रविवार, 20 जुलाई 2025

तीन सूत्रीय मांगों का लिखित आवासन लेने के बाद पार्षदों ने किया धरना समाप्त, अपने वार्ड की तरफ किया रुख

 



                         मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद। 30 जून को निगम बोर्ड बैठक में सभी पार्षदों व पदेन सदस्य सांसद अतुल गर्ग, कैबिनेट मंत्री सुनील शर्मा, विधायक अजीत पाल त्यागी व विधायक संजीव शर्मा ने बढ़े हाउस टैक्स के प्रस्ताव की निरस्त क्या था जिस में सदन की मुखिया महापौर सुनीता दयाल ने भी बढ़े हाउस टैक्स को निरस्त घोषित किया था। इस बोर्ड बैठक के मिनट्स की कॉपी सभी पार्षदों को अभी तो मिल जानी चाहिए थी लेकिन मिनट्स ना मिलने पर पार्षदों के एक दल ने बैठक से 10 दिन में मिनट्स दिए जाने को लेकर एक पत्र सदन सचिव जंग बहादुर यादव को दिया। मिनट्स देने के लिए सदन सचिन ने कुछ समय और मागा जिस में पार्षदों ने पुनः 18 तारीख तक का समय सदन सचिव को दिया। 18 तारीख को पार्षद सदन सचिव से मिले। सदन सचिव ने मिनट्स तैयार ना होने की बात कही तभी पार्षदों ने जब तक मिनट्स नहीं मिल जाते तब तक निगम परिसर में बैठे रहने का निर्णय लिया। पार्षद कक्ष की छत क्षतिग्रस्त होने व कक्ष की बिजली कटी होने के कारण सभी पार्षद निगम परिसर क्षेत्र में बैठ गए कि जब तक हमें मिनट्स की कॉपी नहीं मिल जाती जब तक हम यहां से जाने वाले नहीं है।

नगरायुक्त व अधिकारियों से पार्षदों की लगातार वार्ता चलती रही तथा निगम कर्मचारी संघ द्वारा शनिवार को यह कहकर हड़ताल कर दी गई कि पार्षद शिवरात्रि के बाद मिनट्स की कॉपी मांगे। रविवार की सुबह नगरायुक्त, सदन सचिव व मुख्य कर निर्धारण अधिकारी ने पार्षदों से वार्ता की जिस में काफी नोक झोंक के बाद नगर निगम द्वारा द्वारा तीन पॉइंटों में एक लिखत रूप में पत्र दिया गया जिस में बताया गया कि कावड़ यात्रा में कर्मचारी व्यस्त होने के कारण 30 जून बोर्ड बैठक के मिनट्स 25 जुलाई सुबह 10 बजे तक महापौर सुनीता दयाल को उपलब्ध करा दिए जाएंगे दूसरे पॉइंट में संपत्ति करदाताओं को उनके मोबाइल नंबर पर भेजे जाने वाले संपत्ति कर बिलों को अग्रिम आदेश तक रोक लगा दी जाएगी। तीसरे पॉइंट में संपत्ति कर में 20% की मिलने वाली छूट को दो महीने के लिए बढ़ाया जायेगा।

    नगरायुक्त ने इस लिखित पत्र को सभी पार्षदों को दिया। सभी पार्षद इस पत्र को लेकर निगम कार्यालय से अपने वार्ड की तरफ गए।

  इस अवसर पर पार्षद नीरज गोयल हिमांशु शर्मा गौरव सोलंकी कुसुम मनोज गोयल शशि पवन गौतम पूनम सिंह राजकुमार भाटी नरेश भाटी भूपेंद्र उपाध्याय  ओमप्रकाश ओड पवन गौतम देवनारायण शर्मा पवित्रा देवी वीर सिंह सुधीर मुलायम सिंह मुन्नी देवी कश्यप जाकिर सैफी डॉ अनिल तोमर धीरेंद्र बिल्लू ओमपाल भाटी धर्मेंद्र आदि पार्षद उपस्थित रहे

परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने आज स्वास्थ्य शिविर में सेवायें प्रदान कर रही टीम से भेंटकर उनका हालचाल लिया और उत्साहवर्द्धन किया

 


                   विशेष संवाददाता
परमार्थ निकेतन, ऋषिकेश द्वारा बाघखाला, राजाजी नेशनल पार्क में शिवभक्तों के लिये निःशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन

स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी के मार्गदर्शन व आशीर्वाद से गुरूपूर्णिमा से शुरू हुये निःशुल्क चिकित्सा शिविर के माध्यम से प्रतिदिन 14 घन्टे प्रदान की जा रही है स्वास्थ्य सुविधायें

18 से 20 नर्सेज़, चिकित्सकों और स्वयं सेवकों की टीम प्रतिदिन तीन से पांच हजार शिवभक्तों को स्वास्थ्य सुविधायें प्रदान कर रहा है

ऋषिकेश, । परमार्थ निकेतन, ऋषिकेश द्वारा, स्वामी चिदानन्द सरस्वती  के मार्गदर्शन व प्रेरणा से राजाजी नेशनल पार्क, बाघखाला में चल रहा निःशुल्क चिकित्सा शिविर, शिवभक्ति और सेवा का अनुपम संगम है। गुरुपूर्णिमा के पावन अवसर पर प्रारम्भ हुए इस स्वास्थ्य शिविर के माध्यम से प्रतिदिन हजारों शिवभक्तों को स्वास्थ्य सेवाएँ निःशुल्क उपलब्ध कराई जा रही हैं।

इस स्वास्थ्य सेवा शिविर में प्रतिदिन 18 से 20 नर्सेज, चिकित्सकों और स्वयं सेवकों की समर्पित टीम सुबह 06 बजे से रात 8 बजे तक, लगभग 14 घण्टे प्रतिदिन निरंतर सेवायें देकर 3000 से 5000 शिवभक्तों का उपचार कर रही है। नीलकंठ जाने वाले हजारों श्रद्धालुओं के लिये यह सेवायें जीवनदायिनी साबित हो रही है।

आज परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती  ने 19 जुलाई स्वयं शिविर में सेवायें प्रदान कर रही चिकित्सा टीम से भेंट की, उनका हालचाल लिया और उन्हें आशीर्वाद प्रदान किया। 

स्वामी जी ने कहा कि सेवा ही सच्ची साधना है। यह निःस्वार्थ सेवा शिविर न केवल शिवभक्तों की शारीरिक पीड़ा को दूर कर रहा है साथ ही यह करूणा की अभिव्यक्ति का एक जीवंत उदाहरण है।

स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने चिकित्सकों, नर्सों और सेवा कार्य में लगे समर्पित स्वयंसेवकों का अभिनन्दन करते हुए कहा कि “हमारा उद्देश्य केवल चिकित्सा देना नहीं है, बल्कि तीर्थयात्रा को सुरक्षित, स्वच्छ और सत्कारमय बनाना है। यह शिविर एक संदेश है कि जब अध्यात्म और विज्ञान, श्रद्धा और सेवा, ध्यान और चिकित्सा साथ चलें, तभी सम्पूर्ण कल्याण सम्भव है।”

स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि कांवड़ यात्रा श्रद्धा, साधना और संयम का महा संगम है। यह पवित्र जल लाने की एक दिव्य परंपरा के साथ आत्मशुद्धि, प्रकृति-प्रेम और समाजसेवा का जीवंत उदाहरण है। लाखों शिवभक्त जब नंगे पांव, हरहर महादेव के जयघोष के साथ यात्रा करते हैं, तो यह राष्ट्र की आध्यात्मिक शक्ति को जाग्रत करते हैं। 

स्वामी जी ने कांवड यात्रियों व शिवभक्तों का आह्वान करते हुये कहा कि यात्रा के दौरान स्वच्छता, शांति, अनुशासन और सद्भाव का पालन करें। यही सच्ची शिवभक्ति है। शिवजी केवल मंदिरों में नहीं, हमारे व्यवहार, करुणा और सेवा में प्रकट होते हैं। यही शिवत्व को जीवन में उतारने का मार्ग भी है।”

शिविर में सामान्य चिकित्सा, प्राथमिक उपचार, ब्लड प्रेशर, शुगर जांच, दवा वितरण आदि सेवाएँ प्रदान की जा रही हैं। साथ ही, तीर्थयात्रियों को स्वच्छता, जल संरक्षण, पर्यावरण के प्रति जागरूकता और योग-प्राणायाम की भी प्रेरणा दी जा रही है। साथ ही बैराज ले लेकर स्वर्गाश्रम तक जल मन्दिरों व जल टैंकर के माध्यम से स्वच्छ पेयजल सेवायें भी परमार्थ निकेतन द्वारा प्रदान की जा रही हैं।

स्वामी जी कावंड यात्रा को स्वच्छ, सुरक्षित और सहज बनाने हेतु माननीय मुख्यमंत्री उत्तराखंड़ श्री पुष्कर सिंह धामी जी और पूरी टीम को धन्यवाद दिया। 

इस अवसर पर परमार्थ निकेतन की टीम, ग्लोबल इंटरफेथ एलायंस, डिवाइन शक्ति फाउंडेशन के संयुक्त तत्वाधान में चिकित्सा शिविर आयोजित किया गया।

अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल ने लगाया कावड़ शिविर

 

                         मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद । अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल गाजियाबाद के जिलाध्यक्ष एवं मेरठ मंडल प्रभारी संदीप बंसल प्रधान  के परिवार द्वारा प्रत्येक वर्ष की भांति इस वर्ष भी एमएमजी अस्पताल के सामने दूधेश्वर नाथ मंदिर पर कांवड़ियों के भंडारे के लिए एक शिविर लगाया गया है जो 20 जुलाई से 23 जुलाई तक शिव भक्तों की भंडारे पर अनेक व्यंजनों से सेवा करेगा।

प्रथम दिन का भंडारा आज दोपहर से शुरू किया गया भंडारा वितरण करने में अपनी सेवा करने वाले जिलाध्यक्ष संदीप बंसल, हर्ष बंसल, संजय गुप्ता, प्रेम प्रकाश चीनी, दीपक गर्ग, अमन सिसोदिया, चेतन शर्मा अनिल गर्ग जितेंद्र गोयल, विनोद अग्रवाल, नितिन मित्तल सहित अनेक सेवादार शामिल हुए।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज के साथ भगवान दूधेश्वर की पूजा-अर्चना की

 



                        मुकेश गुप्ता

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, दूधेश्वर महादेव जैसे सिद्धपीठ में आकर आत्मा को शांति मिलती है

मुख्यमंत्री ने मंदिर के संरक्षण व आध्यात्मिक विकास के लिए महाराजश्री का धन्यवाद किया

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को मंदिर के कॉरिडोर का निर्माण समय व गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के आदेश दिए 

श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज ने मुख्यमंत्री का स्वागत-अभिनंदन किया 

 गाजियाबादः उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी अदित्यनाथ रविवार की प्रातः सिद्धपीठ श्री दूधेश्वर नाथ मठ महादेव मंदिर पहुंचे। उन्होंने मंदिर में मंदिर के पीठाधीश्वर श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज के साथ भगवान दूधेश्वर कर पूजा-अर्चना की और श्रावण शिवरात्रि पर कांवडि़यों के लिए की जा रही व्यवस्थाओं का जायजा लिया। साथ ही मंदिर में बन रहे कॉरिडोर का निरीक्षण कर अधिकारियों को सभी कार्य समय से व पूर्ण गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के आदेश दिए। 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अचानक ही मंदिर पहुंचे, इसके बावजूद शहर भर से भक्त मंदिर पहुंच गए और मुख्यमंत्री का स्वागत उन्होंने हर हर महादेव व भगवान दूधेश्वर के जयकारों के साथ किया। श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज ने उनका स्वागत किया। मुख्यमंत्री सीधे    गर्भगृह पहुंचे और श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज के साथ उन्होंने भगवान दूधेश्वर का अभिषेक व पूजा-अर्चना की। पूजा-अर्चना मंदिर व श्री दूधेश्वर वेद विद्यापीठ के आचार्यो ने कराई। महाराजश्री ने मुख्यमंत्री का रूद्राक्ष की माला पहनाकर व भगवान दूधेश्वर का प्रतीक चिंह देकर सम्मान किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि ष्श्रवण मास शिव भक्ति और तप का महीना है। दूधेश्वर महादेव जैसे सिद्धपीठों का पुण्य प्रभाव ही है कि यहाँ आकर आत्मा को शांति मिलती है। मैं भगवान दूधेश्वर से उत्तर प्रदेश की सुख-शांतिए उन्नति और जनकल्याण के लिए प्रार्थना करता हूँ। गाजियाबाद का यह मंदिर केवल आस्था का केंद्र ही नहीं है, बल्कि सनातन संस्कृति का जीवंत स्वरूप है। उन्होंने श्रीमहंत नारायण गिरी महाराज का मंदिर के संरक्षण और आध्यात्मिक विकास के लिए धन्यवाद भी किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंदिर परिसर में बनाए गए कांवड़ सेवा शिविरों, वॉलिंटियर व्यवस्था एवं सुरक्षा व्यवस्था का भी निरीक्षण किया और शानदार व्यवस्थाओं की सराहना की। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंदिर में बन रहे कॉरिडोर का निरीक्षण कर अधिकारियों को श्रावण मास के बाद निर्माण कार्यो में तेजी लाने के आदेश भी दिए। श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज ने कहा कि यह देशवासियों व प्रदेश वासियों का सौभाग्य है कि उन्हें नरेंद्र मोदी जैसे प्रधानमंत्री व योगी आदित्यनाथ जैसे मुख्यमंत्री मिले। उनके नेतृत्व में देश व उत्तर प्रदेश विकास का नया इतिहास रच रहे हैं। देश के धार्मिक स्थलों का विकास हो रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं पश्चिम उत्तर प्रदेश में कांवड यात्रा का हवाई सर्वेक्षण कर रहे हैं और कांवडि़या पर पुष्प वर्षा कर रहे हैं। उन्होंने मंदिर का कॉरिडोर बनाने के लिए मुख्यमंत्री का धन्यवाद किया। महापौर सुनीता दयाल, सांसद अतुल गर्ग, शहर विधायक संजीव शर्मा, भाजपा के महानगर अध्यक्ष मयंक गोयल, जिलाधिकारी दीपक मीणा, पुलिस आयुक्त जे रविंद्र गौड, नगरायुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक, अजय चोपडा आदि भी मौजूद रहे।

शनिवार, 19 जुलाई 2025

सावन की शिवरात्रि पर देश भर के लाखों कांवड़िएं भगवान दूधेश्वर का जलाभिषेक करेंगेः श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज, कांवडि़यों को हर प्रकार की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगीः धर्मपाल गर्ग

 

                          मुकेश गुप्ता 
गाजियाबादःसावन शिवरात्रि 23 जुलाई को है और उस दिन सिद्धपीठ श्री दूधेश्वर नाथ मठ मंदिर में लाखों कांवड़िएं व शिवभक्त भगवान दूधेश्वर का जलाभिषेक करेंगे। जलाभिषेक के लिए देश भर से कांवड़िएं व शिवभक्त मंदिर आएंगे। मंदिर के पीठाधीश्वर, श्री पंच दशनाम जूना अखाड़े के अंतर्राष्ट्रीय प्रवक्ता व दिल्ली संत महामंडल के अध्यक्ष श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज ने बताया कि दूघेश्वर मंदिर सिद्धपीठ है और यहां भगवान शिव स्वयं भगवान दूधेश्वर के रूप में अपने भक्तों के कष्ट दूर करने और अपनी कृपा की बारिश से उनके जीवन को सुख-समुद्धि व खुशहाली से भरने के लिए विराजमान हैं। यही कारण है कि मंदिर की ख्याति देश ही नहीं विदेश में भी है और यहां पूरे सावन का मेला लगता है। सावन के प्रत्येक सोमवार को हजारों की संख्या में भक्त भगवान का जलाभिषेक करते हैं, वहीं सावन की शिवरात्रि को तो यह संख्या लाखों में पहुंच जाती है। मंदिर में तीन दिवसीय कांवड़ मेला 21 जुलाई से शुरू हो जाएगा। 22 जुलाई को त्रयोदशी का जल चढेगा। सावन का पहला प्रदोष व्रत 22 जुलाई यानी मंगलवार को रखा जाएगा। मंगलवार होने की कारण ही इस प्रदोष व्रत को भौम प्रदोष व्रत के रूप में जाना जाएगा। भौम प्रदोष का व्रत ऋणमोचन के लिए रखा जाता है। त्रयोदशी तिथि 22 जुलाई को सुबह 7.06 बजे लगेगी और देर रात 2.29 बजे समाप्त होगी। वहीं चतुर्दशी तिथि 23 जुलाई को सुबह 04.बजे से पूरा दिन कावड़ का जल चढ़ाने का दिन शुभ है जो कि 23/24 की रात 2 बजे तक रहेगा कांवडिये भक्त पूरे दिन किसी भी समय जल चढाये पूरा दिन शुभ है  सावन की शिवरात्रि 23 जुलाई को होगी और उसी दिन व्रत रखकर भगवान दूधेश्वर का जलाभिषेक किया जाएगा।  व्रत का पारण 24 जुलाई को होगा। मंदिर विकास समिति के अध्यक्ष धर्मपाल गर्ग ने बताया कि मंदिर में देश भर से जलाभिषेक के लिए आने वाले कांवड़ियों को हर प्रकार की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है और सावन शिवरात्रि के लिए विशेष प्रबंध किया जाएगा ताकि कांवड़ियों को जलाभिषेक के दौरान कोई परेशानी ना हो। मंदिर के स्वयंसेवक कांवड़ियों की सेवा के लिए 24 घंटे तत्पर रहेंगे। मंदिर विकास समिति के उपाध्यक्ष अनुज धर्मपाल गर्ग ने बताया कि मंदिर की ओर से कांवड़ियों के लिए भंडारे की व्यवस्था भी की गई है। .त्रयोदशी से मंदिर के कपाट 24 घंटे खुले रहेंगे। मंदिर के मीडिया प्रभारी एस आर सुथार ने बताया कि मंदिर के पीठाधीश्वर श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज के निर्देशन व मार्गदर्शन में सावन शिवरात्रि पर ऐसी शानदार व्यवस्था रहेगी कि लाखों की संख्या के बावजूद किसी भी कांवड़िए को जलाभिषेक में कोई परेशानी नहीं होगी। जिलाधिकारी दीपक मीणा, पुलिस आयुक्त जे रविंद्र गौड, महापौर सुनीता दयाल, नगरायुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक द्वारा हर प्रकार की व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई हैं और वे खुद सभी व्यवस्थाओं पर नजर रख रहे हैं ताकि किसी प्रकार की कोई भी असुविधा शिवभक्त को ना हो। मंदिर की व्यवस्थाओं को लेकर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ महाराजश्री से जानकारी भी ले रहे हैं। प्रदेश के राज्यमंत्री नरेंद्र कश्यप, विधायक संजीव शर्मा भी व्यवस्थाओं व तैयारियों पर नजर बनाए हुए हैं। श्रृंगार सेवा समिति के अध्यक्ष विजय मित्तल व उनकी टीम द्वारा सावन की शिवरात्रि पर भगवान दूधेश्वर का भव्य व आलौकिक श्रृंगार किया जाएगा।                           

मायापुरी कांवड़ संघ का शुभारंभ दूधेश्वर पीठाधीश्वर श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज ने किया, महाराजश्री बोले, शिवभक्ति का प्रतीक है कांवड़ यात्रा

 

मुकेश गुप्ता
गाजियाबादः मायापुरी कांवड़ संघ द्वारा कांवडि़यों की सेवा के लिए साईं उपवन के पास हिंडन किनारे विशाल कांवड़ शिविर लगाया गया है, जिसका शुभारंभ शुक्रवार की रात्रि मुख्य अतिथि सिद्धपीठ श्री दूधेश्वर नाथ मठ महादेव मंदिर के पीठाधीश्वर, श्रीपंच दशनाम जूना अखाड़ा वाराणसी के अंतर्राष्ट्रीय प्रवक्ता, दिल्ली संत महामंडल के अध्यक्ष श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज ने किया। संस्था के अध्यक्ष सुनील गोयल पंजाबी बाग दिल्ली वाले व महामंत्री अशोक गोयल ने महाराजश्री का स्वागत अभिनंदन किया और उनका आशीर्वाद लिया। श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज ने कहा कि कांवड यात्रा में शिव भक्त बड़ी आस्था के साथ हरिद्वार, ऋषिकेश, गोमुख, नीलकंठ गंगोत्री आदि पवित्र स्थलों से गंगाजल भरकर कांवड़ के माध्यम से लाते हैं और श्रावण शिवरात्रि पर भगवान शिव को अर्पित करते हैं।  पूरे मार्ग में कांवड़िए उपवास, नियमए और भक्ति के साथ यात्रा करते हैं तथा पैदल चलते हुए कठिन रास्तों को पार करते हैं। यह यात्रा शिव भक्ति का प्रतीक माना जाता है। इस यात्रा के दौरान शिवभक्त तपस्या व समर्पण से शिव भक्ति में इतने लीन हो जाते हैं कि उनमें भगवान शिव नजर आने लगते हैं। वे भगवान शिव का ही स्वरूप बन जाते हैं। इसी कारण उन्हें भोला या भोली कहा जाता है। महाराजश्री ने कहा कि मायापुरी कांवड़ संघ शिवभक्तों की सेवा के लिए तीसरी बार यह शिविर लगा रहा है। शिविर के संचालकों पर भगवान शिव की कृपा हमेशा बनी रहेगी। शिविर के उदघाटन के लिए महाराजश्री को आचार्य मनीष पंडित ने मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया था। आकाश देव ने भजनों से सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।

