शनिवार, 27 दिसंबर 2025

बिराज फाउंडेशन व गणेश हॉस्पिटल की पिंक सेफ्टी ड्राइव छात्राओं को साइबर सुरक्षा व आत्मरक्षा का दिया प्रशिक्षण

 


                            मुकेश गुप्ता

गाजियाबाद। बिराज फाउंडेशन और गणेश हॉस्पिटल की संयुक्त पहल पिंक सेफ्टी ड्राइव के अंतर्गत  बालिकाओं के लिए एक हाई-टेक, कंप्यूटर सेंटर में जागरूकता वर्कशॉप का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि एसबीएन ग्रुप की चेयरमैन पुष्पा रावत रहीं। वर्कशॉप का उद्देश्य महिलाओं को सुरक्षा, साइबर अपराध और डिजिटल खतरों के प्रति जागरूक कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना रहा।

वर्कशॉप में महिला सब-इंस्पेक्टर गीतिका ने छात्राओं व महिलाओं को महिला सुरक्षा, साइबर अपराध, आॅनलाइन धोखाधड़ी, फेक प्रोफाइल, आॅनलाइन स्टॉकिंग और तथाकथित डिजिटल गिरफ्तारी जैसे मामलों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अनजाने में की गई छोटी-सी लापरवाही भी बड़े साइबर अपराध का कारण बन सकती है। इससे बचाव के लिए उन्होंने मजबूत पासवर्ड के उपयोग, टू-फैक्टर आॅथेंटिकेशन, अज्ञात लिंक पर क्लिक न करने, सोशल मीडिया की प्राइवेसी सेटिंग्स सख्त रखने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी।

सब-इंस्पेक्टर गीतिका ने आत्मरक्षा के व्यावहारिक टिप्स भी साझा किए तथा आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर 112, 1091 की जानकारी देते हुए गुड टच-बैड टच के प्रति सजग रहने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि जागरूकता ही सबसे बड़ी सुरक्षा है और महिलाएं डर के बजाय जानकारी के साथ आगे बढ़ें। इस अवसर पर गणेश हॉस्पिटल की डॉ. निशा ने महिला सशक्तिकरण पर अपने विचार रखते हुए कहा कि सशक्तिकरण केवल शिक्षा या रोजगार तक सीमित नहीं है, बल्कि आत्मविश्वास, सही निर्णय लेने की क्षमता और सुरक्षा की समझ से जुड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि जब महिलाएं खुद को सुरक्षित महसूस करेंगी, तभी वे समाज और परिवार में मजबूती से आगे बढ़ सकेंगी। उन्होंने बालिकाओं से डर को छोड़कर अपनी आवाज बुलंद करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाएं और छात्राएं उपस्थित रहीं, जिन्होंने वर्कशॉप को बेहद उपयोगी और जानकारीपूर्ण बताया। आयोजकों ने बताया कि पिंक सेफ्टी ड्राइव के तहत भविष्य में भी ऐसे जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कार्यक्रम में हाई-टेक कंप्यूटर सेंटर  से नरेन्द्र दीप, निखिल शर्मा, धमेन्द्र, जितेन्द्र आदि का सहयोग रहा।  अंत में बिराज फाउंडेशन के संस्थापक बिराज सिंह ने सभी अतिथियों, वक्ताओं और प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। क

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