकसित करने की जरूरत है जिससे स्थानीय किसानों, कारीगरों और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सीधा लाभ मिल सके। साथ ही, रुद्राक्ष आधारित आध्यात्मिक सर्किटों के निर्माण पर भी चर्चा हुई।

उत्तराखंड की दिव्य प्रकृति और “देवभूमि” की आध्यात्मिक पहचान को सुदृढ़ करते हुए पीस टूरिज्म को बढ़ावा देना अत्यंत आवश्यक है। स्वामी जी ने कहा कि आज विश्वभर में मानसिक शांति और तनाव-मुक्त जीवन की माँग बढ़ रही है, और उत्तराखंड ध्यान शिविरों, शांति यात्राओं, आध्यात्मिक संवादों एवं योग-ध्यान कार्यक्रमों का वैश्विक केन्द्र बन सकता है।

स्वामी जी ने कहा कि जब उत्तराखंड़ में टूरिज्म बढ़ेगा तो ऐेसे में पर्यावरण-अनुकूल होम स्टे मॉडल को बढ़ावा देने की जरूरत है। ऐसे होम स्टे न केवल स्थानीय       संस्कृति और परंपराओं को संरक्षित करेंगे, बल्कि ग्रामीण परिवारों को प्रत्यक्ष आर्थिक लाभ भी प्रदान करेंगे। साथ ही प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से ऑर्गेनिक भोजन, स्थानीय कला एवं जीवनशैली के संरक्षण पर भी विशेष चर्चा हुई।

इस अवसर पर योग एवं ध्यान टूरिज्म के विस्तार पर विशेष रूप से चर्चा हुई। राज्य में योग ग्राम, ध्यान केन्द्रों और वेलनेस सुविधाओं के विस्तार पर विचार किया गया। इस दौरान 54 किलोमीटर लंबी टिहरी झील को विश्वस्तरीय इको-टूरिज्म स्थल के रूप में विकसित करने की संभावनाओं पर गहन चर्चा हुई।

सौन्दर्यीकरण, वॉटर स्पोर्ट्स, प्राकृतिक उद्यानों, वेलनेस रिसॉर्ट्स और सामुदायिक क्षेत्रों के निर्माण के माध्यम से इसे आकर्षक अंतरराष्ट्रीय पर्यटन केन्द्र बनाने पर विचार विमर्श किया।

उत्तराखंड में जैविक कृषि, औषधीय पौधों और परंपरागत खेती को बढ़ावा देने के साथ किसानों को प्रशिक्षण, मूल्यवर्धन, पैकेजिंग, वैश्विक मार्केटिंग और सामूहिक पहल को मजबूत करने के उपाय व प्रशिक्षण दिये जाने पर जोर दिया गया।

राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में सतत विकास सिद्धांतों पर आधारित रिसॉर्ट, सांस्कृतिक केन्द्रों तथा मूल्य आधारित रेसिडेंशियल स्कूलों के निर्माण पर भी चर्चा हुई, ताकि नई पीढ़ी को शिक्षा के साथ संस्कार, प्रकृति-प्रेम और जिम्मेदारी की भावना भी प्राप्त हो।

उत्तराखंड में बढ़ते पलायन को रोकने के लिए युवाओं को स्थानीय रोजगार उपलब्ध कराने पर गंभीर विचार-विमर्श हुआ। पर्यटन, योग-वेलनेस, ऑर्गेनिक कृषि, एडवेंचर टूरिज्म, डिजिटल स्किल और उद्यमिता के माध्यम से युवाओं को स्वावलंबन की दिशा में प्रेरित करने पर बल दिया गया।

कैबिनेट मंत्री  सतपाल महाराज  ने कहा कि उत्तराखंड की अपार प्राकृतिक धरोहर, नदियों, वनों, हिमालयी जैव-विविधता और पवित्र पर्वतों के संरक्षण पर भी विस्तार से चर्चा की। पर्यावरण-अनुकूल नीतियों, प्लास्टिक-मुक्त पहल, नदी संरक्षण तथा जलवायु-संवेदनशील विकास को आगे बढ़ाने का संकल्प व्यक्त किया।

उन्होंने कहा कि सरकार, आध्यात्मिक संस्थान, स्थानीय समुदाय और वैश्विक साझेदार मिलकर उत्तराखंड को इको-टूरिज्म, आध्यात्मिक वेलनेस, सांस्कृतिक संरक्षण और सतत विकास का विश्व मॉडल बनाएंगे। “देवभूमि उत्तराखंड” को शांति, पवित्रता, समृद्धि और पर्यावरणीय संतुलन की वैश्विक प्रेरणा बनाने की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम सिद्ध होगा।

भारत सरकार द्वारा चारों श्रम संहिताओं का औपचारिक क्रियान्वयन: श्रमिक कल्याण के इतिहास में एक ऐतिहासिक कदम--सत्येन्द्र सिंह, चेयरमैन – भारतीय औद्योगिक प्रबंधन परिषद (ICIM)


                              मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । भारतीय औद्योगिक प्रबंधन परिषद (ICIM) भारत सरकार द्वारा चारों श्रम संहिताओं (Four Labour Codes) के आधिकारिक क्रियान्वयन का हार्दिक स्वागत करती है। स्वतंत्रता के बाद यह श्रम क्षेत्र में लाया गया सबसे व्यापक, आधुनिक और प्रगतिशील सुधार है, जो देश के करोड़ों श्रमिकों को एक सशक्त और सुरक्षित भविष्य प्रदान करेगा। यह बात भारतीय औद्योगिक प्रबंधन परिषद (ICIM) के चैयरमेन सत्येन्द्र सिंह ने कही उन्होंने कहा कि  भारत सरकार द्वारा लागू की गई चार श्रम संहिताए जैसे

1. वेतन संहिता, 2019

2. सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020

3. व्यावसायिक सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं कार्य परिस्थितियाँ संहिता (OSHWC), 2020

4. औद्योगिक संबंध संहिता, 2020 है

उन्होंने बताया कि इन 29 केंद्रीय श्रम क़ानूनों को एकीकृत कर एक पारदर्शी, सरल, तकनीक-आधारित और भविष्य उन्मुख ढाँचा तैयार करती हैं।

श्रमिकों के सामाजिक सुरक्षा और कल्याण के लिए मजबूत आधार हैं इन संहिताओं के लागू होने से देश के सभी श्रमिकों को कई महत्वपूर्ण लाभ प्राप्त होंगे, जैसे—

• सार्वभौमिक सामाजिक सुरक्षा – संगठित, असंगठित, गिग, प्लेटफ़ॉर्म और प्रवासी सभी श्रमिकों के लिए

• न्यूनतम एवं समय पर वेतन का भुगतान

• सुरक्षित, स्वस्थ एवं सम्मानजनक कार्यस्थल

• नारी शक्ति और युवा शक्ति के लिए बढ़ी हुई अवसरों की भागीदारी

ये प्रावधान भारत के श्रमिक समुदाय को सुरक्षा, सम्मान, पारदर्शिता और बेहतर कार्य—जीवन संतुलन प्रदान करेंगे।

उद्योगों के लिए अत्यधिक सरलता और Ease of Doing Business को बढ़ावा

श्रम संहिताओं से उद्योग जगत को भी उल्लेखनीय लाभ होंगे, जैसे—

• एकल पंजीकरण और एकल लाइसेंस प्रणाली

• देशभर में समान अनुपालन ढाँचा

• निरीक्षण, पंजीकरण और रिटर्न की डिजिटल पारदर्शिता

• श्रम विवाद निपटान में स्पष्टता

• उद्योगों पर प्रशासनिक बोझ में कमी

इससे देश में निवेश, रोजगार सृजन, उत्पादकता और औद्योगिक विकास को नई गति मिलेगी।

विकसित भारत की दिशा में एक निर्णायक कदम

ये सुधार केवल कागज़ी बदलाव नहीं, बल्कि भारत के श्रमिकों और उद्योगों की संरचना को आधुनिक, न्यायपूर्ण और वैश्विक मानकों के अनुरूप बनाने की दिशा में एक दीर्घकालिक परिवर्तन हैं।

चारों श्रम संहिताएँ भारत के आर्थिक भविष्य को मजबूत बनाती हैं और देश के “विकसित भारत” विज़न को साकार करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएँगी।

सत्येन्द्र सिंह, चेयरमैन – ICIM ने कहा कि भारत सरकार द्वारा चारों श्रम संहिताओं का आधिकारिक क्रियान्वयन श्रम प्रशासन के इतिहास में एक मील का पत्थर है। ये संहिताएँ श्रमिकों के अधिकारों को सुदृढ़ करते हुए उद्योगों के विकास और अनुपालन में सरलता का सामंजस्य स्थापित करती हैं। ICIM इन ऐतिहासिक सुधारों का पूर्ण समर्थन करता है, जो भारत को वैश्विक प्रतिस्पर्धा में और अधिक सक्षम बनाएंगे तथा विकसित भारत की दिशा में हमारी प्रगति को तीव्र करेंगे।



नव्या मोदी ने वंचित बालिकाओं के लिए सिलाई प्रशिक्षण केंद्र का किया उद्घाटन

 

                            मुकेश गुप्ता

मोदीनगर ।  वंचित बालिकाओं को सशक्त एवं स्वावलंबी बनाने के उद्देश्य से नव्या मोदी ने अपनी मित्रों रिहाना, अरज़ोई, काइरा और ज़िया के साथ मिलकर एक सिलाई प्रशिक्षण केंद्र का उद्घाटन किया। यह परियोजना गिन्नी मोदी डिग्री कॉलेज में संचालित की जा रही है, ताकि लाभार्थियों को एक सुरक्षित और सहयोगपूर्ण सीखने का वातावरण मिल सके।

नव्या, मानव मोदी की पुत्री और डीके8 मोदी की पोती, ने इस पहल का नेतृत्व किया और क्राउडफंडिंग के माध्यम से सिलाई मशीनें दान करने के लिए आवश्यक धनराशि जुटाई। इस परियोजना का उद्देश्य इन बालिकाओं को ऐसे व्यावहारिक कौशल प्रदान करना है, जिनसे वे भविष्य में स्वावलंबी बनकर देश के विकास में अपना योगदान दे सकें।

 नव्या और उनकी मित्र हर सप्ताह मोदीनगर आकर इन बालिकाओं को हाथों-हाथ प्रशिक्षण देंगी, ताकि वे सिलाई से जुड़े आवश्यक कौशल आत्मविश्वास के साथ सीख सकें और निखार सकें। इस पहल के बारे में बात करते हुए नव्या ने कहा कि उन्हें आशा है कि “यह केंद्र उन युवा बालिकाओं के लिए एक ऐसा स्थान बनेगा जहाँ वे आत्मविश्वास, कौशल और अपने भविष्य को संवारने का अवसर प्राप्त करें।”

ब्रिटेन की संसद हाउस ऑफ़ कॉमन्स एवं हाउस ऑफ़ लॉर्ड्स में स्वामी चक्रपाणि महाराज का ऐतिहासिक सम्मान हुआ

 

स्वामी चक्रपाणि जी महाराज को प्रतिष्ठित उत्कृष्ट नेतृत्व पुरस्कार से सम्मानित किया गया 

ब्रिटेन की राज्यसभा हाउस ऑफ़ लॉर्ड्स ने उनका विशेष अतिथि के रूप में विशेष हाई-टी स्वागत किया 

लंदनः  भारत की आध्यात्मिक ध्वजा को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई ऊंचाइयों पर ले जाने वाले अखिल भारत हिंदू महासभा एवं संत महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष, सनातन सम्राट स्वामी चक्रपाणि जी महाराज को ब्रिटेन की संसद हाउस ऑफ़ कॉमन्स में ऐतिहासिक सम्मान दिया गया। उन्हें ब्रिटेन की संसद हाउस ऑफ़ कॉमन्स में आयोजित इंटरनेशनल conlave  2025 के दौरान 2025 के दौरान “Exemplave leadership award से सम्मानित किया गया। महाराजश्री को यह सम्मान ब्रिटेन के सांसद जैक, सुहेल शेख, वीरेंद्र शर्मा, हैरो के मेयर, मेयर अंजना, तथा वर्ल्ड लीडरशिप फोरम के संस्थापक नचिकेत जोशी द्वारा प्रदान किया गया। स्वामी चक्रपाणि जी महाराज को सम्मान मिलते ही पूरा सभागार तालियों से गूंज उठा और विश्व के अनेक देशों से आए सभी प्रतिनिधियों ने उनके सम्मान में खडे होकर उनके प्रति अपनी श्रद्धा को व्यक्त किया व उनका अभिवादन किया, जो भारत के लिए बहुत ही गौरवपूर्ण क्षण रहा।  स्वामी चक्रपाणि जी महाराज को यह प्रतिष्ठित सम्मान

 वैश्विक नेतृत्व, आध्यात्मिक योगदान, और मानवता व विश्व-शांति के लिए उनके अनुपम प्रयासों के लिए प्रदान किया गया। सम्मान समारोह के बाद स्वामी चक्रपाणि जी महाराज को ब्रिटेन की राज्यसभा हाउस ऑफ़ लॉर्ड्स के प्रतिष्ठितCholmondeley,Room,and,terrace में विशेष अतिथि के रूप में स्पेशल आफ्टरनून हाईटी स्वागत के लिए आमंत्रित किया गया। यह विशेष स्वागत ब्रिटेन की उच्चतम संसदीय परंपरा का प्रतीक है, जो केवल विशिष्ट अंतरराष्ट्रीय मेहमानों को ही प्राप्त होता है। स्वामी चक्रपाणि जी महाराज  ने कहा कि आज जब भारत पुनः विश्वगुरु बनने के पथ पर अग्रसर है, तो   ब्रिटेन की प्रशासनिक दक्षता और भारत का आध्यात्मिक तेज दोनों मिलकर विश्व को शांति, समृद्धि और सद्भाव की दिशा दे सकते हैं। सभी को अपने जीवन में योग, ध्यान और आत्मानुशासन को शामिल करें क्योंकि मन की शांति से ही समाजए राष्ट्र और विश्व की सेवा संभव है। स्वामी चक्रपाणि जी महाराज ने कहा कि बहुत जल्द सनातन का ध्वज पूरे विश्व में लहराएगा। वसुधैव कुटुंबकम् की परिकल्पना साकार होगी और पृथ्वी एक परिवार बनेगी। तब न हिंसा रहेगी, न घृणा और न विभाजन होगा। सिर्फ प्रेम और मानवता की बयार ही चारों तरफ बहेगी। स्वामी चक्रपाणि जी महाराज को ब्रिटेन की संसद में सम्मानित किए जाने के बाद  दुनिया भर से बधाइयों की बौछार हो रही है।  पूरे भारत, अमेरिका, यूरोप, मध्य.पूर्व, ऑस्ट्रेलिया और एशिया के देशों से लगातार फोन, संदेश और वीडियो कॉल आ रहे हैं।  हजारों की संख्या में शुभचिंतक, संत-महात्मा, धार्मिक संस्थाएं, भारतीय समुदाय और विभिन्न देशों के प्रतिनिधि उन्हें अपनी शुभकामनाएँ दे रहे हैं। यह जानकारी अखिल भारत हिंदू महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता ब्रह्मऋषि विभूति बीके शर्मा हनुमान ने दी

शुक्रवार, 21 नवंबर 2025

शिला पूजन समारोह में संतों का महाकुम्भ परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती को भव्य शिला पूजन कार्यक्रम में विशेष आमंत्रण, उद्बोधन, आशीर्वाद

 



विश्व सनातन महापीठ-युगधर्म की पुनर्स्थापना का पवित्र स्तम्भ

💫एक विश्व, एक धर्म, एक ध्वज, एक ग्रन्थ, एक विधान मुख्य ध्येय के साथ

💐सनातन का सूर्य, विश्व का पथ प्रदर्शक

🌺तीर्थ सेवा न्यास, हरिद्वार द्वारा निर्माण का शुभारम्भ

✨संस्थापक व संरक्षक बाबा हठयोगी जी महाराज, राष्ट्रीय महामंत्री, अखिल भारतीय वैष्णव अखाड़ा परिषद्

🌻अनेक पूज्य संतों, वैष्णव पूज्य संतों, आचार्यों, महंतों, शिक्षाविदों, विशिष्ट विभूतियों का सहभाग

💥विश्व सनातन महापीठ, युगधर्म की पुनर्स्थापना का विराट संकल्प-- चिदानन्द सरस्वती

ऋषिकेश, हरिद्वार। 21 नवम्बर। भारतभूमि ने सदैव मानवता को प्रकाश, प्रेम और परमार्थ की राह दिखाई है। इसी पावन धरा पर आज एक ऐसा प्रकल्प आकार ले रहा है, जो केवल स्थापत्य का भव्य रूप नहीं, बल्कि युगांतकारी चेतना का दैवी उदय है, विश्व सनातन महापीठ। तीर्थ सेवा न्यास, हरिद्वार द्वारा प्रारम्भ किए गए इस दिव्य प्रकल्प का भूमि पूजन आज अद्भुत आध्यात्मिक गरिमा और अलौकिक ऊर्जा के साथ सम्पन्न हुआ। इस अत्यंत शुभ अवसर पर परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष, स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी का पावन सान्निध्य प्राप्त हुआ। उनके प्रेरक उद्बोधन और मंगल आशीर्वाद ने इस संकल्प को और भी ऊर्जावान बना दिया।

इस महापीठ का ध्येय वाक्य “एक विश्व, एक धर्म, एक ध्वज, एक ग्रन्थ, एक विधान” सिर्फ एक नारा नहीं, बल्कि उस वैश्विक आध्यात्मिक एकता का उद्घोष है जिसके सूत्रधार भारतर्षि और हमारे महान ऋषि, परम्परा रही है। यह प्रकल्प इस विश्वास का भी उद्घोष है कि सनातन केवल परंपरा नहीं, बल्कि विश्व का सनातन सूर्य है, जो हर युग में दिशा देते आ रहा है।

इस प्रकल्प के संस्थापक, संरक्षक तथा अखिल भारतीय वैष्णव अखाड़ा परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री बाबा हठयोगी जी महाराज ने बताया कि विश्व सनातन महापीठ लगभग 500 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित होने जा रहा है। किंतु यह केवल आर्थिक समर्पण का विषय नहीं, यह करुणा, त्याग, तप, विद्वत्ता और सांस्कृतिक पुनर्जागरण का विराट संगम है।

उन्होंने कहा, “यह महापीठ केवल भवनों का समूह नहीं यह आने वाले युगों के लिए भारत का आध्यात्मिक संविधान, सांस्कृतिक राजधानी और वैश्विक नेतृत्व का केन्द्र बनेगा।”

इस भूभाग पर जो निर्माण होने वाला है, वह भारत के प्राचीनतम मूल्यों और आधुनिक मानवता के सामंजस्य का उत्कृष्ट रूप होगा। यहाँ एक ओर वेद, उपनिषद् और गीता का गहन अध्ययन होगा, तो दूसरी ओर शौर्य, सेवा और सदाचार का प्रशिक्षण भी। महापीठ के दिव्य आयाम, जहाँ शास्त्र और शस्त्र दोनों का संतुलन होगा। 

बाबा हठयोगी  ने विस्तार से बताया कि इस महाप्रकल्प में अनेक अनूठे और ऐतिहासिक केन्द्र स्थापित होने जा रहे हैं। शास्त्र एवं शस्त्र शिक्षा केन्द्र, यहाँ वेद, उपनिषद्, गीता, स्मृतियों और धर्मशास्त्रों का गहन अध्ययन, शोध और शिक्षण होगा। इसके साथ ही शस्त्र प्रशिक्षण, आत्मरक्षा और शौर्य परम्पराओं का पुनर्जागरण भी होगा। सनातन संसद भवन, यह संतों, महापुरुषों, आचार्यों और धर्माचार्यों का वैश्विक मंच होगा, जहाँ से धर्मोदेश पारित होंगे, विश्वशांति, मानवकल्याण और सांस्कृतिक समरसता के मार्गदर्शक सिद्धांतों का उद्घोष होगा। चारों पूज्य शंकराचार्यों तथा तेरह अखाड़ों के आचार्यों के लिए सुसज्जित आवास, जहाँ से संत, समाज एकजुट होकर वैश्विक मानवता को मार्गदर्शन देगें। वैदिक शिक्षण, परम्परा, गौरक्षा, यज्ञ, संस्कृति और सनातन जीवन पद्धति के आधारस्तम्भ रूप में यह केन्द्र पूरे परिसर में ऊर्जा और पवित्रता का प्रवाह करेंगे। साधकों, संतों और श्रद्धालुओं के लिए शांत, तपोमय और साधनात्मक वातावरण उपलब्ध कराया जाएगा। योग, आयुर्वेद, पंचकर्म और प्रकृति आधारित चिकित्सा का वैश्विक केन्द्र, स्वास्थ्य, संतुलन और जीवनशैली का समग्र मॉडल प्रस्तुत करेगा। यह संग्रहालय भारत के अनादि विज्ञान, अध्यात्म, संस्कृति, धर्म, गणनादृपद्धति, खगोलशास्त्र और समयदृदर्शन को विश्व के सामने पुनः प्रतिष्ठित करेगा। इन सभी आयामों में एक ही ध्येय निहित है, सनातन को उसके संपूर्ण वैभव, बुद्धि, विज्ञान और शक्ति सहित विश्वमंच पर प्रतिष्ठित करना।

भूमि पूजन के पावन अवसर पर स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि भारत की संस्कृति केवल पूजा, पद्धति नहीं, बल्कि विश्वबंधुत्व का महान दर्शन है।

उन्होंने कहा कि सनातन वह लौ है जो न कभी बुझती है, न कभी पुरानी होती है। आज विश्व तनाव और संघर्ष से जूझ रहा है। ऐसे समय में भारत को आगे बढ़कर विश्व को आध्यात्मिक नेतृत्व देना ही होगा, और विश्व सनातन महापीठ इस दिशा में एक अद्वितीय और निर्णायक कदम बनकर उभरेगा।

स्वामी जी ने कहा कि विश्व सनातन महापीठ आने वाले समय में भारत की आध्यात्मिक शक्तिपुँज, सांस्कृतिक राजधानी और वैश्विक नेतृत्व का सर्वोच्च केन्द्र बनकर उभरेगा। यह आयोजन केवल एक परियोजना की शुरुआत नहीं, बल्कि नए युग की जागृति है।

भूमि पूजन वैदिक मंत्रों, अनुष्ठानों, दिव्य संगीत और संतों की वाणी के साथ सम्पन्न हुआ। देशभर से आए संतों, भक्तों और विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने इस प्रकल्प को युग परिवर्तन की शुरुआत बताते हुये कहा कि एक ऐसा युग, जहाँ सनातन फिर से विश्व का पथप्रदर्शक बनेगा।

इस भव्य संकल्प में बाबा हठयोगी जी महाराज, तीर्थाचार्य राम विशाल दास जी और महंत ओमदास जी का असाधारण तप, एकाग्रता और समर्पण प्रतिष्ठित है। उनकी वर्षों की साधना और अविरत सेवा का परिणाम है कि आज यह महास्वप्न रूप लेना आरम्भ कर चुका है।

इस अवसर पर परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी, अखाड़ा परिषद् के अध्यक्ष, महंत  रविन्द्र पुरी जी, जगद्गुरू ब्रह्मर्षि कुमारस्वामी जी, स्वामी ब्रह्मेशान्द आचार्य, पायलट बाबा आश्रम, स्वामी  रामविशाल दास जी, योगमाता केको अइकावा जी, परमाध्यक्ष, गौरी गोपाल आश्रम, वृंदावन,  डा अनिरूद्धाचार्य जी, परमाध्यक्ष,  देवकीनन्दन ठाकुर जी,  पुण्डरीक जी,  शिवाकान्त, स्वामी सच्चिदानन्द जी, परमाध्यक्ष, भारतीय हिन्दू शुद्धि सभा,  करौली सरकार महादेव जी, गोस्वामी सुशील जी, अश्वनी उपाध्याय जी, वरिष्ठ अधिवक्ता, सर्वोच्च न्यायालय, वरिष्ठ अधिवक्ता  विश्व शंकर जैन जी, आचार्य सुमेधा जी, परमाध्यक्ष, कन्या गुरूकुल चोटीपुरा,  विष्णु शंकर जैन जी, अधिवक्ता, सर्वोच्च न्यायालय, महामंडलेश्वर श्रद्धा माता जी, पायलट बाबा आश्रम, म म चेतना माता जी, पायलट बाबा आश्रम एवं अनेकोनेक पूज्य संत, वैष्णव संतों का पावन सान्निध्य प्राप्त हुआ।

निवेदक डा गौतम खट्टर, उपाध्याय, ए के सोलंकी, उपाध्याय, श् शिशिर चैधरी ,  राजेश कुमार,  अमरीश त्यागी, कोषाध्यक्ष और अन्य विभूतियों का मार्गदर्शन व संरक्षण प्राप्त हुआ।

इंद्रप्रस्थ इंजीनियरिंग कॉलेज में रक्तदान शिविर का आयोजन, 81 यूनिट रक्त संचय

 



                       रिपोर्ट: मुकेश गुप्ता

साहिबाबाद। इंद्रप्रस्थ इंजीनियरिंग कॉलेज में रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। रक्तदान शिविर इंद्रप्रस्थ कॉलेज व रोटरी क्लब गाजियाबाद नार्थ के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित हुआ। रक्तदान शिविर का उद्घाटन कॉलेज के चेयरमैन विष्णु शरण, वाइस चेयरमैन पुनित अग्रवाल, निदेशक प्रो.डॉ अनिल कुमार सोलंकी, डीन स्टूडेंट वेलफेयर प्रो. डॉ मीना‌क्षी शर्मा, डीन एकेडमिक्स प्रो.डॉ अमित जैन तथा मीडिया हेड अजय चौधरी ने संयुक्त रूप से फीता काट कर किया।

रक्तदान शिविर में 81 यूनिट रक्त संचय किया गया। रक्तदान शिविर में छात्र छात्राओं ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लेते हुए रक्तदान किया। लगभग 60 छात्रों ने पहली बार रक्तदान किया और उन्होंने बताया कि रक्तदान हमे करना चाहिए और रक्तदान करने से हम चार जिंदगी बचा सकते है और रक्तदान महादान होता है। 

निदेशक प्रो डॉ अनिल कुमार सोलंकी ने बताया कि लोगों द्वारा रक्तदान करने से दिल की सेहत में सुधार, दिल की बीमारियों और स्ट्रोक के ख़तरा कम हो जाता है। खून में आयरन की ज्यादा मात्रा दिल के दौरे के खतरे को बढ़ा सकती है। इसलिए समय-समय पर सभी को रक्तदान करना चाहिए। 

इस अवसर पर रोटरी क्लब गाज़ियाबाद नॉर्थ की ओर से अध्यक्ष रोटेरियन पुनीत अग्रवाल, सुरक्षा प्रभारी रोटेरियन रजत जिंदल,कोषाध्यक्ष रोटेरियन शिशिर अग्रवाल ने शिविर के सफल संचालन का दायित्व निभाया। इनके साथ विक्रांत सिंह (रक्तदान शिविर संयोजक), डॉ. ईशा गुप्ता, धीरेज शर्मा आदि मौजूद रहे।

सपाईयों ने डीएम को दिया ज्ञापन

 







                         रिपोर्ट: मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद : 21 नवंबर 2025। समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष फैजल हुसैन व महानगर अध्यक्ष वीरेंद्र यादव के नेतृत्व में सपा का एक प्रतिनिधिमंडल  जिलाधिकारी से मिलकर भारत निर्वाचन आयोग द्वारा विधान सभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचन नामावलियों के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण कार्यक्रम (SIR) में आ रही परेशानियों के सम्बन्ध मे मिला। जिला अध्यक्ष व महानगर अध्यक्ष ने बताया कि मतदाता सूची में लोगों के नाम नहीं नाम है तो उनके फार्म नहीं। जबकि पहली सूची लोगों के नाम थे। उन्होंने जिलाधिकारी से जांच कराकर सूची सही से तैयार करने की मांग की है। 

 स मौके पर प्रमुख रूप से उपस्थित रहे जिला अध्यक्ष फैसल हुसैन एडवोकेट महानगर अध्यक्ष वीरेंद्र यादव एडवोकेट जिला महासचिव नितिन त्यागी महानगर महासचिव राजन कश्यप प्रदेश सचिव अभिषेक गर्ग जिला उपाध्यक्ष विशाल वर्मा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य श्रवण कुमार त्यागी प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य कर्मवीर सिंह महानगर उपाध्यक्ष गुलाब यादव महानगर उपाध्यक्ष मनोज पंडित यूथ ब्रिगेड जिला अध्यक्ष इरफान अमानत चौधरी लोनी विधानसभा अध्यक्ष ललित गुर्जर महानगर अध्यक्ष युवजन सभा ठाकुर विक्की सिंह लोहिया वाहिनी जिला अध्यक्ष असलम कुरैशी गाजियाबाद विधानसभा अध्यक्ष शाहनवाज खान एससी प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष राजवीर सिंह गौतम अल्पसंख्यक सभा महानगर अध्यक्ष मोहम्मद अब्बास हैदर ताहिर हुसैन प्रदेश सचिव पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ नवीन कुमार शर्मा वसीम बाबू एडवोकेट सतीश कुमार मदनपाल अनीता सिंह गुड्डू चौधरी रिजवान चौधरी आदि लोगों उपस्थित रहे।

यशोदा मेडिसिटी और IMA ईस्ट दिल्ली ने मल्टीडिसिप्लिनरी कैंसर मैनेजमेंट पर CME सत्र आयोजित किया

 




                          रिपोर्ट : मुकेश गुप्ता

ऑन्कोलॉजी में प्रगति और यशोदा इंस्टीट्यूट ऑफ कैंसर केयर की व्यापक क्षमताओं को दर्शाने वाली एक शैक्षणिक पहल

गाज़ियाबाद, 21 नवंबर 2025: यशोदा मेडिसिटी ने IMA ईस्ट दिल्ली ब्रांच के साथ मिलकर मल्टीडिसिप्लिनरी कैंसर केयर के विकसित होते ढांचे पर केंद्रित एक कंटिन्यूइंग मेडिकल एजुकेशन (CME) सत्र आयोजित किया। कार्यक्रम में मेडिकल, सर्जिकल, रेडिएशन, ऑर्गन-स्पेसिफिक और सपोर्टिव ऑन्कोलॉजी सहित विभिन्न कैंसर विशेषज्ञताओं के एक साथ काम करने से तैयार होने वाले मरीज-केंद्रित उपचार मार्गों पर चर्चा की गई।

सत्र का नेतृत्व यशोदा मेडिसिटी के वरिष्ठ विशेषज्ञों ने किया, जिनमें रेडिएशन ऑन्कोलॉजी, मेडिकल ऑन्कोलॉजी, गायनेकोलॉजिक ऑन्कोलॉजी और रोबोटिक सर्जरी, यूरो-ऑन्कोलॉजी, सर्जिकल ऑन्कोलॉजी और अन्य विभागों के प्रतिनिधि शामिल थे। विशेषज्ञों ने सहयोगात्मक कैंसर केयर, सटीक उपचार योजना और उन प्रगतियों पर अपने विचार साझा किए जो क्लिनिकल परिणामों को बेहतर बना रही हैं। चर्चा में निर्णय लेने में समन्वय, आधुनिक उपचार प्रोटोकॉल और मरीज-केंद्रित देखभाल मार्गों के महत्व पर भी जोर दिया गया।

CME के दौरान यशोदा इंस्टीट्यूट ऑफ कैंसर केयर की क्षमताओं का भी परिचय दिया गया, जो एक पूर्णतः एकीकृत केंद्र है और जहां प्रिवेंटिव, डायग्नॉस्टिक, मेडिकल, सर्जिकल और रेडिएशन ऑन्कोलॉजी सेवाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध हैं। आधुनिक ऑन्कोलॉजी वार्ड, डे-केयर केमोथेरपी यूनिट, एडवांस्ड इमेजिंग और Elekta Unity MR-Linac, ETHOS with HyperSight and IDENTIFY, EDGE with ExacTrac Dynamic और Bravos जैसी तकनीकों की मदद से YICC विभिन्न प्रकार के कैंसर के लिए व्यक्तिगत और साक्ष्य-आधारित उपचार प्रदान करता है।

डॉ. पी.एन. अरोड़ा, चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर, यशोदा मेडिसिटी ने कहा कि “निरंतर चिकित्सा शिक्षा क्लिनिकल उत्कृष्टता को आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक है। इंटीग्रेटेड कैंसर केयर तकनीक और साझा सीख दोनों पर आधारित है। ऐसे CME कार्यक्रम निरंतर सीखने को बढ़ावा देते हैं और सुनिश्चित करते हैं कि मरीजों को सूचित और संपूर्ण देखभाल मिले।”

यह CME सत्र मेडिकल समुदाय में शैक्षणिक सहभागिता को मजबूत करने और आधुनिक, तकनीक-आधारित कैंसर केयर को आगे बढ़ाने की दिशा में यशोदा मेडिसिटी की प्रतिबद्धता को और सशक्त करता है।

राज कुमार गोयल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी गाज़ियाबाद में अंतरराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस का हुआ भव्य उद्घाटन

 





                              मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । राज कुमार गोयल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी गाज़ियाबाद में 21 नवम्बर  को अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन एडवांसमेंट इन इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग (ए.ई.सी.ई.) की पंचम अंतरराष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस 2025 का भव्य उद्घाटन संपन्न हुआ। यह सम्मेलन  इलेक्ट्रॉनिक्स एवं कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग तथा कम्प्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डॉ. आशीष कुमार सिंह (एम एन एन आई टी, प्रयागराज) एवं विशिष्ट अतिथि डॉ. कुमार कृष्णन (पूर्व नासा  वैज्ञानिक, यु.एस.ए.) ने दीप प्रज्वलित कर किया। दोनों ही विशिष्ट अतिथियों ने आधुनिक तकनीकी विकास, अनुसंधान एवं वैश्विक नवाचारों पर अपने प्रेरणादायक विचार साझा किए।

सम्मेलन के संयोजक  डॉ. आर के यादव एवं डॉ. अमित सिंघल  ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का स्वागत किया तथा ए.ई.सी.ई. 2025 सम्मेलन की रूपरेखा एवं उद्देश्यों से अवगत कराया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ. राघवेंद्र कुमार चौधरी (आई आई टी  कानपुर) रहे, जिन्होंने एम एम वेव टेक्नोलॉजी के विषय पर विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की और इसके भविष्यगत उपयोग एवं शोध संभावनाओं पर प्रकाश डाला। इसी क्रम में  डॉ. सुजय देव  एवं  डॉ.पास्टर जे. आर.( द यूनिवर्सिटी ऑफ़ बतानगास, फिलीपीन्स) ने ऑनलाइन माध्यम से सम्मेलन को संबोधित किया और अपने शोध व अनुभव प्रतिभागियों के साथ साझा किए। सम्मेलन में चयनित शोध–पत्रों का वाचन किया गया, जिन्हें कार्यक्रम उपरांत ए.ई.सी.ई.  एक्स्प्लोर में प्रकाशित किया जाएगा। शोध एवं तकनीकी उत्कृष्टता को बढ़ावा देने की दिशा में यह आयोजन अत्यंत महत्वपूर्ण सिद्ध हुआ।

संस्थान के वाइस चेयरमैन  अक्षत गोयल ने सभी कार्यक्रमों के संयोजकों एवं अन्य कार्यकर्ताओं को कार्यक्रम की सफलता की बधाई दी। संकाय एवं शोधार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए संस्थान के एडवाइजर डॉ. लक्ष्मण प्रसाद, निदेशक डॉ. बी.सी. शर्मा तथा कार्यकारी निदेशक डॉ. डी.के. चौहान ने वर्तमान समय में इलेक्ट्रॉनिक्स एवं कम्प्यूटर क्षेत्र की नवीन तकनीकों व चुनौतियों पर शोध करने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में प्रमुख रूप से डीन ई.आई.आई. डॉ. पुनीत श्रीवास्तव, डीन एक्रेडिटेशन डॉ. रामेन्द्र सिंह तथा डीन स्टूडेंट  वेलफेयर  एच. जी. गर्ग  उपस्थित रहे।

गुरुवार, 20 नवंबर 2025

सुंदरदीप फार्मेसी कॉलेज के छात्रों का यूनानी चिकित्सा संस्थान में शैक्षणिक भ्रमण

 



                             मुकेश गुप्ता         

गाजियाबाद । एस. डी. जी. आई. ग्लोबल यूनिवर्सिटी, गाजियाबाद के अंतर्गत संचालित सुंदरदीप फार्मेसी कॉलेज ने बी. फार्म द्वितीय वर्ष के छात्रों के लिए शैक्षणिक भ्रमण का आयोजन किया। यह भ्रमण नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ यूनानी मेडिसिन, गाजियाबाद में संपन्न हुआ।

इस भ्रमण का उद्देश्य छात्रों को यूनानी चिकित्सा पद्धति के सिद्धांतों और उसकी व्यवहारिक प्रक्रिया से परिचित कराना था। इससे छात्रों को पारंपरिक औषध निर्माण, मानकीकरण, गुणवत्ता नियंत्रण और उपचार पद्धतियों के बारे में व्यावहारिक जानकारी मिली। इस अनुभव ने छात्रों को आधुनिक फार्मेसी विज्ञान और पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली के बीच के संबंधों को समझने में मदद की।

भ्रमण का संचालन प्रो. आर. डी. गुप्ता, निदेशक (सुंदरदीप फार्मेसी कॉलेज) के निर्देशन और सुश्री सुष्मिता मिश्रा, सहयोगी प्राध्यापक एवं गतिविधि संयोजक के मार्गदर्शन में किया गया।

भ्रमण के दौरान फैकल्टी सदस्य डॉ. नितिन कुमार (प्रोफेसर, एस.डी.पी.सी.), सुश्री नेहा जैन (एसोसिएट प्रोफेसर, एस.डी.पी.सी.), सुश्री खुशबू बंसल (असिस्टेंट प्रोफेसर, एस.डी.पी.सी.) और स्टाफ सदस्य श्री कपिल छात्रों के साथ उपस्थित रहे। सभी शिक्षकों ने छात्रों को संस्थान के विभिन्न विभागों का भ्रमण कराया और वहां के विशेषज्ञों से बातचीत के माध्यम से पारंपरिक औषध विज्ञान की उपयोगी जानकारी दिलाई।

प्रो. आर. डी. गुप्ता ने कहा कि ऐसे शैक्षणिक भ्रमण छात्रों के लिए अत्यंत उपयोगी होते हैं। ये न केवल उन्हें भारतीय पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली की वैज्ञानिक समझ देते हैं बल्कि उन्हें एक जिम्मेदार और दक्ष फार्मासिस्ट बनने के लिए प्रेरित भी करते हैं।

इस भ्रमण के सफल आयोजन में संस्थान के  चेयरमैन एवं चांसलर  महेन्द्र अग्रवाल, वाइस चेयरमैन  अखिल अग्रवाल, प्रो-चांसलर नितिन अग्रवाल, प्रो-चांसलर (एडमिन)  विमल कुमार शर्मा, प्रो-चांसलर (प्लानिंग)  पीयूष श्रीवास्तव, वाइस चांसलर प्रो. (डॉ.) परसंजीत कुमार, डीन अकैडमिक्स डॉ. ए. शनमुगनाथन और रजिस्ट्रार डॉ. राजीव रतन का निरंतर मार्गदर्शन और प्रोत्साहन प्राप्त हुआ।

छात्रों ने इस भ्रमण को बहुत ही ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायक अनुभव बताया। उन्होंने कहा कि इससे उन्हें भारतीय पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली को आधुनिक दृष्टिकोण से समझने और अपने पेशेवर विकास की दिशा में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिली।

अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के जिला अध्यक्ष संदीप बंसल ने भाटिया मोड़ एवं लोहिया नगर व्यापार मंडल की कमेटी का गठन किया

 

                                 मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के जिला अध्यक्ष एवं मेरठ मंडल प्रभारी संदीप बंसल ने भाटिया मोड़ एवं लोहिया नगर व्यापार मंडल की कमेटी का गठन किया 

जिसमें भाटिया मोड व्यापार मंडल के अध्यक्ष नितिन मित्तल एवं लोहिया नगर व्यापार मंडल के अध्यक्ष रोहित त्यागी को बनाया गया। और जिला कमेटी में ललित कुमार को जिला उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया

सनी गौतम राहुल कुमार कपिल कुमार विजय कुमार विनोद कुमार राकेश कुमार राजेश कुमार प्रभात कुमार सुनील गौतम दीपक कुमार योगेश कुशवाहा  हरवीर सिंह आदि को जोड़ा गया

राज कुमार गोयल इंस्टीट्यूट आफ टेक्नोलॉजी में दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन 21,22 नवंबर को


 

 


                             मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । राज कुमार गोयल इंस्टीट्यूट आफ टेक्नोलॉजी में आई. ई. ई. ई. द्वारा आयोजित "एडवांसमेंट इन इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग" (ए ई सी ई - 2025) पर दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन 21-22 नवंबर 2025 को किया जाएगा। कार्यक्रम के संयोजक डॉ आर के यादव एवं डॉ अमित सिंघल ने बताया कि इस संगोष्ठी के लिए 1250 शोध पत्र प्राप्त हुए, जिसमें से संगोष्ठी में 226 शोध पत्रों को प्रस्तुत किया जाएगा। चयनित शोध पत्र आई. ई. ई. ई. एक्सप्लोर में प्रकाशित होंगे।


इस संगोष्ठी के लिए जर्मनी, उज़्बेकिस्तान, संयुक्त राज्य अमेरिका (यूएसए), थाईलैंड, दक्षिण अफ्रीका, मलेशिया, पेरू, यू. ए. ई., इराक तथा भारत के विभिन्न क्षेत्रों से शोध पत्र प्राप्त हुए हैं। इस दो दिवसीय संगोष्ठी में विश्व के विभिन्न क्षेत्रों से सम्मानित लोग व्याख्यान देंगे। संगोष्ठी में विभिन्न देशों की प्रतिष्ठित संस्थानों के आमंत्रित वक्ता भी अपने विचार प्रस्तुत करेंगे। यह महत्वपूर्ण संगोष्ठी शोधकर्ताओं को नए उभरते हुए क्षेत्र में सक्रिय रूप से शामिल लोगों के साथ भविष्य की समस्याओं और उनके व्यावहारिक समाधान, वैज्ञानिक परिणाम और विषयों पर चर्चा करने और मिलने के लिए उत्कृष्ट मंच प्रदान करता है।

कार्यक्रम की प्रेस वार्ता में संस्थान के वाइस चेयरमैन अक्षत गोयल, ग्रुप एडवाइजर डॉ लक्ष्मण प्रसाद, एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर डॉ डी के चौहान, डायरेक्टर डॉ बी सी शर्मा, डीन ई आई आई डॉ पुनीत चंद्र श्रीवास्तव, डीन एक्रीडिटेशन डॉ रामेन्द्र सिंह, डीन स्टूडेंट वेलफेयर एच जी गर्ग,  संयोजक डॉ आर के यादव (डीन एकेडमिक) एवं डॉ अमित सिंघल (एचओडी, सी एस ई), डॉ विपुल गोयल (हेड एच आर) मौजूद रहे।

यशोदा मेडिसिटी के चेयरमैन एंड मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. पी. एन. अरोड़ा को मिला ‘हेल्थकेयर बिजनेस एक्सीलेंस अवार्ड’

 


                             मुकेश गुप्ता

सम्मान केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने 9वें बिजनेस लीडरशिप अवॉर्ड्स में प्रदान किया

 नई दिल्ली ।20 November 2025: इंडो-अमेरिकन चैंबर ऑफ कॉमर्स ने 9वें बिजनेस लीडरशिप अवॉर्ड्स में यशोदा मेडिसिटी हॉस्पिटल के चेयरमैन एंड मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. पी. एन. अरोड़ा को ‘हेल्थकेयर सेक्टर में बिजनेस एक्सीलेंस अवॉर्ड’ से सम्मानित किया। यह सम्मान उन्हें भारत सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल द्वारा प्रदान किया गया। सम्मान समारोह में शिखर सम्मेलन अध्यक्ष डॉ. ललित भसीन, सह-अध्यक्ष डॉ. अतुल चौहान तथा उत्तर भारत परिषद के क्षेत्रीय अध्यक्ष मनोज के सिंह उपस्थित रहे।

आईएसीसी ने अपने संबोधन में कहा कि डॉ. अरोड़ा भारत की स्वास्थ्य सेवा के उन अग्रदूतों में शामिल हैं, जिन्होंने अत्याधुनिक तकनीक, विशिष्ट चिकित्सा और करुणामय रोगी-देखभाल का सफल समन्वय कर एक विश्वसनीय स्वास्थ्य नेटवर्क स्थापित किया है। यशोदा समूह के अध्यक्ष के रूप में उनके नेतृत्व में अस्पतालों ने बहु-विशिष्ट उपचार, उच्चस्तरीय सेवाओं और नैतिक चिकित्सा प्रथाओं की मिसाल कायम की है।

समारोह में यह भी कहा गया कि डॉ. अरोड़ा का योगदान सिर्फ संगठनात्मक विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि वह सामुदायिक स्वास्थ्य, जन-कल्याण, चिकित्सा शिक्षा और सार्वजनिक स्वास्थ्य पहलों में भी सक्रिय भूमिका निभाते हैं। उनकी दूरदर्शिता ने यशोदा समूह को देश के प्रमुख स्वास्थ्य संस्थानों की श्रेणी में स्थापित किया है, जहाँ उत्कृष्ट सेवा-मानक और बेहतर रोगी-परिणाम लगातार नई ऊँचाइयाँ छू रहे हैं। 

सम्मान ग्रहण करते हुए डॉ. अरोड़ा ने कहा कि यह उपलब्धि पूरे यशोदा परिवार की समर्पित टीमवर्क का परिणाम है और भविष्य में भी अस्पताल समूह समाज के हर वर्ग तक उन्नत, सुलभ और मानवीय चिकित्सा सेवाएँ पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध रहेगा।

बुधवार, 19 नवंबर 2025

उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने की जनता से अपील, एसआईआर में करें बीएलओ का सहयोग




                              मुकेश गुप्ता

एसआईआर में निर्वाचकों की भागीदारी एवं सहभागित अपेक्षित:  सौरभ भट्ट

गाजियाबाद। उप जिला निर्वाचन अधिकारी/ अपर जिलाधिकारी गाजियाबाद सौरभ भट्ट, ने अवगत कराया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के क्रम में अर्हता तिथि 01.01.2026 के आधार पर विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण कार्यक्रम के तहत गणना अवधि में बी.एल.ओ. द्वारा घर-घर भ्रमण कर निर्वाचकों को गणना प्रपत्र वितरित किये जा रहे हैं तथा भरे हुए गणना प्रपत्र निर्वाचकों से प्राप्त किये जा रहे हैं, जिसमें समस्त निर्वाचकों की भागीदारी एवं सहभागित अपेक्षित है। 

अतः जनपद गाजियाबाद के समस्त निर्वाचकों से अपेक्षा की जाती है कि घर-घर भ्रमण के दौरान भरे हुए गणना प्राप्त करने हेतु आने वाले बी.एल.ओ. को गणना प्रपत्र उपलब्ध कराते हुए उक्त गणना प्रपत्र की पावती प्राप्त करना सुनिश्चित करें। भरे हुए गणना प्रपत्र के साथ किसी भी दस्तावेज की आवश्यकता नहीं है। 

कृपया उक्त कार्य में सहयोग प्रदान करने का कष्ट करें, जिससे विशेष प्रगाढ पुनरीक्षण जैसे निर्वाचन महत्वपूर्ण एवं समयबद्ध कार्य को भारत निर्वाचन आयोगे के निर्देशानुसार पूर्ण किया जा सके।

मेवाड़ में अमर बलिदानी रानी लक्ष्मी बाई जयंती मनाई गई

 




                               मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद। वसुंधरा स्थित मेवाड़ ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के विवेकानंद सभागार में अमर बलिदानी रानी लक्ष्मी बाई जयंती पर विद्यार्थियों ने रानी लक्ष्मी बाई पर आधारित सांस्कृतिक एवं देशभक्तिपूर्ण कार्यक्रम प्रस्तुत कर सबका मन मोह लिया। इंस्टीट्यूशंस की निदेशिका डॉ. अलका अग्रवाल ने अपने सम्बोधन में कहा कि हमें आज जागरूक होने की आवश्यकता है। रानी लक्ष्मी बाई जैसा देश के लिए बलिदान देने का जज्बा मन में पैदा करना होगा। महिला कभी निर्बल नहीं होती, अगर वह ठान ले तो विपरीत परिस्थितियों में भी वह काली और दुर्गा बन जाती है और दुष्टों का संहार करती है। समारोह में मेवाड़ इंस्टीट्यूशंस के विद्यार्थियों ने रानी लक्ष्मी बाई के व्यक्तित्व व कृतित्व पर आधारित सम्भाषण, समूह गान, एकल गान, कविताएं आदि सुनाकर सभी को भाव विभोर कर दिया। कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाले विद्यार्थियों में प्रियंका, मनी, आइशा उपाध्याय, भावना, कशिश, नेहा, खुशी, सोनी आदि थे। संचालन श्रुति और आंचल ने किया।

विश्व शौचालय दिवस और विश्व बाल दिवस का संयुक्त उत्सव परमार्थ निकेतन में भव्य रूप से आयोजित

 





✨विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों और शिक्षकों का सहभाग*

💫सफाई मित्रों के लिए विशेष स्वास्थ्य जांच शिविर में जनरल फिजिशियन, स्त्रीरोग विशेषज्ञ और दंत रोग विशेषज्ञों द्वारा परामर्श व उपचार प्रदान किया

💐योग, ध्यान, प्राणायाम तकनीक, मर्म चिकित्सा और रिफ्लेक्सोलॉजी की सुविधाओं ने सफाई मित्रों को शारीरिक शांति, राहत और समग्र स्वास्थ्य संवर्धन का स्नेहपूर्ण अनुभव प्रदान किया

💐साध्वी भगवती सरस्वती जी ने स्च्छता, पोषण, सम्मान और बाल-अधिकारों के संरक्षण का कराया संकल्प

💥अध्यक्ष, डिवाइन शक्ति फाउंडेशन, साध्वी भगवती सरस्वती जी, श्री राम, एम्स, ऋषिकेश, श्रीमती आयुषी, एम्स, ऋषिकेश, मर्म नाड़ी विशेषज्ञ, डॉ. कृष्णा नरम, आयुर्वेदाचार्य, प्रो. डॉ. एस. सी. मिश्रा, गंगा नंदिनी जी की गरिमामयी उपस्थिति

ऋषिकेश, 19 नवम्बर। परमार्थ निकेतन एवं ग्लोबल इंटरफेथ वॉश एलायंस, द्वारा यूनिसेफ इंडिया, हरिजन सेवक संघ एवं डिवाइन शक्ति‍ फाउंडेशन के सहयोग से विश्व शौचालय दिवस और विश्व बाल दिवस का संयुक्त समारोह आज परमार्थ निकेतन, ऋषिकेश में अत्यंत उत्साह और सामूहिक भावना के साथ आयोजित किया गया। कार्यक्रम में 500 से अधिक विद्यालयी बच्चों, शिक्षकों, आशा व आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, सफाई मित्रों, समुदाय प्रतिनिधियों और सहयोगी संस्थाओं ने सहभाग किया।

इस वर्ष के उत्सव का विषय था“स्वच्छता और पोषण- हमारे स्वस्थ भविष्य की नींव”, जिसका उद्देश्य स्वच्छता, पोषण, स्वास्थ्य, सम्मान और बाल-अधिकारों के बीच गहरे संबंधों को समझना और समाज को इन मुद्दों के प्रति संवेदनशील बनाना है।

बच्चों के लिए आयोजित सत्रों में जागरूकता रैली, रचनात्मक गतिविधियाँ, स्वच्छता एवं पोषण पर क्विज, नाटिका प्रस्तुतियाँ, सामूहिक स्वच्छता संकल्प और प्रेरणादायी संवादों व झाकियों के माध्यम से उन्हें स्वच्छ एवं स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। बच्चे पूरे कार्यक्रम के दौरान अत्यंत उत्साहित और सक्रिय दिखाई दिए।

मां गंगा के तट पर एक अभिनव “टॉयलेट वॉक” शैक्षणिक प्रदर्शनी भी स्थापित की गई, जिसमें बच्चों को विभिन्न प्रकार के शौचालय मॉडल, स्वच्छता तकनीक और पोषण के महत्व को रोचक और सरल तरीके से समझाया गया।

सफाई मित्रों, जो समाज के स्वच्छता प्रहरी हैं उनके लिए एक विशेष वेलनेस कैंप आयोजित किया गया। इस कैंप में योग, ध्यान, प्राणायाम, मर्म चिकित्सा, आयुर्वेदिक फुट मसाज, स्वास्थ्य, स्त्रीरोग चिकित्सा एवं दंत परीक्षण, व्यक्तिगत स्वच्छता जागरूकता सत्र और गरिमा किट वितरित किये गये।

इस पहल का उद्देश्य सफाई मित्रों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ करना तथा समाज में उनके अपार योगदान का सम्मान करना है।

सभी प्रतिभागियों का संयुक्त प्लेनरी सत्र में एकत्र होना कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रहा। इस अवसर पर डिवाइन शक्ति फाउंडेशन की अध्यक्ष एवं जीवा की अन्तर्राष्ट्रीय महासचिव, साध्वी भगवती सरस्वती जी ने अपने करुणामयी, प्रेरक और दूरदर्शी संदेश के माध्यम से सभी को स्वच्छता, पोषण, सम्मान और बाल-अधिकारों के प्रति जागरूक एवं सक्रिय रहने का संकल्प कराया।

साध्वी जी ने कहा कि स्वच्छता केवल शारीरिक क्रिया नहीं, बल्कि यह हमारी चेतना, संस्कार और करुणा का विस्तार है। जब हम बच्चों को स्वच्छता, पोषण और गरिमा का उपहार देते हैं, तब हम न केवल उनका भविष्य उज्ज्वल बनाते हैं, बल्कि संपूर्ण राष्ट्र की प्रगति की नींव रखते हैं। हमारे सफाई मित्र समाज के सच्चे नायक हैं, उनका सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण हमारा नैतिक उत्तरदायित्व है। आज का यह उत्सव हमें याद दिलाता है कि स्वच्छ भारत केवल एक अभियान नहीं, बल्कि सामूहिक संकल्प और सतत प्रयासों का जीवंत आंदोलन है।”

साध्वी जी ने कहा कि हमारे जीवन में जितनी जरूरत शौचालय की है उससे जरूरी यह भी है कि हम क्या खा रहे हैं। अगर हम जंक फुड खा रहे हैं तो पेट खराब रहेगा और स्वच्छ सुन्दर शौचालय होते हुये भी हम स्वस्थ नहीं रह सकते इसलिये पोषण युक्त आहार भी बहुत जरूरी है।

जीवा की परियोजना निदेशक गंगा नंदिनी जी ने साझा किया कि यह उत्सव बच्चों में स्वच्छता एवं पोषण की जागरूकता बढ़ाने, सफाई मित्रों के प्रति सम्मान को   सुदृढ़ करने और समुदाय में स्वच्छ भारत के मूल्यों को और अधिक जीवंत बनाने का एक महत्त्वपूर्ण प्रयास है।

हरिजन सेवक संघ, जो महात्मा गांधी द्वारा 1932 में स्थापित किया गया था, सामाजिक उत्थान और वंचित समुदायों के सशक्तिकरण की दिशा में कार्यरत है।

वर्ल्ड टॉयलेट कॉलेज ने स्वच्छता कार्यबल को प्रशिक्षित करने और पेशेवर कौशल विकसित करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

डिवाइन शक्ति फाउंडेशन ने महिलाओं, बच्चों और समुदायों के समग्र उत्थान हेतु अपनी सहयोगी भूमिका निभाई।

यूनिसेफ इंडिया ने बाल-अधिकारों, स्वास्थ्य, पोषण, शिक्षा और वाश कार्यक्रमों को मजबूत करने में अपनी प्रतिबद्धता प्रदर्शित की।

अनुभूतियों, शिक्षाओं और प्रेरणा से भरपूर इस कार्यक्रम का समापन सामूहिक संकल्प, सम्मान समारोह तथा सामुदायिक भंडारे के साथ हुआ। विद्यार्थियों ने नारों व झंडों के साथ स्वच्छता के प्रति जागरूकता रैली निकाली।

इस अवसर पर राकेश रोशन, उपासना पात्रा, स्वामी सेवानन्द, रोहन, कृष्णप्रिया, योगाचार्य गायत्री गुप्ता, वन्दना शर्मा, हेमचन्द, करूणा, प्रधानाचार्या, श्रीमती आशा गैरोला, कल्पना साहनी, अमित, कुसुम, शांति, रेखा, चेतना, शीतल, आशा डंगवाल, हेमा, नेहा बिष्ट, नेहा भंडारी, शीतल, माधव, परमार्थ, अभिलाषा, पूजा, दृष्टि, मीरा तथा स्वाति बिश्नोई और गुरूकुल के ऋषिकुमारों और आचार्यों का अद्भुत सहयोग रहा।

मंगलवार, 18 नवंबर 2025

सुन्दर दीप ग्रुप ऑफ इंस्टिटूशनस, गाजियाबाद के विद्यार्थियों को प्रसिद्ध सॉफटवेयर कम्पनी चेतु इंडिया प्रा० लि० मे मिला प्लेस्मेंट





                           मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । सुन्दर दीप ग्रुप ऑफ इंस्टिटूशनस, गाजियाबाद में  कैम्पस प्लेसमेंट ड्राइव में 17 विद्यार्थियों का प्रसिद्ध सॉफटवेयर कम्पनी चेतु इंडिया प्रा० लि० मे चयन हुआ। इस चयन प्रक्रिया मे बी.टेक.-कंप्यूटर सांइस, एम.सी.ए. एव बी.सी.ए. के छात्र-छात्राओं ने बढ चढकर हिस्सा लिया। जिसमे लिखित परीक्षा, ग्रुप डिस्कश्न और साक्षात्कार के माध्यम से 17 छात्र-छात्राओं का चयन हुआ।

इस अवसर पर संस्थान के अध्यक्ष  महेन्द्र अग्रवाल ने बताया कि सुन्दर दीप अपने विद्यार्थियों के उज्जवल भविष्य के लिए निरन्तर प्रयासरत है जिसके फल-स्वरूप यहाँ के छात्र एवं छात्रायें देश-विदेश मे भारत का नाम रोशन कर रहे है।

इस अवसर पर सुन्दर दीप ग्रुप के चेयरमैन महेंद्र अग्रवाल, उपकुलाधिपति नितिन अग्रवाल, उपाध्यक्ष सुंदरदीप समूह,  अखिल अग्रवाल, एस.डी.जी.आई. ग्लोबल यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर प्रो० (डॉ०) प्रसेंनजीत कुमार, प्रो० चांसलर श्पीयूष श्रीवास्तव, आई.जी. पुलिस (से०नि०), रजिस्ट्रार डॉ० राजीव रतन, श्री बृजेन्द्र सिंह, निदेशक (ट्रेनिंग एंड प्लेसमेंट), प्रो. (डॉ०) मोनिका सेंगर, निदेशक इंजीनियरिंग तथा सभी कॉलेजों के निदेशक, विभागाध्यक्ष, और फैकल्टी सदस्यों द्वारा चयनित विद्यार्थियों को बधाई दी गई और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की गई।