गुरुवार, 17 जुलाई 2025

जग्गी ने किया न्यू ड्रीम फाऊंडेशन एनजीओ गाजियाबाद के तत्वाधान में मेडिकल कैंप का उद्घाटन

 

                          मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद ।  न्यू ड्रीम फाऊंडेशन एनजीओ गाजियाबाद के तत्वाधान में शिव भक्तों के लिए मेडिकल कैंप का आयोजन किया गया आज प्रदेश अध्यक्ष आतंकवाद विरोधी मोर्चा सरदार हरप्रीत सिंह जग्गी वरिष्ठ अधिवक्ता ने इसका उद्घाटन किया । उद्घाटन के समय बोलते हुए हरप्रीत सिंह जग्गी ने बताया कि शिव भक्तों की सेवा के  मन की शांति व पूर्णिया की  प्राप्ति होती है  प्रत्येक भारतीय को कार्य करना चाहिए सेवा हमारी सभ्यता को दर्शाता है शिव भक्त कावड़   के इलाज के लिए न्यू ड्रीम फाउंडेशन के द्वारा हर वर्ष इसी तरह कैंप का आयोजन किया जाता है जिसमें बीपी ,शुगर चेकअप के साथ-साथ निशुल्क दवाइयां का वितरण किया जाता है इस वर्ष महिलाओं के लिए सेनेटरी नैपकिन आदि व जल आदि की भी व्यवस्था की गई है न्यू ड्रीम फाऊंडेशन गाजियाबाद के तत्वाधान द्वारा कई वर्षों से मेडिकल कैंप का आयोजन किया जा रहा है इस उपलक्ष में अध्यक्ष सीपी श्रीवास्तव जी सचिव अमित शर्मा कोषाध्यक्ष ज्योति पाल व पंकज श्रीवास्तव वरिष्ठ अधिवक्ता मुकेश शर्मा मनप्रीत सिंह आदि मुख्य रूप से उपस्थित थे

समाजसेवी राजेश गुप्ता ने भंडारे का आयोजन करके पूर्व विधायक प्रशांत चौधरी का जन्मदिन मनाया

 


मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद 17 जुलाई ।, भारतीय किसान यूनियन एकता शक्ति के महानगर अध्यक्ष समाजसेवी राजेश गुप्ता ने  पूर्व विधायक प्रशांत चौधरी के जन्मदिन पर श्री कृष्ण गौशाला विजयनगर में भंडारे का आयोजन किया। जिसमें क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोग उपस्थित हुए।भंडारे में उपस्थित सभी लोगों ने माननीय विधायक जी को जन्मदिन की बधाई और शुभकामनाएं दी। 

भंडारा वितरण में समाजसेवी राजेश गुप्ता ने विधायक जी को जन्मदिन की बधाई देते हुए उनके अच्छे स्वास्थ्य और लंबी आयु की कामना की। उन्होंने चर्चा करते हुए बताया कि विधायक जी जन-जन के हितेषी, मृदु भाषी और लोकप्रिय नेता हैं। वह हम सबके लिए एक अभिभावक की तरह है। उन्होंने भंडारे में आए सभी गणमान्य अतिथियों का भी आभार प्रकट किया। 

भंडारे में प्रमुख रूप से पूर्व पार्षद सुरेन्द्र सेन,मंडल उपाध्यक्ष राहुल सिंह,सुरेश लोधी,नकुल अरोरा,जीवन वालिया,पूर्व पार्षद महेश यादव,महेश अग्रवाल,राकेश अग्रवाल,राजकुमार गुप्ता,विवेक अग्रवाल,बृजभूषण चावरा,राजेंद्र भाटी,हरि नगर,चमन गुप्ता,गौरव शर्मा,सूरज सेन,प्रमोद,राजपाल सक्सेना ,विष्णु गुप्ता,विवेक अग्रवाल,R.P. जैन,लोकेश शर्मा,विमल कुमार,शिवम् शुक्ला,हेमंत शर्मा,युग छाबड़ा,महेंद्र अग्रवाल, योग गुरु रमेश मंगल,सुरेन्द्र कुमार,आदि अनेक लोग उपस्थित रहे।

गाज़ियाबाद के काव्य सुंदरियाल ने योग में लहराया परचम, राज्य स्तरीय योगासन प्रतियोगिता में स्वर्ण और रजत पदक जीतकर बढ़ाया जिले का मान

 

                            मुकेश गुप्ता

गाज़ियाबाद ।  गाजियाबाद के सिद्धार्थ विहार की ब्रहमपुत्र एनक्लेव  सोसायटी निवासी काव्य सुंदरियाल, जो कि प्रतिष्ठित योग संस्था "योगस्थल" के प्रतिभाशाली छात्र हैं, ने हाल ही में आयोजित 6वीं राज्य स्तरीय योगासन प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण और रजत पदक अपने नाम किए। यह प्रतियोगिता 12 से 14 जुलाई 2025 तक मुज़फ्फरनगर के सिसौली गांव में आयोजित की गई, जिसमें राज्य भर से लगभग 250 प्रतिभागियों ने भाग लिया।

काव्य ने ट्रेडिशनल योग वर्ग में शानदार प्रदर्शन कर स्वर्ण पदक, जबकि आर्टिस्टिक सिंगल वर्ग में दमदार प्रस्तुति देकर रजत पदक अर्जित किया। उसकी इस उपलब्धि ने न केवल गाज़ियाबाद का, बल्कि योगस्थल और उसके परिवार का भी नाम रोशन किया है।

इस गौरवपूर्ण सफलता पर योगस्थल के फाउंडर  सौरभ गुप्ता व को-फाउंडर श्रीमती पायल गर्ग ने स्वयं काव्य के घर जाकर उन्हें व उनके परिवार को बधाई दी। उन्होंने कहा कि काव्य जैसे समर्पित और मेहनती विद्यार्थी ही योग को नई ऊँचाइयों तक ले जा रहे हैं और समाज के लिए प्रेरणा बन रहे हैं।

काव्य की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर पूरे गाज़ियाबाद में खुशी की लहर है और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की जा रही है।

स्वामी चिदानन्द सरस्वती ने शिक्षिकाओं को पौधें भेंट कर एक पौधा माँ के नाम और एक धरती माँ के नाम रोपित करने का कराया संकल्प

 

विशेष संवाददाता

☘️उत्तराखंड के पौराणिक लोकपर्व  हरेला की शुभकामनायें

🌺सांस्कृतिक विरासत, पर्यावरण संरक्षण, प्रकृति प्रेम और हरियाली का प्रतीक हरेला पर्व

🌳हरियाली और नई फसल की शुरुआत का महोत्सव

💐धरती से जुड़ाव और परंपराओं के सम्मान का महापर्व हरेला

💥हरेला पवर्, प्रकृति, परंपरा और पर्यावरण संरक्षण का अनुपम संगम

*✨हरेला पर्व वास्तव में हमारी भारतीय संस्कृति की उस धारा का प्रतिनिधित्व करता है जहाँ जीवन और प्रकृति एक-दूसरे में समाहित हैं

☘️आइए, इस हरेला पर्व पर हम केवल बीज नहीं, आशा बोएं; हम केवल अंकुर नहीं, हरित भविष्य उगाएं; हम केवल धरती को ही हरित न करें बल्कि मानवता को भी जीवंत करें

ऋषिकेश,। परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती ने बुधवार को उत्तराखंड की पौराणिक संस्कृति का लोकपर्व हरेला की देशवासियों को शुभकामनायें देेेते हुये कहा कि हरेला पर्व, हरियाली और नई फसल के आगमन का प्रतीक है। हरेला हमें प्रेरणा देता है कि हम लौटें, धरती माँ की गोद में, पेड़ों की छाँव में, मिट्टी की महक में।

यह पर्व उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत, पर्यावरणीय चेतना और प्रकृति प्रेम का अनुपम महोत्सव है। जो जीवन में हरियाली, समृद्धि और संतुलन का संदेश देता है। हरेला का अर्थ ही है ‘हरियाली’, और यह पर्व वर्षा ऋतु के आरंभ में, श्रावण मास की संक्रांति को मनाया जाता है। उत्तराखंड के कुमाऊं क्षेत्र में विशेष रूप से मनाए जाने वाला यह पर्व उत्तराखंड सहित पूरे भारत में भी पर्यावरण संरक्षण का संदेश दे रहा हैं।

हरेला पर्व, मातृभूमि और धरती माता के प्रति सम्मान का पर्व है। यह प्रकृति के साथ हमारे रिश्ते को पुनर्स्थापित करने, धरती की उर्वरता को नमन करने और अपने पूर्वजों की परंपराओं को सम्मान देने का एक सुंदर अवसर है। इस पर्व के माध्यम से युवा पीढ़ी के लिये यह संदेश है कि हम सभी प्रकृति के अंश हैं और प्रकृति है तो ही हमारी संस्कृति व संतति हैं।

हरेला के दिन घरों में सात प्रकार के अन्नों के बीजों को बोते हैं, जो नौ दिनों में अंकुरित होते हैं। इनको हरेला कहा जाता है और इन अंकुरों को सिर पर रखकर आशीर्वाद लिया जाता है। यह परंपरा हमें हमारे कृषि संस्कारों, श्रम-संस्कारों और प्रकृति के साथ आत्मीय रिश्तों का संदेश देती है।

हरेला पर्व के पावन अवसर पर परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष पूज्य स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने शिक्षिकाओं और मातृशक्ति को पौधे भेंट कर पर्यावरण संरक्षण का सुंदर संदेश दिया। उन्होंने सभी को एक पौधा माँ के नाम और एक पौधा धरती माँ के नाम रोपित करने का संकल्प कराया। 

स्वामी जी ने कहा कि हरेला पर्व, पर्यावरण जागरूकता का आंदोलन है। यदि हर नागरिक एक-एक पौधा रोपे और उसका पालन-पोषण अपने बच्चों की तरह करे, तो धरती फिर से हरी-भरी हो सकती है। हमारी संस्कृति में प्रकृति को देवता माना गया है और हरेला पर्व इस भावना को और भी सशक्त करता है।

आज जब पृथ्वी पर वनों की कटाई, जलवायु परिवर्तन और प्रदूषण की समस्या विकराल रूप ले रही है, तब हरेला जैसे प्रकृति समर्पित पर्वों की प्रासंगिकता और भी बढ़ जाती है। हरेला पर्व हमें स्मरण कराता है कि प्रकृति केवल उपयोग की वस्तु नहीं है, वह हमारी माँ है। उसकी रक्षा करना हमारा धर्म है।

स्वामी जी ने कहा कि प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता जागृत कर हम आने वाले कल को सुरक्षित और हरा-भरा कर सकते हैं।

आइए, हम सब मिलकर हरेला को हरित जीवन और हरित भविष्य की ओर एक पवित्र पहल बनाएं। हरेला मनाएं, पौधे लगाएं, धरती को हरियाली से सजाएं।

विधायक संजीव शर्मा ने जिला चिकित्सालय में सीसी रोड के निर्माण कार्य का उदघाटन किया

 

मुकेश गुप्ता
हरवासियों को सभी सुविधाएं उपलब्ध कराने का अभियान जारी रहेगा

गाजियाबादः शहर विधायक संजीव शर्मा का शहर के विकास कर उसे आदर्श शहर बनाने का अभियान जारी है। इसी कडी में उन्होंने जिला चिकित्सालय, एमएमज़ी अस्पताल में टीबी विभाग से शवदाह गृह तक सीसी रोड का निर्माण कार्य का शुभारंभ किया। इस सीसी रोड के बन जाने से जिला चिकित्सालय, एमएमजी अस्पताल आने वाले मरीजों व उनके तीमारदारों को फायदा होगा। विधायक संजीव शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। 

उत्तर प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में अधिक से अधिक सुविधाएं उपलब्घ कराई जा रही है। ऐसी चिकित्सा सुविधाएं जो सिर्फै प्राइवेट अस्पतालों में ही होती थीं, आज प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में भी उपलब्ध कराई जा रही है। जिला चिकित्सालय, एमएमजी अस्पताल में भी आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने का अभियान चल रहा है। उनका यही प्रयास है कि जनता ने जिस विश्वास व भरोसे से उन्हें अपना प्रतिनिधि चुना, उस पर खरा उतरते हुए वे जनता को अधिक से अधिक सुविधाएं उपलब्ध कराएं और इसके लिए वे पूरी तरह से प्रयासरत हैं। विधायक संजीव शर्मा के मीडिया सलाहकार अजय चोपड़ा ने बताया कि  इस रोड का निर्माण जल्द पूरा कराया जाएगा। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी अखिलेश मोहन व अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ राकेश सिंह सहित कई डॉक्टर  भी मौजूद रहे।

                    

              

बुधवार, 16 जुलाई 2025

जिलाधिकारी दीपक मीणा ने किया साउथ साइट औद्योगिक क्षेत्र के विभिन्न स्थलों का निरीक्षण, दिये आवश्यक दिशा—निर्देश

मुकेश गुप्ता
समाधान हेतु आवश्यक कार्यवाही करें सम्बंधित अधिकारी: जिलाधिकारी दीपक मीणा*श

गाजियाबाद ।  दुगार्वती देवी सभागार, विकास भवन में जिलाधिकारी श्री दीपक मीणा की अध्यक्षता में दिनांक 14 जुलाई 2025 को जिला स्तरीय उद्योग बंधु बैठक आहूत हुई, जिसमें लिए गए निर्णय के क्रम में कार्बन कॉन्टिनेंटल फैक्ट्री के पास स्थित पार्क में एसिटिक पानी जाने संबंधी प्रकरण पर जिलाधिकारी गाजियाबाद दीपक मीणा द्वारा साउथ साइड जीटी रोड औद्योगिक क्षेत्र में स्थित संदर्भित स्थल का स्वयं भौतिक निरीक्षण किया गया, उक्त निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी गाजियाबाद  अभिनव गोपाल, उपायुक्त उद्योग श्रीनाथ पासवान, उप महाप्रबंधक उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण निर्माण खंड प्रथम गाजियाबाद श्री रघुनंदन सिंह, क्षेत्रीय प्रबंधक उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण गाजियाबाद  प्रदीप सत्यार्थी, अधीक्षण अभियंता, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, औद्योगिक इकाई कार्बन कॉन्टिनेंटल एवं औद्योगिक संगठन के प्रतिनिधियों के साथ वस्तु स्थिति की जानकारी ली गई। 

जिलाधिकारी गाजियाबाद द्वारा साउथ साइड जीटी रोड औद्योगिक क्षेत्र को जोड़ने वाले एनएचएआई कट के विषय में संबंधित औद्योगिक संगठन के अध्यक्ष  हरिओम चौहान एवं भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारियों के साथ कट का भौतिक निरीक्षण किया गया तथा औद्योगिक क्षेत्र में जा रहे नालों का भौतिक निरीक्षण कर उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण के अधिकारियों को आवश्यक कार्यवाही हेतु निर्देशित किया व भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारियों को उक्त कट को आवश्यकतानुसार व्यवस्थित करने हेतु निर्देशित किया गया। उक्त के उपरांत जिलाधिकारी गाजियाबाद द्वारा बुलंदशहर रोड औद्योगिक क्षेत्र में सड़कों पर अवैध रूप से खड़े वाहनों ट्रैकों एवं अवैध अतिक्रमण के कारण लगने वाले जाम की समस्या के दृष्टिगत रोड का स्थलीय निरीक्षण किया गया।

श्रीरामचरितमानस अखंड पाठ का भावपूर्ण समापन, संत भंडारे के साथ मनाया गया श्री स्वामी शुकदेवानन्द सरस्वती जी महाराज का 60वां महानिर्वाण महोत्सव

 


                      विषेश संवाददाता

श्रीरामचरितमानस का समापन पर विशाल संत भंडारा का आयोजन

अनन्त श्री विभूषित श्री मत्परमहंस श्रोत्रिय ब्रह्मनिष्ठ महामण्डलेश्वर श्री स्वामी शुकदेवानन्द सरस्वती जी महाराज का 60 वां महानिर्वाण महोत्सव आषाढ़ शुक्ल पूर्णिमा से श्रावण कृष्ण पंचमी तक श्रीरामचरितमानस का षड् दिवसीय सामूहिक संगीतमय अखंड पाठ का समापन

महामंडलेश्वर स्वामी श्री असंगानन्द सरस्वती जी और स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी के आशीर्वाद स स्वामी ज्योतिर्मयानन्द जी, स्वामी सनातन तीर्थ जी, स्वामी केशवानन्द जी, स्वामी गंगेश्वरानन्द जी, स्वामी कृष्णानन्द जी, स्वामी ब्रह्म चैतन्य जी का पावन सान्निध्य


ऋषिकेश । आषाढ़ शुक्ल पूर्णिमा से श्रावण कृष्ण पंचमी तक आयोजित षड्िदवसीय संगीतमय श्रीरामचरितमानस अखंड पाठ का समापन एक भव्य व भावमय संत भंडारे के साथ संपन्न हुआ। यह पावन आयोजन परम पूज्य अनन्त श्री विभूषित श्रीमत्परमहंस श्रोत्रिय ब्रह्मनिष्ठ महामण्डलेश्वर श्री स्वामी शुकदेवानन्द सरस्वती जी महाराज के 60वें महानिर्वाण महोत्सव के अवसर पर आयोजित किया गया।

पूज्य स्वामी शुकदेवानन्द सरस्वती जी महाराज महाज्ञानी संत महापुरूष थे, वे सनातन धर्म की दिव्य परंपरा के एक अद्भुत स्तंभ थे। उनका संपूर्ण जीवन भारतीय    संस्कृति, वेद-वेदान्त और भगवद्भक्ति को समर्पित रहा। आज भी उनकी शिक्षाएं और आशीर्वाद श्रद्धालुओं के जीवन को आलोकित कर रहे हैं।

उनका संदेश जल में नाव रहे तो कोई हानि नहीं, पर नाव में जल नहीं रहना चाहिये, इसी प्रकार साधक संसार में रहे तो कोई हानि नहीं, परन्तु साधक के भीतर संसार नहीं रचना चाहिये।

श्रीरामचरितमानस के इस सामूहिक अखंड पाठ में बड़ी संख्या में संत, विद्वान और श्रद्धालु एकत्र हुए। संगीतमय पाठ की सुमधुर ध्वनि से पूरे वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से युक्त कर दिया। श्रीरामचरितमानस एक महाग्रंथ है जो भारतीय जनमानस की आत्मा है। उसमें भक्ति है, नीति है, नीति में जीवन-दर्शन और जीवन में लोककल्याण का संदेश भी समाहित है।

स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि श्रीरामचरितमानस, संस्कारों का अमृत है। श्रीरामचरितमानस का पाठ एक दिव्य संस्कार है। मानस हमें मर्यादा, सेवा, प्रेम, त्याग, और संपूर्ण जीवन की शुचिता का संदेश देती है। 


महानिर्वाण महोत्सव न केवल एक पुण्यस्मरण है, बल्कि उस दिव्य ज्योति को प्रणाम करने का अवसर है, जिन्होंने अनगिनत आत्माओं को आत्मज्ञान और शांति की दिशा दिखाई। 

इस अवसर पर भव्य संत भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं ने संतों की सेवा कर पुण्य लाभ अर्जित किया। यह भंडारा अन्न सेवा की उस परंपरा का स्मरण था जिसमें अतिथि और संत को नारायण के रूप में सेवा देने की भावना रही है।

श्री रामचरितमानस के माध्यम से युवा पीढ़ी में जीवन मूल्य संप्रेषित होते हैं। जब समाज दिशाहीन हो रहा हो, तब श्रीराम जी के आदर्श और मानस का प्रकाश एक अमिट मार्गदर्शक है।

श्रीरामचरितमानस का यह भव्य अखंड पाठ और संत भंडारा एक ऐसा पुण्य अवसर बना, जिसमें श्रद्धा, सेवा, भक्ति और आत्मचिंतन की सरिता एक साथ बही। इस आयोजन के माध्यम से पूज्य शुकदेवानन्द जी महाराज को श्रद्धांजलि दी और उनके आदर्शों को अपनाने और सनातन धर्म की महिमा ये जीवन को प्रकाशित करने का संकल्प लिया।

इस पावन अवसर पर परमार्थ निकेतन के व्यवस्थापक आर ए तिवारी जी, श्री हीरालाल जी, आर के दीक्षित जी और परमार्थ निकेतन के ऋषिकुमार उपस्थित रहे।

रोजबेल पब्लिक स्कूल में शिक्षक एमएलसी श्रीचंद शर्मा ने स्कूल प्रबधंकों के साथ बैठक की

 

मुकेश गुप्ता
शिक्षक एमएलसी श्रीचंद शर्मा ने सरदार बलप्रीत सिंह को लॉ पूरी करने पर बधाई दी

सरदार बलप्रीत सिंह को एमएलसी चुनाव की लाइनपार क्षेत्र की अहम जिम्मेदारी भी सौंपी 

गाजियाबादः विजयनगर स्थित रोजबेल पब्लिक स्कूल में स्कूल प्रबंधकों की बैठक हुई। बैठक में एमएलसी शिक्षक श्रीचंद शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। एमएलसी शिक्षक श्रीचंद शर्मा का स्कूल के चेयरमैन सरदार जोगेंद्र सिंह, प्रधानाचार्य धर्मजीत कौर व डायरेक्टर सरदार यशमीत सिंह ने स्वागत किया। एमएलसी शिक्षक श्रीचंद शर्मा ने बैठक में मौजूद विभिन्न स्कूलों के प्रबंधकों के साथ स्कूलों की विभिन्न समस्याओं को लेकर चर्चा की और कहा कि स्कूलों की सभी समस्याओं के समाधान के लिए प्रयास जारी हैं। 

उन्होंने स्कूल के डायरेक्टर, भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के महानगर अध्यक्ष व अखिल भारतीय व्यापार मंडल के प्रदेश चेयरमैन सरदार बलप्रीत सिंह को चुनाव को लेकर लाइनपार क्षेत्र के स्कूलों की समस्याओं की जानकारी लेकर उन तक पहुंचाने की अहम जिम्मेदारी सौंपी ताकि समस्याओं का समाधान कराया जा सके। साथ ही लॉ पूरी करने पर सरदार बलप्रीत सिंह को बधाई भी दी।  ब्लूम पब्लिक स्कूल के चेयरमैन यशवीर नागर, एसएसके पब्लिक स्कूल के चेयरमैन गुलशन भांमरी, बाल विद्या स्कूल के संदीप शर्मा, विद्या इंटरनेशनल स्कूल के सुनील जैन, समाजसेवी अशोक मारवाह आदि भी बैठक में मौजूद रहे।

श्री धर्मार्थ सेवा समिति गाजियाबाद कें 39वें कांवड़ शिविर व अन्नपूर्णा भंडारे का श्रीमहंत नारायण गिरि ने किया शुभारंभ

 



मुकेश गुप्ता
शिवभक्तों की सेवा करने से भगवान शिव प्रसन्न होकर अपनी कृपा की बारिश करते हैं

गाजियाबादः श्री धर्मार्थ सेवा समिति गाजियाबाद द्वारा कांवड़ियों की सेवा के लिए बुधवार से 39 वां कांवड़ शिविर लगाया गया। शिविर में कांवडियों के लिए मां अन्नपूर्णा भंडारे की व्यवस्था भी की गई है। अम्मा जी मसाला उद्योग स्टील यार्ड के निकट पिलर 664 मेरठ रोड पर लगाए गए शिविर व भडारे का शुभारंभ सिद्धपीठ श्री दूधेश्वर नाथ मठ महादेव मंदिर के पीठाधीश्वर श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज, श्री पंच दशनाम जूना अखाड़े के अंतर्राष्ट्रीय प्रवक्ता व दिल्ली संत महामंडल के अध्यक्ष श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज ने किया। महाराजश्री ने कहा कि शिवभक्त कांवड़ियों की सेवा करने से वहीं फल प्राप्त होता है, जो भगवान शिव की पूजा-अर्चना से होता है। कांवड़िएं हरिद्वार, ऋषिकेश ही नहीं नीलकंठ व गंगोत्री तक से नंगे पैर पैदल ही गंगाजल लाकर उससे श्रावण शिवरात्रि पर भगवान का जलाभिषेक करते हैं। ऐसे शिवभक्तों की सेवा करने वालों पर भगवान शिव अपनी विशेष कृपा करते हैं। श्री धर्मार्थ सेवा समिति गाजियाबाद द्वारा लगातार 39 वर्ष से शिवभक्तों की सेवा की जा रही है, जिससे अन्य संस्थाएं भी प्रेरणा ले रही हैं और कांवड़ शिविर लगा रही हैं। प्राचीन देवी मंदिर द्वारका पुरी दिल्ली गेट के महंत गिरिशानंद गिरि महाराज ने कहा कि शिविर संचालकों पर भगवान शिव की कृपा हमेशा बनी रहेगी। भाजपा के महानगर अध्यक्ष मयंक गोयल ने शिविर संचालकों को शिवभक्तों की सेवा के लिए शिविर लगाने के लिए बधाई दी। संरक्षक सुनील कुमार गुप्ता व संयोजक नरेंद्र गुप्ता ने बताया कि शिविर में शिवभक्तों के लिए भोजन, स्नान, चिकित्सा, विश्राम आदि सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने कहा कि यह भगवान दूधेश्वर की कृपा व श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज की प्रेरणा व आशीर्वाद ही है कि संस्था 39 वर्ष से शिवभक्तों की सेवा कर रही है। 39 वर्ष पहले जब कोई शिविर नहीं लगता था, उस समय महाराजश्री की प्रेरणा से ही संस्था ने पहली बार शिविर लगाया और इस बार 39 वां शिविर लगाया गया है। कांग्रेस नेता सुशांत गोयल, गोपीचंद, अजमेंद्र नागर, नवनीत अग्रवाल, विनोद कुमार गोयल, सत्य प्रकाश गुप्ता, मनोज, अशोक झांव व सतपाल भाटी, मुख्य यजमान राकेश सिंघल, दीपक गुप्ता आदि भी मौजूद रहे। उदयवीर सिंह, दीपांशु गोयल, मुुकुट लाल संजय गर्ग, प्रदीप कुमार मुनेश कुमार गोयल, गौरव गोयल, अनिल गर्ग, सुनील कुमार पिंटू जीवनराम श्रीभगवान, अनिल कौशिक, अशोक कुमार कक्कू होंगे। शिविर में शिवभक्तों के लिए भोजन, स्नान, चिकित्सा, विश्राम आदि ने महाराजश्री का स्वागत अभिनंदन किया।

मंगलवार, 15 जुलाई 2025

श्री धर्मार्थ सेवा समिति गाजियाबाद कें कांवड़ शिविर व अन्नपूर्णा भंडारे का 16 जुलाई को श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज शुभारंभ करेंगे

 

मुकेश गुप्ता

महाराजश्री की प्रेरणा से समिति 39 वर्ष से कांवड़ शिविर का आयोजन कर रही है

गाजियाबादः श्री धर्मार्थ सेवा समिति गाजियाबाद द्वारा कैलाशवासी भगवान शिव की अनुकम्पा व दूधेश्वर नाथ मठ महादेव मंदिर के पीठाधीश्वर श्रीमहंत नारायण गिरि महाराजए श्री पंच दशनाम जूना अखाड़े के अंतर्राष्ट्रीय प्रवक्ता व दिल्ली संत महामंडल के अध्यक्ष श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज की प्रेरणा से इस वर्ष भी शिवभक्त कांवड़ियों की सेवा के लिए कांवड़ शिविर लगाया जाएगा। साथ ही मां अन्नपूर्णा का भंडारा भी लगाया जाएगा। कांवड़ शिविर व मां अन्नपूर्णा के भंडारे का शुभारंभ बुधवार 16 जुलाई को श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज करेंगे। शिविर व भंडारा  अम्मा जी मसाला उद्योग स्टील यार्ड के निकट पिलर 664 मेरठ रोड पर लगाया जाएगा। श्री पंच दशनाम जूना अखाडा के सचिव व प्राचीन देवी मंदिर के महंत गिरिशानंद गिरि का सानिध्य भी रहेगा। मुख्य अतिथि पूर्व राज्यसभा सदस्य डॉ अनिल अग्रवाल, विशिष्ट अतिथि महापौर सुनीता दयाल, एमएलसी दिनेश गोयल, भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष सतेंद्र शिशोदिया, भाजपा के महानगर अध्यक्ष मयंक गोयल, सुशांत गोयल, गोपीचंद, डॉ अतुल जैन, अजमेंद्र नागर, नवनीत अग्रवाल, विनोद कुमार गोयल, सत्य प्रकाश गुप्ता, मनोज, अशोक झांव व सतपाल भाटी होंगे। मुख्य यजमान राकेश सिंघल व दीपक गुप्ता होंगे। संरक्षक सुनील कुमार गुप्ता व संयोजक   नरेंद्र गुप्ता आरती वाले हैं। स्वागतकर्ता उदययवीर सिंह, डॉ अशोक मलिक,दीपांशु गोयल, मुुकुट लाल संजय गर्ग, प्रदीप कुमार मुनेश कुमार गोयल, गौरव गोयल, अनिल गर्ग, सुनील कुमार पिंटू जीवनराम श्री भगवान, अनिल कौशिक व अशोक कुमार कक्कू होंगे। शिविर में शिवभक्तों के लिए भोजन, स्नान, चिकित्सा, विश्राम आदि सुविधाएं उपलब्ध होंगी। समिति द्वारा इस बार 39 वीं बार शिविर व भंडारे का आयोजन किया जा रहा है। श्रीमहंत नारायण गिरि महाराज जबसे श्री दूधेश्वर नाथ मठ महादेव मंदिर के पीठाधीश्वर बने हैं, तभी से शिविर व भंडारे का आयोजन किया जा रहा है। उस समय शहर में कोई शिविर नहीं लगता था और ना ही भंडारे का आयोजन होता था। महाराजश्री की प्रेरणा से ही समिति ने शिविर व भंडारे की शुरूआत की जो 39 वर्ष से निरंतर लगाया जा रहा है। नरेंद्र गुप्ता शिविर से शुरू से ही जुडे हैं और वे हर रोज सांय को श्री दूधेश्वर नाथ मंदिर में आरती कराते हैं। इसी कारण वे नरेंद्र गुप्ता आरती वालो के नाम से मशहूर हैं।

कैप्टन शुभांशु शुक्ला की सकुशल वापसी पर परमार्थ निकेतन में गूंजा भारत माता की जय का उद्घोष

 



आज की परमार्थ गंगा आरती इस ऐतिहासिक मिशन को समर्पित

ऋषिकेश, 15 जुलाई। भारत के लिए यह क्षण गौरव का, विज्ञान के लिए यह एक युगांतकारी उपलब्धि और युवाशक्ति के लिए यह प्रेरणा की पराकाष्ठा है। भारतीय मूल के अंतरिक्ष यात्री कैप्टन शुभांशु शुक्ला, जिनका 20 दिन का अंतरिक्ष अभियान भारत के लिये अत्यंत गौरव का विषय है और वे अब सकुशल पृथ्वी पर लौट आए हैं। ड्रैगन स्पेसक्राफ्ट के माध्यम से उन्होंने 23 घंटे का लंबा सफर तय कर कैलिफोर्निया के तट पर सुरक्षित लैंडिंग की।

परमार्थ निकेतन, ऋषिकेश में इस ऐतिहासिक क्षण को एक विशेष आध्यात्मिक आयाम मिला, जब परमार्थ गंगा आरती कैप्टन शुभांशु शुक्ला की सकुशल वापसी और इस मिशन की सफलता को समर्पित की गई। 

इस अवसर पर परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष, स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि यह केवल एक अंतरिक्ष यात्रा नहीं, बल्कि भारत के आत्मबल, वैज्ञानिक चेतना और युवाशक्ति का महोत्सव है। शुभांशु धरती पर उतरे हैं, पर भारत अंतरिक्ष में पहुंच गया है। आज का मिशन सिर्फ आसमान नहीं, विज्ञान और राष्ट्र के आत्मविश्वास को भी छू रहा है।

स्वामी जी ने कहा कि जिस प्रकार 1984 में विंग कमांडर राकेश शर्मा जी ने ‘सारे जहाँ से अच्छा हिंदुस्तान हमारा’ कहकर करोड़ों भारतीयों का सीना गर्व से चैड़ा किया था, आज 2025 में कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने उस गौरवगाथा को एक नवीन अध्याय प्रदान किया है।

स्वामी जी ने कैप्टन शुभांशु शुक्ला को बधाई देते हुए कहा कि इस बार कैप्टन शुभांशु पायलट बनकर गए, अगली बार वह ‘कमांडेंट’ बनकर गगनयान में नेतृत्व करेंगे। यह मिशन सीमाओं को लांघने का नहीं, बल्कि अंतरिक्ष से संवाद करने और मानवता के हित में शोध करने का मिशन है। इस गगनचुंबी उपलब्धि में 18 दिन का अंतरिक्ष प्रवास, 1.3 करोड़ किलोमीटर का अंतरिक्ष सफर, 60 से अधिक वैज्ञानिक प्रयोग और शोध निहित है तथा यह भारत की ओर से युवा वैज्ञानिक प्रतिभा का सशक्त प्रतिनिधित्व करता है।


परमार्थ निकेतन की गंगा जी की आरती में श्रद्धालुओं ने सहभाग कर कैप्टन शुभांशु जी को शुभकामनाएँ, आशीर्वाद और भारत माता की जय के नारों से नमन किया।

इस अवसर पर स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने भारत के माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा आज भारत का युवा न केवल डिजिटल क्रांति में अग्रणी है, बल्कि अब अंतरिक्ष विज्ञान में भी दुनिया को दिशा दे रहा है। यह भारत के उज्ज्वल भविष्य की तस्वीर है।

स्वामी जी ने इस मिशन को युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत बताते हुए कहा कि कैप्टन शुभांशु हर उस युवा का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं जो सीमाओं के पार अपने सपनों को उड़ान देना चाहते हैं। अंतरिक्ष से धरती पर लौटना केवल भौतिक यात्रा नहीं, आत्मबल की अभिव्यक्ति है।

यह ऐतिहासिक यात्रा इस बात का संकेत है कि भारत अब ‘स्पेस टेक्नोलॉजी’ के क्षेत्र में आत्मनिर्भर और अग्रणी राष्ट्रों की पंक्ति में खड़ा हो चुका है। गंगा आरती में सभी ऋषिकुमारों ने सामूहिक रूप से प्रार्थना की कि यह मिशन न केवल सुरक्षित रहे, बल्कि मानवता के कल्याण में नवाचार और खोजों के नए द्वार खोले। 

गंगा आरती के दौरान स्वामी जी ने कहा भारत की प्राचीन धरोहर, वैज्ञानिक दृष्टि और आध्यात्मिक ऊर्जा, सब कुछ एक साथ जब चलता है, तब ऐसे मिशन सफल होते हैं। शुभांशु जी को बारंबार शुभकामनाएं, आशीर्वाद और अभिनंदन किया। पूरा परमार्थ गंगा तट कैप्टन शुभांशु जिंदाबाद। भारत माता की जय। जय हिन्द। से गंूज उठा।