रविवार, 4 अक्टूबर 2026

‘कागजों पर नंबर 1, जमीन पर बुरा हाल’: पेपर रैंकिंग के झूठे दावों से जनता को गुमराह कर रही हैं भाजपा – अभिषेक गर्ग

 

मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । गाजियाबाद के वरिष्ठ सपा नेता प्रदेश सचिव अभिषेक गर्ग जी ने अखबारों में छपे गाजियाबाद नगर निगम के IGRS रैंकिंग में 'नंबर 1' आने के दावों को जनता के साथ सरासर मजाक बताया है। उन्होंने मेयर सुनीता दयाल और भाजपा के नेतृत्व वाले नगर निगम पर शहर की ज़मीनी सच्चाई को छिपाने का सीधा आरोप लगाया है।

अभिषेक गर्ग ने कहा कि अखबारों में बड़ी-बड़ी सुर्खियां छपवाकर नगर निगम खुद अपनी पीठ थपथपा रहा है, लेकिन असलियत शहर की सड़कों पर साफ दिखाई दे रही है। एक तरफ नगर निगम IGRS पोर्टल पर शिकायतों के कागज़ी निस्तारण का जश्न मना रहा है, तो दूसरी तरफ रमते राम रोड स्थित रामानुज दयाल मार्केट के व्यापारी पिछले काफी दिनों से सड़क पर धरने पर बैठने को मजबूर हैं* इससे पहले नवयुग मार्केट के व्यापारीगण टैक्स बढ़ोतरी को लेकर धरने पर बैठे थे जिसमे नगर निगम ने टैक्स कम करने के बजाय केवल समय सीमा बढ़ाकर व्यापारियों को झूठा आश्वासन दिया !

 * रमते राम रोड के रामानुज दयाल मार्केट के व्यापारियों पर जबरदस्ती थोपे गए किराये और अत्यधिक किराए और भेदभाव पूर्ण नीति से व्यापारी वर्ग आक्रोशित है और धरने पर बैठा है। साथ ही अलग अलग ब्लॉक को अलग अलग कर में जोड़ दिया और मेयर-निगम प्रशासन उनकी सुनवाई करने के बजाय कागज़ी रैंकिंग में मस्त है।

 * हाउस टैक्स का बोझ शहर की आम जनता और छोटे दुकानदारों पर भेदभावपूर्ण और बढ़ा हुआ हाउस टैक्स थोपा जा रहा है। जन-शिकायतों का वास्तविक समाधान करने के बजाय उन्हें केवल पोर्टल पर 'Resolved' (निस्तारित) दिखाकर रैंकिंग हासिल की जा रही है। इस के साथ साथ वाटर लेवल का अत्यधिक कम होना , चिंता का विषय है जिसके लिए नगर निगम के पास कोई बैक-अप प्लान नहीं है तथा स्वच्छ सर्वेक्षण रेंकिंग कि बात करें तो विधानसभा 56 कि विभिन्न क्षेत्रों मे कूड़ा इकठ्ठा किया जा रहा है ,हाल ही मे हिंडन विहार कालोनी मे नूरइलाही मस्जिद के पास के निवासियों ने नगर निगम के कर्मचारियों द्वारा वहाँ कूड़ा डालने के संबंध मे धरना भी दिया था ! 

 मुद्दा कागज़ी रैंकिंग बनाम ज़मीनी सच्चाई के बीच है , नगर निगम द्वारा पोर्टल पर फाइल बंद कर देने से ज़मीन की समस्याएं खत्म नहीं हो जातीं। अगर शिकायतों का असल में समाधान हुआ होता, तो शहर के व्यापारियों और आम नागरिकों को धरने-प्रदर्शन पर नहीं बैठना पड़ता। जल निकासी के बात करें तो थोड़ी सी बारिश मे ही पूरा शहर जलमगन हो जाता है जिसके लिए भी नगर निगम के पास कोई योजना नहीं है ! 

अभिषेक गर्ग जी ने मेयर सुनीता दयाल और नगर निगम प्रशासन से मांग की है कि यह झूठी रैंकिंग की वाहवाही तुरंत बंद करें, रमते राम रोड के व्यापारियों की मांगों को पूरा करें और हाउस टैक्स में जनता को राहत दें।

उन्होंने चेतावनी दी कि आम जनता की समस्याओं का जल्द समाधान नहीं निकाला गया, तो भाजपा सरकार और नगर निगम के खिलाफ एक बड़ा जन-आंदोलन शुरू किया जाएगा।


कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें