सोमवार, 3 अप्रैल 2023
पावन हृदय से भागवत कथा सुनने से करोड़ों पुण्यों का फल प्राप्त होता हैः पंडित विष्णु दत्त सरस
गजियाबादःसंजयनगर के पी ब्लॉक में आयोजित श्रीमद भागवत कथा रविवार को कलश यात्रा के साथ शुरू हो गई। कथा के पहले दिन कथा व्यास पंडित विष्णु दत्त सरस ने कहा कि भागवत पुराण कथा का श्रवण करने से जन्म-जन्मांतर के पाप भी नष्ट हो जाते हैं। सोया हुआ ज्ञान-वैराग्य भी कथा श्रवण से जाग्रत हो जाता है। भागवत कथा कल्पवृक्ष के समान है और उसका श्रवण करने से सभी इच्छाओं की पूर्ति की जा सकती है। कथा व्यास पंडित विष्णु दत्त सरस ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की रासलीला के दर्शन करने के लिए भगवान शिवजी को गोपी का रूप धारण करना पड़ा था। आज हमारे यहां भागवत रूपी रास चलता है, फिर भी मनुष्य दर्शन करने नहीं आते हैं तो इसका कारण यह है कि जिस पर स्वयं श्री हरि की कृपा होती है, उसे ही भागवत कथा का श्रवण करने का लाभ मिल पाता है। कलियुग में भागवत साक्षात श्रीहरि का रूप है। पावन हृदय से इसका स्मरण मात्र करने पर करोड़ों पुण्यों का फल प्राप्त हो जाता है। इस कथा को सुनने के लिए देवी देवता भी तरसते हैं। उन्होंने गोकर्ण-धुधंकारी प्रसंग से भक्तों का आहवान किया कि यदि दुखांें से छुटकारा पाना है तो भगवान की शरण में आना होगा। कथा से पहले कलश यात्रा पूरे पी ब्लॉक से होकर निकली। कलश यात्रा में शामिल महिलाएं सर पर कलश रखकर व कीर्तन करती हुई चल रही थीं। कथा के मुख्य यजमान प्रवीन शर्मा, प्रदीप शर्मा, दीपिका, मधु, वात्सलय शर्मा, डॉ रिशेष शर्मा, कौशल, पिंकीए मुन्नी, विमलेश, अलका, दया, अंशु दीक्षित आदि ने कथा व्यास का स्वागत किया।
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